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जम्मू कश्मीर: पीडीपी के पूर्व एमएलसी सुरेंद्र चौधरी भाजपा में शामिल, बोले- ओहदा नहीं, सिर्फ सम्मान चाहिए
Tue, 05 Apr 2022 06:34 PM IST
kumar गुलशन कुमार
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: kumar गुलशन कुमार
Updated Tue, 05 Apr 2022 06:34 PM IST
सार
पीडीपी के पूर्व एमएलसी सुरेंद्र चौधरी मंगलवार को भाजपा में शामिल हो गए हैं। चौधरी ने 17 मार्च को महासचिव और संसदीय मामलों की समिति से इस्तीफा दे दिया था।
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Surendra Chaudhary
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) के पूर्व एमएलसी सुरेंद्र चौधरी ने आज अपने समर्थकों संग भाजपा का दामन थाम लिया है। जम्मू शहर के त्रिकुटा नगर स्थित पार्टी मुख्यालय में प्रभारी तरुण चुग और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष रविंद्र रैना ने उनका भाजपा में स्वागत किया। भाजपा में शामिल होने के दौरान सुरेंद्र चौधरी ने कहा कि वह वहां (पीडीपी) में रहे ईमानदारी से रहे। अब भाजपा में आए हैं। उन्हें पार्टी से कोई ओहदा नहीं चाहिए। सिर्फ मान-सम्मान चाहिए।
सुरेंद्र चौधरी ने 17 मार्च 2021 को महासचिव और संसदीय मामलों की समिति से इस्तीफा दे दिया था। उस दौरान उन्होंने कहा था कि वह संगठन नहीं, सिर्फ पद ही छोड़े रहे हैं, लेकिन बाद में उन्होंने पार्टी को भी अलविदा कह दिया। बताया जाता है कि सुरेंद्र चौधीर, महबूबा मुफ्ती द्वारा राजनीतिक सलाहकार समिति में कुछ खास लोगों को प्राथमिकता दिए जाने के चलते नाराज थे। चौधरी, राजौरी जिले के नौशेरा में प्रभाव रखते हैं। वह यहां से पीडीपी व बीएसपी के टिकट पर चुनाव भी लड़ चुके हैं। ऐसे में उनके भाजपा में आने से पार्टी को राजौरी जिले में मजबूती मिलेगी।
तब उन्होंने कहा था कि पीडीपी भूमाफिया और ड्राइंग रूम राजनेताओं की पार्टी बन गई है, जो खुद ही अहम फैसले ले रहे हैं। उन्होंने पार्टी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती को आड़े हाथ लेते हुए उन पर अपने पिता मुफ्ती मोहम्मद सईद के एजेंडे से भटक कर काम करने के आरोप लगाए थे। सुरेंद्र चौधरी ने तब कहा था कि आज पीडीपी जम्मू-कश्मीर में अपनी पहचान को ढूंढने का काम कर रही है।
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सुरेंद्र चौधरी ने 17 मार्च 2021 को महासचिव और संसदीय मामलों की समिति से इस्तीफा दे दिया था। उस दौरान उन्होंने कहा था कि वह संगठन नहीं, सिर्फ पद ही छोड़े रहे हैं, लेकिन बाद में उन्होंने पार्टी को भी अलविदा कह दिया। बताया जाता है कि सुरेंद्र चौधीर, महबूबा मुफ्ती द्वारा राजनीतिक सलाहकार समिति में कुछ खास लोगों को प्राथमिकता दिए जाने के चलते नाराज थे। चौधरी, राजौरी जिले के नौशेरा में प्रभाव रखते हैं। वह यहां से पीडीपी व बीएसपी के टिकट पर चुनाव भी लड़ चुके हैं। ऐसे में उनके भाजपा में आने से पार्टी को राजौरी जिले में मजबूती मिलेगी।
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तब उन्होंने कहा था कि पीडीपी भूमाफिया और ड्राइंग रूम राजनेताओं की पार्टी बन गई है, जो खुद ही अहम फैसले ले रहे हैं। उन्होंने पार्टी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती को आड़े हाथ लेते हुए उन पर अपने पिता मुफ्ती मोहम्मद सईद के एजेंडे से भटक कर काम करने के आरोप लगाए थे। सुरेंद्र चौधरी ने तब कहा था कि आज पीडीपी जम्मू-कश्मीर में अपनी पहचान को ढूंढने का काम कर रही है।
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