जम्मू-कश्मीरः पैंथर्स का 'बंद रहा बेअसर', प्रदेश सचिव बोले- शांतिपूर्ण प्रदर्शन को रोकना असंवैधानिक
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पैंथर्स पार्टी का जम्मू बंद का आह्वान बेअसर रहा। पार्टी ने मोबाइल इंटरनेट पर पाबंदी, नए वाहन पंजीकरण शुल्क, सरोर टोल प्लाजा सहित विभिन्न मुद्दों पर बंद का आह्वान किया था। शहर में दिन भर यातायात सामान्य रहा। व्यापारिक और शिक्षा संस्थान भी खुले रहे। वहीं, शनिवार को सुबह पुलिस प्रेस क्लब के बाहर से पार्टी अध्यक्ष बलवंत सिंह मनकोटिया को पार्टी सदस्यों से साथ पुलिस हिरासत में ले लिया गया। पार्टी चेयरमैन हर्ष देव सिंह को शुक्रवार देर रात ही नजरबंद कर लिया गया था।
शनिवार सुबह बलवंत सिंह मनकोटिया की अध्यक्षता में प्रेस क्लब के सामने एकत्रित पार्टी कार्यकर्ता ने जैसे ही विरोध रैली निकालनी चाही तो पुलिस ने उन्हें रोक लिया। इस बीच पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच हलकी धक्का-मुक्की हुई।
पुलिस ने मनकोटिया सहित पार्टी कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया। इससे पहले शुक्रवार को देर रात को पुलिस ने पार्टी चेयरमैन हर्ष देव सिंह को नजरबंद किया गया था। उधर, शहर में जम्मू बंद का असर कहीं नहीं दिखा। पार्टी ने कई संगठनों की ओर से समर्थन का दावा किया था लेकिन दिन भर यातायात सामान्य रहा है।
शांतिपूर्ण बंद को रोकना असंवैधानिक
स्कूल, कालेज और दुकानें भी खुली रहीं। शहर के बंद को लेकर किसी भी तरह को कोई रैली और सभा नहीं हुई। इस बीच नजरबंद नेता हर्षदेव से पुलिस ने किसी को मिलने नहीं दिया। देर शाम पांच बजे पुलिस ने प्रदेश अध्यक्ष और सेक्रेटरी यशपाल कुंडल को हिरासत से छोड़ दिया था।
पैंथर्स पार्टी के जम्मू बंद को पुलिस ने विफल कर दिया। पार्टी के प्रदेश सचिव कैप्टन अनिल गौर ने शनिवार को पत्रकारों से बातचीत में शांतिपूर्ण बंद को पुलिस बल से रोकने को असंवैधानिक बताया। उन्होंने कहा कि एलजी प्रशासन प्रदेश में लोगों को बुनियादी हक से वंचित रख रहा है।
प्रदेश अब तक के अपने सबसे मुश्किल दौर से गुजर रहा है। महंगाई आसान छू रही है, नए वाहन पंजीकरण के कारण लोग बाहरी राज्यों से वाहन खरीद रहे हैं। जम्मू में जगह-जगह पर टोल प्लाजा बनाकर लोगों को लूटा जा रहा है। मोबाइल इंटरनेट बंद होने से विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। व्यापारी जीएसटी रिटर्न नहीं भर पा रहे हैं।