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नायक संदीप कुमार को सैन्य सम्मान के साथ विदाई
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दोमाना। पुरखू गांव के बेटे नायक संदीप कुमार का बुधवार को सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार कर दिया गया। अंतिम यात्रा में हजारों की संख्या में स्थानीय युवाओं ने बाइक और कार रैली निकाल कर संदीप को श्रद्धांजलि अर्पित की। संदीप कुमार अमर रहे के जयकारों से पूरा इलाका गूंज उठा। संदीप की पार्थिव देह को बड़े भाई ने मुखाग्नि दी। इस दौरान वहां मौजूद हर शख्स की आंख नम थी।
पार्थिव देह घर पहुंचने पर आईटीबीपी के अधिकारियों ने मृतक के परिजनों को शव नहीं दिखाया। जब शव को शमशान घाट लाया गया तो रिश्तेदारों ने रोष प्रकट किया। इसके बाद आईटीबीपी के अधिकारियों ने संदीप का चेहरा दिखाने की अनुमति दे दी। मृतक की मां, बहन, पत्नी सहित अन्य सभी आए हुए लोगों को चेहरा दिखाया गया।
चंदनबाड़ी में हुए हादसे में गई थी सात जवानों की जान
बता दें, अमरनाथ यात्रा की ड्यूटी से मंगलवार सुबह लौट रहे भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) जवानों से भरी बस पहलगाम से छह किलोमीटर पहले चंदनबाड़ी में हादसे का शिकार हुई थी। मरने वालों में दोमाना के पुरखू कैंप के आईटीबीपी जवान संदीप कुमार सहित सात जवानों की मौत हो गई थी। संदीप के पिता कालीदास ने कहा कि अधिकारियों का कहना है कि गाड़ी की ब्रेक फेल होने से ये हादसा हुआ है लेकिन अगर ब्रेक फेल हुई थी तो गाड़ी को खाई की ओर क्यों छोड़ा गया। किसी पहाड़ से टकराकर क्यों नहीं इस हादसे को होने से रोका गया।
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संदीप परिवार में सबसे छोटे थे
बुधवार को जैसे ही नायक संदीप की पार्थिव देह गांव में पहुंची तो पूरा क्षेत्र भारत माता के जयकारों से गूंज उठा। जम्मू एयरपोर्ट से दोपहर एक बजे पार्थिव देह को घर के लिए रवाना किया गया। मृतक के परिवार और रिश्तेदारों का रो-रो कर बुरा हाल था। सुबह से ही गांव व आस पास क्षेत्र के ग्रामीण लोग पार्थिव देह के आने का इंतजार करते दिखाई दिए। आईटीबीपी जवान के अंतिम संस्कार के समय हजारों लोगों ने हिस्सा लेकर नम आंखों से विदाई दी। संदीप अपने परिवार में सबसे छोटे थे। उनसे बड़ा एक भाई और एक बहन हैं। संदीप आठ साल पहले ही आईटीबीपी की चार बटालियन में भर्ती हुआ था। दो साल पहले ही शादी हुई थी। उसका एक नौ माह का बेटा है।
गंभीर आईटीबीपी जवान एम्स ट्रामा केंद्र शिफ्ट
जम्मू। उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने राजभवन में बुधवार को डीजी सुजे लाल थायोसेन से मुलाकात कर चंदनबाड़ी बस हादसे में घायल हुए आईटीबीपी जवानों के उपचार और चिकित्सा सहायता की जानकारी ली। बताया गया कि हादसे में गंभीर रूप से घायल जवानों को उचित उपचार के लिए एम्स ट्रामा केंद्र में शिफ्ट किया गया है। इससे पहले उप राज्यपाल ने सेना अस्पताल श्रीनगर में घायलों का हाल जाना था। इस दौरान मनोज रावत एडीजी आईटीबीपी, डीआईजी आईटीबीपी रणवीर सिंह और कुलदीप द्विवेदी मौजूद रहे।
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पार्थिव देह घर पहुंचने पर आईटीबीपी के अधिकारियों ने मृतक के परिजनों को शव नहीं दिखाया। जब शव को शमशान घाट लाया गया तो रिश्तेदारों ने रोष प्रकट किया। इसके बाद आईटीबीपी के अधिकारियों ने संदीप का चेहरा दिखाने की अनुमति दे दी। मृतक की मां, बहन, पत्नी सहित अन्य सभी आए हुए लोगों को चेहरा दिखाया गया।
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चंदनबाड़ी में हुए हादसे में गई थी सात जवानों की जान
बता दें, अमरनाथ यात्रा की ड्यूटी से मंगलवार सुबह लौट रहे भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) जवानों से भरी बस पहलगाम से छह किलोमीटर पहले चंदनबाड़ी में हादसे का शिकार हुई थी। मरने वालों में दोमाना के पुरखू कैंप के आईटीबीपी जवान संदीप कुमार सहित सात जवानों की मौत हो गई थी। संदीप के पिता कालीदास ने कहा कि अधिकारियों का कहना है कि गाड़ी की ब्रेक फेल होने से ये हादसा हुआ है लेकिन अगर ब्रेक फेल हुई थी तो गाड़ी को खाई की ओर क्यों छोड़ा गया। किसी पहाड़ से टकराकर क्यों नहीं इस हादसे को होने से रोका गया।
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संदीप परिवार में सबसे छोटे थे
बुधवार को जैसे ही नायक संदीप की पार्थिव देह गांव में पहुंची तो पूरा क्षेत्र भारत माता के जयकारों से गूंज उठा। जम्मू एयरपोर्ट से दोपहर एक बजे पार्थिव देह को घर के लिए रवाना किया गया। मृतक के परिवार और रिश्तेदारों का रो-रो कर बुरा हाल था। सुबह से ही गांव व आस पास क्षेत्र के ग्रामीण लोग पार्थिव देह के आने का इंतजार करते दिखाई दिए। आईटीबीपी जवान के अंतिम संस्कार के समय हजारों लोगों ने हिस्सा लेकर नम आंखों से विदाई दी। संदीप अपने परिवार में सबसे छोटे थे। उनसे बड़ा एक भाई और एक बहन हैं। संदीप आठ साल पहले ही आईटीबीपी की चार बटालियन में भर्ती हुआ था। दो साल पहले ही शादी हुई थी। उसका एक नौ माह का बेटा है।
गंभीर आईटीबीपी जवान एम्स ट्रामा केंद्र शिफ्ट
जम्मू। उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने राजभवन में बुधवार को डीजी सुजे लाल थायोसेन से मुलाकात कर चंदनबाड़ी बस हादसे में घायल हुए आईटीबीपी जवानों के उपचार और चिकित्सा सहायता की जानकारी ली। बताया गया कि हादसे में गंभीर रूप से घायल जवानों को उचित उपचार के लिए एम्स ट्रामा केंद्र में शिफ्ट किया गया है। इससे पहले उप राज्यपाल ने सेना अस्पताल श्रीनगर में घायलों का हाल जाना था। इस दौरान मनोज रावत एडीजी आईटीबीपी, डीआईजी आईटीबीपी रणवीर सिंह और कुलदीप द्विवेदी मौजूद रहे।