मुफ्ती के 'हुर्रियत से वार्ता' पर राजनाथ का ब्रेक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
घाटी में अमन शांति बहाली के लिए मुफ्ती के हुर्रियत से बातचीत के प्रस्ताव पर केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने ब्रेक लगा दिया है। रियासत के दो दिवसीय दौरे पर आए राजनाथ ने कहा कि अलगाववाद को किसी भी सूरत में पनपने नहीं दिया जाएगा। सरकार इनसे सख्ती से निबटेगी। राष्ट्र विरोधी गतिविधियों को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि हुर्रियत से कतई बातचीत नहीं की जाएगी। यह भी कहा कि भारत पड़ोसी मुल्कों से दोस्ताना संबंध का हिमायती है, लेकिन वह किसी की घुड़की बर्दाश्त नहीं करेगा। कहा कि पाकिस्तान के साथ भी दोस्ती चाहते हैं, लेकिन उसकी नीयत और नीति साफ होनी चाहिए।
केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार हर किसी से बात करने को तैयार है, लेकिन शर्त यह है कि राष्ट्र विरोधी गतिविधियां बंद होनी चाहिए। साथ ही इस प्रकार की गतिविधियों को बढ़ावा देने के बजाय उसे हतोत्साहित करने की दिशा में लोगों को कदम बढ़ाना चाहिए। फिलहाल केंद्र के पास हुर्रियत या अलगाववादियों से बातचीत का कोई प्रस्ताव नहीं है।
'माहौल बने तो हटेगा अफस्पा'
राजनाथ ने कहा कि सरकार का पूरा ध्यान घाटी में अमन चैन की बहाली तथा विकास पर है। इसके लिए केंद्र सरकार हर संभव कदम उठाएगी। उन्होंने कहा कि अफस्पा हटाने के संबंध में फिलहाल कोई फैसला नहीं लिया गया है। यदि माहौल सामान्य रहा तो इस पर विचार किया जाएगा। वह चाहते हैं कि देशभर से अफस्पा हटे, ऐसा माहौल बने।
रियासत में गठबंधन सरकार के सीएमपी में हुर्रियत से बातचीत तथा अफस्पा को चरणबद्ध तरीके से हटाने का एजेंडा शामिल रहा है। इसको लेकर भाजपा तथा पीडीपी की ओर से लगातार परस्पर विरोधी बयानबाजी भी होती रही है। ताजा मामले में केंद्रीय गृह मंत्री द्वारा हुर्रियत से बातचीत के प्रस्ताव को सिरे से नकारे जाने के बाद एक बार फिर सियासी सरगर्मी तेज होने के आसार हैं।
केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि गठबंधन सरकार छह साल का कार्यकाल पूरा करेगी, ऐसा विश्वास है। सरकार विकास के मुद्दे पर बनी है। दोनों दल रियासत का विकास चाहते हैं। केंद्र भी कश्मीर का विकास करने के प्रति प्रतिबद्ध है। खासकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यहां अमन और खुशहाली चाहते हैं।