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मंत्री के जवाब से असंतुष्ट नेकां सदस्यों का विधान परिषद से वाकआउट
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
Updated Tue, 31 Jan 2017 08:24 PM IST
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विधान परिषद में हंगामा
- फोटो : AMAR UJALA
किश्तवाड़ जिले में मनरेगा की राशि में ढाई करोड़ के हेरफेर और इस मामले में एफआईआर के मामले में ग्रामीण विकास राज्य मंत्री सुनील शर्मा के जवाब से असंतुष्ट होकर मंगलवार को विधान परिषद में प्रश्नकाल के दौरान नेशनल कांफ्रेंस के सभी सदस्यों ने वाकआउट कर दिया।
नेकां एमएलसी सज्जाद अहमद किचलू ने कहा कि किश्तवाड़ में मनरेगा स्कीम में ढाई करोड़ की घपलेबाजी हो चुकी है। एफआईआर लगी है, लेकिन ईमानदारी की दुहाई देने वाली सरकार और इसके मंत्रियों को कोई जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा केंद्र से ग्रामीण क्षेत्रों में एससी/एसटी लोगों के कल्याण के लिए आने वाली राशि में केवल सरकार से जुड़े सियासी दलों के लोगों को ही लाभ दिया जा रहा है।
इस मामले में राज्य मंत्री सुनील शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार ने जब पदभार संभाला, उस समय मनरेगा के क्षेत्र में काफी देनदारी थी, जिसे क्लीयर किया गया है। उन्होंने कहा ग्राम सभा में जो धांधली हुई है, उस पर एफआईआर हुई है। यह सरकार के कार्य को ही दर्शाता है।
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इस मामले में विभागीय जांच कमेटी बनाई जाएगी और जो भी दोषी पाया, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। इस मामले में नेकां सदस्य हाउस कमेटी के गठन पर जोर देने लगे। चेयरमैन हाजी अनायत अली की ओर से इस संबंध में इंकार करने पर उन्होंने वाकआउट कर दिया।
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नेकां एमएलसी सज्जाद अहमद किचलू ने कहा कि किश्तवाड़ में मनरेगा स्कीम में ढाई करोड़ की घपलेबाजी हो चुकी है। एफआईआर लगी है, लेकिन ईमानदारी की दुहाई देने वाली सरकार और इसके मंत्रियों को कोई जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा केंद्र से ग्रामीण क्षेत्रों में एससी/एसटी लोगों के कल्याण के लिए आने वाली राशि में केवल सरकार से जुड़े सियासी दलों के लोगों को ही लाभ दिया जा रहा है।
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इस मामले में राज्य मंत्री सुनील शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार ने जब पदभार संभाला, उस समय मनरेगा के क्षेत्र में काफी देनदारी थी, जिसे क्लीयर किया गया है। उन्होंने कहा ग्राम सभा में जो धांधली हुई है, उस पर एफआईआर हुई है। यह सरकार के कार्य को ही दर्शाता है।
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इस मामले में विभागीय जांच कमेटी बनाई जाएगी और जो भी दोषी पाया, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। इस मामले में नेकां सदस्य हाउस कमेटी के गठन पर जोर देने लगे। चेयरमैन हाजी अनायत अली की ओर से इस संबंध में इंकार करने पर उन्होंने वाकआउट कर दिया।