पढ़िए, मास्टर जी पर सरकार ने कसी नकेल
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सरकारी स्कूल के शिक्षकों का ट्यूशन पढ़ाने पर सरकार ने पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया है। सरकार ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जो भी शिक्षक ट्यूशन पढ़ाते पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
प्रत्येक जिले में टीम का गठन कर कार्रवाई करने को कहा गया है। शिक्षा निदेशक जम्मू स्मिता सेठी ने मंगलवार को सभी जिलों के चीफ एजूकेशन आफिसर को निर्देश जारी किए कि सरकार ने सरकारी स्कूल के शिक्षकों द्वारा ट्यूशन पढ़ाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया है।
अब होगा औचक निरीक्षण
सरकारी आदेश के अनुसार सरकारी स्कूलों में नियुक्त प्रिंसिपल, हेडमास्टर, लेक्चरर, मास्टर, टीचर और रहबर-ए-तालीम शिक्षक ट्यूशन नहीं पढ़ाएंगे। सभी जिलों के सीईओ टीम का गठन करके इसके ऊपर पूरी नजर से रखेंगे।
सीईओ खुद भी कोचिंग सेंटर और प्राइवेट ट्यूटोरियल्स में पहुंच कर औचक निरीक्षण करेंगे। उन्होंने कहा कि इसको लेकर जिला और जोनल स्तर पर जांच टीम का गठन किया जाएगा।
सभी सीईओ तीन दिन के अंदर जांच टीम का गठन करके इसकी रिपोर्ट शिक्षा निदेशक कार्यालय में जमा करवाएंगे। सरकार ने यह निर्णय प्रिंसिपल, लेक्चरर्स, मास्टर और टीचर के प्राइवेट ट्यूशन पढ़ाने की शिकायतें मिलने के बाद लिया है। अब सरकार ट्यूशन पढ़ाने वाले शिक्षकों के साथ सख्ती से निपटेगी।