PHE के तीनों फिल्ट्रेशन प्लांट को भारी नुकसान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तवी में बाढ़ से पीएचई विभाग के तीनों फिल्ट्रेशन प्लांटों को भारी नुकसान पहुंचा है। धोंथली फिल्ट्रेशन प्लांट की मशीनरी और ट्यूबवेलों को पहुंचे नुकसान की वजह से अभी तक प्लांट से पेयजल आपूर्ति बहाल नहीं हुई है।
सितली फिल्ट्रेशन प्लांट की तीन मोटरों में से दो मोटरों को भारी नुकसान पहुंचा है। ऐसे में इस प्लांट से क्षमता से आधी पेयजल आपूर्ति ही बहाल हो पाई है।
आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पीएचई विभाग का धोंथली फिल्ट्रेशन प्लांट में बाढ़ की वजह से मशीनरी और अन्य ढांचे को पहुंचे नुकसान की वजह से अभी तक पेयजल सप्लाई बहाल नहीं की जा सकी है।
इससे पुराने शहर के कई इलाकों में पेयजल आपूर्ति ठप पड़ी हुई है। केवल टैंकरों के माध्यम से ही पेयजल सप्लाई हो पा रही है। संकरी गलियों में रह रहे लोग पेयजल के लिए बेहाल हैं।
क्षमता से पचास फीसदी ही पेयजल आपूर्ति हो पा रही
वहीं सितली फिल्ट्रेशन प्लांट में भी मशीनरी, जिसमें मोटरें और अन्य ढांचा शामिल है, को बाढ़ की वजह से नुकसान पहुंचने से पेयजल आपूर्ति पूरी तरह से बहाल नहीं की जा सकी है। क्षमता से पचास फीसदी ही पेयजल आपूर्ति हो पा रही है।
ऐसा ही हाल बोरिया फिल्ट्रेशन प्लांट का भी है। बोरिया के पांच ट्यूबवेल में बाढ़ का पानी घुस जाने और मोटरों को नुकसान की वजह से विभाग को पेयजल आपूर्ति करने में परेशानी हो रही है। क्षमता से करीब चालीस फीसदी आपूर्ति को ही बहाल किया जा सका है।
बाढ़ की वजह से धोंथली फिल्ट्रेशन प्लांट को पहुंचे नुकसान से आपूर्ति ठप है। सितली और बोरिया फिल्ट्रेशन प्लांट से क्षमता से आधी पेयजल आपूर्ति करने में अभी कामयाबी मिली है।
मशीनरी को सुखाने के बाद मरम्मत कार्य का काम चलेगा। इस वजह से पेयजल आपूर्ति एक सप्ताह तक आंशिक रूप से प्रभावित ही रहेगी।