जम्मू कश्मीर भाजपा में अपने मंत्रियों के खिलाफ असंतोष
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सत्ता में आने के तीन महीने के अंदर ही भाजपा में उभर रहे असंतोष को दबाने की कवायदें शुरू कर दी गई हैं। इसके लिए गठबंधन सरकार का ताना बाना बुनने वाले पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव सोमवार को अलग-अलग ग्रुपों के साथ बैठक कर उनकी शिकायतों को सुनेंगे तथा डैमेज कंट्रोल करेंगे।
सरकार में भाजपा कोटे से मंत्री, विधायकों, पार्टी पदाधिकारियों, कोर ग्रुप के सदस्यों तथा प्रमुख कार्यकर्ताओं के साथ राम माधव अलग-अलग मिलेंगे। पार्टी से जुड़े सूत्रों ने बताया कि कैबिनेट स्तर के दो मंत्रियों में ही खींचतान है।
उनकी आपस में नहीं बन रही है, जिसका असर सरकार के कामकाज पर पड़ रहा है। कैबिनेट की मीटिंग में भी इनके बीच तालमेल का अभाव दिखता है। इसकी शिकायत एक मंत्री ने हाईकमान से की है।
मंत्रियों की कार्यप्रणाली पर विधायकों ने उठाई अंगुली
इसके साथ ही मंत्रियों की कार्यप्रणाली पर विधायकों ने भी अंगुली उठाई है। उनका कहना है कि विधायकों की बात तथा कामकाज को तवज्जो नहीं दी जा रही है। इस वजह से क्षेत्र में काफी किरकिरी हो रही है।
सूत्रों का कहना है कि पिछले दिनों कटड़ा में रामलाल की मौजूदगी में हुई चिंतन बैठक में भी यह मुद्दा उठा था। तब इसे दबा दिया गया था। अब फिर से इसकी सुगबुगाहट शुरू होने पर शीर्ष नेतृत्व ने आपसी समन्वय स्थापित करने पर बल दिया है। सूत्रों का कहना है कि बैठक में गठबंधन सरकार की कार्यप्रणाली की भी समीक्षा होगी।
एम्स तथा तवी मुद्दे पर भी चर्चा होगी, जिसको लेकर पार्टी को नागरिकों के विरोध का सामना करना पड़ा है। दोनों दलों के बीच आपसी मतभेद के मुद्दों पर भी चर्चा होगी और कार्यकर्ताओं की आशंकाओं को दूर करने की कोशिश होगी।
हालांकि, डिप्टी सीएम डा. निर्मल सिंह का कहना है कि कार्यकर्ताओं तथा लोगों की अपेक्षाएं अधिक हैं। ऐसे में सभी को असंतुष्ट कर पाना काफी मुश्किल है। फिर भी सभी की आकांक्षाओं को पूरा करने और आम नागरिकों की सुविधाओं का ख्याल रखने की कोशिश की जा रही है।
घाटी के कार्यकर्ताओं का भी सुनेंगे दर्द
इसके साथ ही श्रीनगर के डीसी से भी मिलने का कार्यक्रम है। माना जा रहा है कि अलगाववादियों की बढ़ती गतिविधियों पर अंकुश लगाने पर चर्चा हो सकती है। इसके साथ ही उनकी राज्यपाल एनएन वोहरा से भी मुलाकात संभव है।