जम्मू के वृद्धों को जल्द मिलेगा अपना आशियाना
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ओल्ड ऐज होम के बेहतर रख-रखाव के लिए विकलांग छात्रा ट्रस्ट की ओर से दायर जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट की खंडपीठ ने प्रशासन को जमीन मुहैया करवाने के आदेश दिए हैं।
जेएनएफ द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार चीफ जस्टिस एमएम कुमार और जस्टिस धीरज कुमार ठाकुर की अदालत ने याचिकाकर्ता के वकील सुनील सेठी और सीनियर एएजी गगन बसोत्रा की दलीलें सुनने के बाद जम्मू और कश्मीर संभाग के डिवीजनल कमिश्नर को कहा कि आरएस पुरा और संबूरा पंपोर में ओल्ड ऐज होम के लिए 16 कनाल जमीन चिह्नित करें।
अदालत में पेश अनुपालन रिपोर्ट में कहा गया था कि दोनों संभागों में होम के निर्माण के लिए सरकार ने जमीन खोजी है, लेकिन वह चार से छह कनाल से ज्यादा नहीं है।
जनहित याचिका पर हाइकोर्ट ने दिए निर्देश
सीनियर वकील सुनील सेठी ने अदालत में कहा कि इतनी कम जमीन में ओल्ड ऐज होम की तमाम सुविधाएं जुटाना संभव नहीं है। इसके लिए कम से कम दो एकड़ (16 कनाल) जमीन की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि होम के निर्माण के लिए केंद्र सरकार की ओर से 90 प्रतिशत ग्रांट पारित कर दी गई है और राज्य सरकार को केंद्र सरकार से फंड मांगने के लिए शर्म नहीं करनी चाहिए।
खंडपीठ ने निर्देश दिए कि सरकार सुझाए गए स्थान पर जल्द से जल्द जमीन मुहैया करवाए, ताकि होम का निर्माण शुरू किया जा सके। इस संबंध में आवश्यक कार्यवाही दो सप्ताह के अंदर की जाए।