बीमित मकानों और वाहनों का भी मिलेगा मुआवजा
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जम्मू-श्रीनगर हाईकोर्ट की ओर से बीमा कंपनियों को बाढ़ पीड़ित व्यापारियों को बीमा योजना की 50 फीसदी राशि जारी करने का आदेश बीमित मकानों और वाहनों पर भी लागू होगा।
हाईकोर्ट की ओर से कहा गया है कि बीमा कंपनियों द्वारा बाढ़ में पूरी तरह बर्बाद हुए मकानों और अन्य ढांचों को भी आदेश के दायरे में लाना चाहिए।
चीफ जस्टिस एमएम कुमार और जस्टिस अली मोहम्मद माग्रे ने कहा कि 26 सितंबर को जारी आदेश वाहनों पर भी लागू होगा। उल्लेखनीय है कि हाईकोर्ट की ओर से 26 सितंबर को बीमा कंपनियों को आदेश जारी कर 25 लाख रुपये से अधिक के बीमा योजना वाले पीड़ितों को 95 प्रतिशत राशि और 25 लाख रुपये से कम बीमा योजना वाले पीड़ितों को 50 फीसदी बीमा राशि जारी करने के निर्देश जारी किए गए थे।
50 फीसदी राशि का भुगतान बहुत ज्यादा नहीं
हाईकोर्ट की बेंच ने बीमा कंपनियों के मामले निपटाने की रफ्तार पर भी असंतुष्टि जताई। कोर्ट की ओर से कहा गया कि इतने व्यापक स्तर पर हुए नुकसान के लिए सभी मामलों सर्वेयर नियुक्त कर क्लेम सेटल करने में बहुत साल लग जाएंगे और इस मामले में समय ही सबसे अहम पहलु है।
कोर्ट ने कहा कि कंपनियों की रिपोर्ट से हमारा मत मजबूत होता है कि प्राथमिक सर्वे रिपोर्ट आने में लंबा समय लग जाएगा। कुछ बीमा कंपनियों द्वारा याचिका को खारिज करते हुए हाईकोर्ट ने कहा कि 50 फीसदी राशि का भुगतान किसी भी रूप में ज्यादा नहीं है और कोर्ट की ओर से पहले से जारी आदेश में बदलाव की कोई गुंजाइश नहीं है।