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उदासीनता : धूल खा रहा 17.5 लाख की लागत से बना टूरिस्ट कैफेटेरिया
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कुपवाड़ा स्थित बंगस घाटी की तलहटी में बना टूरिस्ट कैफेटेरिया।
- फोटो : kupwara news
कुपवाड़ा। उत्तरी कश्मीर के कुपवाड़ा ज़िले में बंगस घाटी की तलहटी में स्थित गलगंजर, ज़चलदारा में एक पर्यटक कैफेटेरिया अधिकारियों की उपेक्षा से धूल खा रहा है। लोगों ने बताया कि पर्यटकों के लिए 17.5 लाख रुपये से बने इस विश्रामस्थल की हालत धीरे-धीरे खराब होती जा रही है।
स्थानीय निवासियों ने इस उपेक्षा पर निराशा व्यक्त की और बताया कि कैफेटेरिया का निर्माण लगभग एक दशक पहले हुआ था, लेकिन पर्यटन विभाग इसे कभी उपयोग में नहीं लाया। स्थानीय निवासी अशरफ अयूब ने कहा, जब इस कैफेटेरिया का निर्माण शुरू हुआ था, तब हमें बहुत खुशी हुई थी, हमें उम्मीद थी कि इससे क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। हालांकि, वर्षों पहले इसके पूरा होने के बावजूद, यह अज्ञात कारणों से अभी तक वीरान पड़ा है।
प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार इस परियोजना पर करीब 17.5 लाख रुपये खर्च किए गए थे। लोगों ने ने कहा कि रखरखाव के अभाव में शरारती तत्वों ने खिड़कियों और शीशों को क्षतिग्रस्त कर दिया है। अगर इसका रखरखाव और उचित उपयोग किया जाता, तो यह अच्छी स्थिति में रहता।
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हंदवाड़ा-रजवार-बंगस मार्ग के किनारे स्थित यह कैफेटेरिया, सुरम्य बंगस घाटी आने वाले पर्यटकों के लिए एक आदर्श विश्राम स्थल है। स्थानीय लोगों ने अधिकारियों से क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए इस सुविधा को बहाल करने और चालू करने के लिए तत्काल कदम उठाने का आग्रह किया है।
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स्थानीय निवासियों ने इस उपेक्षा पर निराशा व्यक्त की और बताया कि कैफेटेरिया का निर्माण लगभग एक दशक पहले हुआ था, लेकिन पर्यटन विभाग इसे कभी उपयोग में नहीं लाया। स्थानीय निवासी अशरफ अयूब ने कहा, जब इस कैफेटेरिया का निर्माण शुरू हुआ था, तब हमें बहुत खुशी हुई थी, हमें उम्मीद थी कि इससे क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। हालांकि, वर्षों पहले इसके पूरा होने के बावजूद, यह अज्ञात कारणों से अभी तक वीरान पड़ा है।
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प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार इस परियोजना पर करीब 17.5 लाख रुपये खर्च किए गए थे। लोगों ने ने कहा कि रखरखाव के अभाव में शरारती तत्वों ने खिड़कियों और शीशों को क्षतिग्रस्त कर दिया है। अगर इसका रखरखाव और उचित उपयोग किया जाता, तो यह अच्छी स्थिति में रहता।
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हंदवाड़ा-रजवार-बंगस मार्ग के किनारे स्थित यह कैफेटेरिया, सुरम्य बंगस घाटी आने वाले पर्यटकों के लिए एक आदर्श विश्राम स्थल है। स्थानीय लोगों ने अधिकारियों से क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए इस सुविधा को बहाल करने और चालू करने के लिए तत्काल कदम उठाने का आग्रह किया है।