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कार्रवाई: अलगाववादी नेता गिलानी के पोते समेत दो को सरकारी नौकरी से किया बर्खास्त, आतंकवाद का समर्थन करने का आरोप
Sat, 16 Oct 2021 09:31 PM IST
Vikas Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: Vikas Kumar
Updated Sat, 16 Oct 2021 09:31 PM IST
सार
अलगाववादी नेता सैयद अली शाह गिलाने के पोते अनीस-उल-इस्लाम को सरकारी सेवा से बर्खास्त कर दिया है। पोते को घाटी में आतंकवाद को समर्थन देने की कीमत चुकानी पड़ी है।
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सैयद अली शाह गिलानी (फाइल फोटो)
- फोटो : PTI
विस्तार
शेर-ए-कश्मीर अंतरराष्ट्रीय अधिवेशन केंद्र श्रीनगर में शोध अधिकारी अनीस उल इस्लाम को बर्खास्त कर दिया है। वह अलगाववादी नेता सईद अली शाह गिलानी का पोता है। उप-राज्यपाल मनोज सिन्हा के निर्देश पर सामान्य प्रशासनिक विभाग ने शनिवार को इसके आदेश जारी कर दिए हैं।
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अनीस की गतिविधियों पर उपलब्ध सूचनाओं व तथ्यों व मामले की परिस्थिति पर गौर करने के बाद उसे सरकारी सेवा से बर्खास्त किया गया है। इसके अलावा डोडा जिले में तैनात सरकारी शिक्षक फारूक अहमद भट को बर्खास्त किया गया है। दोनों की गतिविधि को प्रदेश की सुरक्षा के लिए खतरा बताया गया है।
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ज्ञात हो अलगाववादी कट्टरपंथी नेता सैयद अली शाह गिलानी की मौत के बाद सोशल मीडिया पर ‘सैयद अली शाह गिलानी फोर्स’ नामक कथित आतंकी संगठन और नई आतंकी भर्ती के पोस्टर वायरल हुए थे। पोस्टर के फोटो पर आतंकी का नाम बिलाल अहमद भट लिखा हुआ था जो शोपियां का रहने वाला बताया गया था। सैयद अली शाह गिलानी फोर्स के प्रवक्ता गाजी खान ने बयान जारी कर कहा था वह गिलानी की मौत का बदला लेगा। कश्मीरी पंडितों के पुनर्वास को लेकर चेतावनी भी दी थी।
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पहली बार किसी आतंकी संगठन ने हिंदी में जारी किया था बयान
यह पहला मौका था जब किसी आतंकी संगठन ने हिंदी भाषा में बयान जारी किया था। हालांकि इसको लेकर पुलिस की ओर से कोई भी पुष्टि नहीं की गई थी कि ऐसा कोई संगठन है या नहीं।