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सचिवालय घेरने निकले कई छात्र हिरासत में
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जम्मू। क्लस्टर यूनिवर्सिटी के अधीन कॉलेजों में दाखिला न मिलने से भड़के छात्रों ने सोमवार को जबरदस्त प्रदर्शन किया। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद जम्मू के बैनर तले परेड कॉलेज से सचिवालय तक मार्च निकाला। सचिवालय के पास पहुंचने पर हरकत में आई पुलिस ने उन्हें रोका तो धक्का-मुक्की शुरू हो गई। इस दौरान कई छात्र घायल हो गए और कई को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। छात्रों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके साथ मारपीट की, इसमें कई छात्र चोटिल हो गए। उन्होंने नारेबाजी कर कहा, दाखिला हमारा हक है, हम लेकर रहेंगे। बाद में हिरासत में लिए चेतावनी देकर छोड़ दिया गया।
क्लस्टर यूनिवर्सिटी के अधीन आने वाले कॉलेजों में प्रथम वर्ष में प्रवेश के लिए जारी कट ऑफ काफी हाई है। 80 से 85 प्रतिशत तक अंक लाने वाले छात्रों को ही प्रवेश दिया गया है। क्लस्टर के अधीन पांच कॉलेज आते हैं, प्रति कॉलेज 1300 के करीब छात्रों को प्रवेश दिया गया है। छात्रों का कहना है कि यूनिवर्सिटी प्रशासन ने सीटों की संख्या कम कर दी है, जिसके कारण कट ऑफ काफी हाई गया और काफी संख्या में छात्रों को प्रवेश नहीं मिल पाया है। इसके विरोध में सोमवार को छात्रों ने प्रदर्शन किया। छात्रों ने सचिवालय का घेराव करने की कोशिश की जिसे पुलिस ने कुछ हद तक विफल कर दिया। छात्रों ने पुलिस के खिलाफ भी नारेबाजी की।
लगातार घटाई जा रही हैं सीटें
2017 में पांच कॉलेजों का समूह बनाकर क्लस्टर यूनिवर्सिटी बनाई गई थी। स्थापना के बाद से लगातार क्लस्टर यूनिवर्सिटी में सीटों को कम किया जाता रहा है। छात्रों ने कहा कि देश के अन्य विश्वविद्यालयों में सीटें बढ़ाई जा रही हैं, लेकिन क्लस्टर यूनिवर्सिटी में कम की जा रही है। आज छात्र अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर उतरने को मजबूर हैं। कोरोना काल में 80 प्रतिशत से कम अंक लाने पर अंक लाने के बाद भी छात्रों को प्रवेश नहीं मिल पा रहा है।
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क्लस्टर यूनिवर्सिटी के अधीन आने वाले कॉलेजों में प्रथम वर्ष में प्रवेश के लिए जारी कट ऑफ काफी हाई है। 80 से 85 प्रतिशत तक अंक लाने वाले छात्रों को ही प्रवेश दिया गया है। क्लस्टर के अधीन पांच कॉलेज आते हैं, प्रति कॉलेज 1300 के करीब छात्रों को प्रवेश दिया गया है। छात्रों का कहना है कि यूनिवर्सिटी प्रशासन ने सीटों की संख्या कम कर दी है, जिसके कारण कट ऑफ काफी हाई गया और काफी संख्या में छात्रों को प्रवेश नहीं मिल पाया है। इसके विरोध में सोमवार को छात्रों ने प्रदर्शन किया। छात्रों ने सचिवालय का घेराव करने की कोशिश की जिसे पुलिस ने कुछ हद तक विफल कर दिया। छात्रों ने पुलिस के खिलाफ भी नारेबाजी की।
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लगातार घटाई जा रही हैं सीटें
2017 में पांच कॉलेजों का समूह बनाकर क्लस्टर यूनिवर्सिटी बनाई गई थी। स्थापना के बाद से लगातार क्लस्टर यूनिवर्सिटी में सीटों को कम किया जाता रहा है। छात्रों ने कहा कि देश के अन्य विश्वविद्यालयों में सीटें बढ़ाई जा रही हैं, लेकिन क्लस्टर यूनिवर्सिटी में कम की जा रही है। आज छात्र अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर उतरने को मजबूर हैं। कोरोना काल में 80 प्रतिशत से कम अंक लाने पर अंक लाने के बाद भी छात्रों को प्रवेश नहीं मिल पा रहा है।
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