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आलम के खिलाफ पीएसए पर महबूबा पर बरसे उमर
ब्यूरो/अमर उजाला, श्रीनगर
Updated Thu, 30 Apr 2015 11:30 AM IST
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हुर्रियत कांफ्रेंस नेता मसर्रत आलम पर पब्लिक सेफ्टी एक्ट (पीएसए) लगाने के फैसले का बचाव करने पर पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने पीडीपी प्रेसीडेंट व सांसद महबूबा मुफ्ती की निंदा की है।
उमर ने कटाक्ष करते हुए ट्विटर पर लिखा, ‘महबूबा मुफ्ती कहां हैं? टीवी कार्यक्रम में जिस शख्स को मैं देख रहा हूं, शर्तिया वह महबूबा नहीं है, जिसे मैं पिछले छह साल से जानता हूं।’
उमर ने आगे लिखा, ‘अचानक रेत पर लाल लाइनें डाल दी गईं हैं। कैसे लोग कार्यालय में बदल जाते हैं (!)।’ उल्लेखनीय है कि महबूबा ने एक टीवी चैनल पर मसर्रत आलम को फिर से पीएसए के तहत गिरफ्तार करने के रियासती सरकार के फैसले का बचाव किया था।
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उनका कहना था कि लश्कर प्रमुख हाफिज सईद के समर्थन वाले कार्यों से जम्मू-कश्मीर का माहौल खराब हुआ है। महबूबा जब विपक्ष में थीं तो उन्होंने पीएसए को लोकतंत्र में ‘काला धब्बा’ करार दिया था।
महबूबा ने आगामी पर्यटन सीजन को ध्यान में रखते हुए कहा कि कश्मीर आर्थिक बोझ से उबरने के क्रम में है। मसर्रत आलम जैसे लोग इस रिकवरी में खतरनाक हैं। मसर्रत आलम रेड लाईन पार कर चुके हैं।
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उमर ने कटाक्ष करते हुए ट्विटर पर लिखा, ‘महबूबा मुफ्ती कहां हैं? टीवी कार्यक्रम में जिस शख्स को मैं देख रहा हूं, शर्तिया वह महबूबा नहीं है, जिसे मैं पिछले छह साल से जानता हूं।’
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उमर ने आगे लिखा, ‘अचानक रेत पर लाल लाइनें डाल दी गईं हैं। कैसे लोग कार्यालय में बदल जाते हैं (!)।’ उल्लेखनीय है कि महबूबा ने एक टीवी चैनल पर मसर्रत आलम को फिर से पीएसए के तहत गिरफ्तार करने के रियासती सरकार के फैसले का बचाव किया था।
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उनका कहना था कि लश्कर प्रमुख हाफिज सईद के समर्थन वाले कार्यों से जम्मू-कश्मीर का माहौल खराब हुआ है। महबूबा जब विपक्ष में थीं तो उन्होंने पीएसए को लोकतंत्र में ‘काला धब्बा’ करार दिया था।
महबूबा ने आगामी पर्यटन सीजन को ध्यान में रखते हुए कहा कि कश्मीर आर्थिक बोझ से उबरने के क्रम में है। मसर्रत आलम जैसे लोग इस रिकवरी में खतरनाक हैं। मसर्रत आलम रेड लाईन पार कर चुके हैं।