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Jammu News: कैट ने की जेेकेपीएससी की आलोचना, शिक्षक की नियुक्ति रद्द
Sun, 27 Apr 2025 01:59 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Sun, 27 Apr 2025 01:59 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (कैट) जम्मू ने एक फैसले में साहिल शर्मा की शारीरिक शिक्षक की नियुक्ति को रद्द कर दिया गया है। उन्हें यह पद जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग (जेकेपीएससी) के माध्यम से मिला था।
न्यायिक सदस्य राजिंदर डोगरा और प्रशासनिक सदस्य राम मोहन जौहरी की खंडपीठ ने आवेदन की सुनवाई के दौरान यह फैसला सुनाया है। इसमें बताया कि साहिल शर्मा की ओएमआर शीट के मूल्यांकन के दौरान नियमों का उल्लंघन किया है। ओएमआर शीट पर गलत बुकलेट नंबर दर्ज किया था, जिससे वह मूल्यांकन के लिए अयोग्य हो गया।
न्यायालय ने सक्षम प्राधिकारी से आवश्यक अनुमति के बिना जल्दबाजी में किए गए इस पुनर्मूल्यांकन पर गंभीर चिंता जताई है। जेकेपीएससी की अनुशंसा के बावजूद याचिकाकर्ता की नियुक्ति में देरी हुई और विवादित मूल्यांकन प्रक्रिया के कारण साहिल शर्मा को तैनाती मिली।
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यह पता चलने पर याचिकाकर्ता ने न्यायालय में मामला दायर किया, जिसने 24 जुलाई 2023 को साहिल की नियुक्ति पर तत्काल रोक लगा दी। न्यायालय के अंतिम आदेश ने अब नियुक्ति को रद्द कर दिया है। प्रतिवादी विभाग को चार सप्ताह के भीतर सही उम्मीदवार को नियुक्ति पत्र जारी करने का निर्देश दिया है।
न्यायालय ने पीएससी को नियुक्ति के लिए याचिकाकर्ता के नाम का फिर से समर्थन करने का आदेश दिया है, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि पूरी प्रक्रिया अगले आठ सप्ताह के भीतर पूरी हो जाए।
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जम्मू। केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (कैट) जम्मू ने एक फैसले में साहिल शर्मा की शारीरिक शिक्षक की नियुक्ति को रद्द कर दिया गया है। उन्हें यह पद जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग (जेकेपीएससी) के माध्यम से मिला था।
न्यायिक सदस्य राजिंदर डोगरा और प्रशासनिक सदस्य राम मोहन जौहरी की खंडपीठ ने आवेदन की सुनवाई के दौरान यह फैसला सुनाया है। इसमें बताया कि साहिल शर्मा की ओएमआर शीट के मूल्यांकन के दौरान नियमों का उल्लंघन किया है। ओएमआर शीट पर गलत बुकलेट नंबर दर्ज किया था, जिससे वह मूल्यांकन के लिए अयोग्य हो गया।
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न्यायालय ने सक्षम प्राधिकारी से आवश्यक अनुमति के बिना जल्दबाजी में किए गए इस पुनर्मूल्यांकन पर गंभीर चिंता जताई है। जेकेपीएससी की अनुशंसा के बावजूद याचिकाकर्ता की नियुक्ति में देरी हुई और विवादित मूल्यांकन प्रक्रिया के कारण साहिल शर्मा को तैनाती मिली।
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यह पता चलने पर याचिकाकर्ता ने न्यायालय में मामला दायर किया, जिसने 24 जुलाई 2023 को साहिल की नियुक्ति पर तत्काल रोक लगा दी। न्यायालय के अंतिम आदेश ने अब नियुक्ति को रद्द कर दिया है। प्रतिवादी विभाग को चार सप्ताह के भीतर सही उम्मीदवार को नियुक्ति पत्र जारी करने का निर्देश दिया है।
न्यायालय ने पीएससी को नियुक्ति के लिए याचिकाकर्ता के नाम का फिर से समर्थन करने का आदेश दिया है, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि पूरी प्रक्रिया अगले आठ सप्ताह के भीतर पूरी हो जाए।