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किसान-वैज्ञानिक संवाद: लैवेंडर और लेमन ग्रास की खेती के बारे में किया गया जागरूक
Sat, 12 Jun 2021 04:53 PM IST
प्रशांत कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Sat, 12 Jun 2021 04:53 PM IST
सार
जिला विकास आयुक्त ने किसानों को जिले में इस परियोजना को सफल बनाने में जिला प्रशासन की ओर से पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।
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लेमन ग्रास
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
जम्मू संभाग के उधमपुर जिले में सुगंधित फसलों जैसे लेमन ग्रास और लैवेंडर की खेती शुरू करने के प्रयास के लिए शुक्रवार को डीसी कार्यालय के सम्मेलन हॉल में एटीएमए-एसएमएई 2021-22 के तहत सीएसआईआर-आईआईआईएम जम्मू के सहयोग से एक किसान-वैज्ञानिक संवाद का आयोजन किया गया। इस अवसर पर जिला विकास आयुक्त उधमपुर इंदु कंवल चिब मुख्य अतिथि थे। किसान-वैज्ञानिकों के संवाद में जिले के विभिन्न हिस्सों से 50 किसानों ने हिस्सा लिया।
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किसानों के साथ बातचीत करते हुए, सीएसआईआर-आईआईआईएम जम्मू के वैज्ञानिकों डॉ. राजेंद्र भंवरिया, डॉ. वीपी राहुल और भूषण कुमार ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों में संभावित सुगंधित फसलों जैसे लैवेंडर और लेमन ग्रास की आधुनिक खेती के बारे में बताया।
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उन्होंने दोनों फसलों की खेती की तकनीक की विस्तृत जानकारी दी। मुख्य कृषि अधिकारी एससी शर्मा ने जिले में सुगंधित फसलों के दायरे और महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने किसानों को बताया जिले के विभिन्न हिस्सों में सुगंधित फसलों की खेती करने की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने अधिकारियों को इस क्षमता का उपयोग करने के लिए क्लस्टर आधार पर प्रगतिशील किसानों की पहचान करने के निर्देश दिए।
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जिला विकास आयुक्त इंदु कंवल चिब ने जिला रियासी की सुगंधित फसलों के बारे में अपना अनुभव साझा किया और किसानों से इस उद्यम को बड़े पैमाने पर करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि इससे पहले उधमपुर से सटे जिला रियासी में अच्छे परिणाम मिले हैं।