भारत से लेकर अरब देशों तक अलगाववादियों ने बनाई अकूत संपत्तियां, NIA जांच में हुआ खुलासा
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अलगाववादी नेताओं की नामी बेनामी संपत्ति को जब्त किया जा सकता है। नेशनल इनवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) टेरर फंडिंग मामले की जांच तीन महीने से कर रही है। इसमें यह सामने आया है कि अलगाववादियों के पास बेशुमार नामी और बेनामी संपत्ति है।
सूत्रों की मानें एनआईए ने 20 के करीब अलगाववादी नेताओं की सूची बना ली है। इसमें चारों बड़े अलगाववादी नेता शामिल हैं। इन लोगों की नामी एवं बेनामी संपत्ति का ब्यौरा तैयार कर लिया है। बताया जाता है कि इसे लेकर एनआईए ने डोजियर तैयार किया है। हालांकि, इसके बारे में अधिकारी अभी कुछ बता नहीं रहे।
इन 20 लोगों की सूची में से कुछ से पूछताछ हो चुकी है। कई और नाम हैं, जो एनआईए के रडार पर हैं। कुछ समय पहले भी जांच में सामने आया कि आल पार्टी हुर्रियत कांफ्रेंस के चेयरमैन सईद अली शाह गिलानी के पास काफी संपत्ति है। डोरू, सोपोर में दो इमारती बंगला, एक स्कूल, दिल्ली में फ्लैट आदि हैं। इसकी कीमत करोड़ों में बताई जाती है। गिलानी की बच्चों के नाम पर भी संपत्ति है।
भारत से लेकर अरब देशों तक अकूत संपत्तियां
वहीं अवामी एक्शन कमेटी के चेयरमैन मीरवाइज उमर फारूक के पास दुबई में काफी संपत्ति है, जो उनके परिवार के नाम पर है। शब्बीर शाह और यासीन मलिक जैसे नेताओं के पास भी काफी संपत्ति है। जानकारी के अनुसार तीन महीने में एनआईए ने पुंछ, राजोरी और कश्मीर के कई हिस्सों में छापेमारी की।
टेरर फंडिंग के मामले में जांच के दौरान पता चला है कि अलगाववादी नेताओं के पास बेशुमार संपत्ति है। इसकी सूची एनआईए ने तैयार कर ली है। एनफोर्समेंट डायरेक्ट्रेट को भी एनआईए ने इस मामले की जानकारी दी है।