कश्मीर में हिंसक प्रदर्शन के बाद हजारों वाहन फंसे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उधमपुर हमले में ट्रक क्लीनर जाहिद की मौत के बाद उत्पन्न तनाव के मद्देनजर जम्मू से श्रीनगर की ओर वाहन नहीं छोड़े गए। 500 ऑयल टैंकर समेत डेढ़ हजार से अधिक छोटे-बड़े वाहन रास्ते में रुके पड़े हैं।
बस स्टैंड में भी हजारों यात्री फंसे रहे। मुगल रोड भी बारिश तथा बर्फबारी के कारण बंद है। हालात सामान्य होने पर ही वाहनों को भेजा जाएगा। हाईवे पर एक हजार से भी अधिक गाड़ियां रुकी पड़ीं हैं।
सुरक्षा की दृष्टि से व्यापक इंतजाम किए गए हैं। सोमवार को एक भी ऑयल टैंकर कश्मीर के लिए रवाना नहीं किया गया। जो टैंकर पहले से घाटी पहुंचे थे, उन्हें सुरक्षित स्थानों पर रोक लिया गया। इन टैंकरों को विशेष सुरक्षा प्रदान की गई है।
टैंकरों को रविवार देर रात ही कश्मीर से बाहर ले आया गया
वर्तमान में पांच सौ से ज्यादा ट्रक घाटी या रास्ते में रुके हुए हैं। इसके अलावा जम्मू डिपो से सोमवार को टैंकर लोड किए गए, लेकिन उन्हें घाटी के लिए रवाना नहीं किया गया।
जेएंडके ऑयल टैंकर ऑनर एसोसिएशन के प्रेसीडेंट आनन शर्मा ने बताया कि कश्मीर घाटी बंद की कॉल के मद्देनजर प्रशासन ने पहले ही एहतियात बरतते हुए जम्मू से निकले तमाम टैंकरों को उधमपुर, बनिहाल, रामसू और रामबन में रोक लिया।
कुछ टैंकरों को थानों में तो कुछ को अन्य सुरक्षित स्थानों पर रखा गया है। इसके अलावा घाटी में श्रीनगर और अन्य स्थानों पर खाली हुए टैंकरों को रविवार देर रात ही कश्मीर से बाहर ले आया गया।
शेष टैंकरों को घाटी में ही अलग-अलग स्थानों पर रोका गया है। जब तक हालात सामान्य नहीं होते, उन्हें वहां रोका जाएगा। आनन शर्मा के अनुसार जम्मू से लेकर लेह तक लगभग पांच सौ टैंकर रुके हुए हैं। इसके अलावा जम्मू डिपो में भरे हुए टैंकर खड़े हैं।
दो दिन तक कश्मीर जाने वाले वाहनों पर रोक है
ट्रक हमले में घायल क्लीनर की मौत के बाद जम्मू संभाग के चालकों में भय का माहौल है। चालकों का कहना है कि उन्हें डर है कि कहीं कश्मीर जाने पर उनके साथ मारपीट या फिर ऐसी कोई घटना न हो।
राज्य ट्रांसपोर्ट वेलफेयर एसोसिएशन के चेयरमैन टीएस वजीर का कहना है कि दो दिन तक कश्मीर जाने वाले वाहनों पर रोक है। इसके बाद हालात सामान्य हो जाएंगे। उन्हें उम्मीद है कि घृणा की घटनाएं नहीं होंगी।
वजीर ने कहा कि ऐसी घटनाओं की समाज में कोई जगह नहीं होनी चाहिए। ऐसा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। सोमवार को भी कश्मीर जाने वाले वाहन जम्मू में ही रुके रहे।