जम्मू-कश्मीर: कुलगाम में मुठभेड़ खत्म, 1 जवान शहीद, 4 नागिरकों की मौत, 50 घायल
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दक्षिणी कश्मीर के कुलगाम जिले में आतंकियों के साथ मुठभेड़ में बुधवार को एक जवान शहीद हो गया। दो अन्य जवान घायल हुए हैं। इस दौरान क्रास फायरिंग में चार पत्थरबाज भी मारे गए। आतंकियों को भाग निकलने में मदद के लिए आस-पास के इलाकों के लोगों ने सुरक्षा बलों पर भारी पथराव किया।
हिंसक प्रदर्शनों में 60 से अधिक लोग घायल हुए हैं। लगभग 17 घंटे तक चली मुठभेड़ में सुरक्षा बलों को आतंकियों को मार गिराने में सफलता नहीं मिली। माना जा रहा है कि प्रदर्शनों का फायदा उठाते हुए आतंकी मौके से भाग निकले। आपरेशन में एक मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है, जबकि दो मकानों में गोलीबारी से आग लगने के चलते नुकसान पहुंचा है।
आतंकियों का पता लगाने के लिए हेलीकाप्टर तथा ड्रोन का भी इस्तेमाल किया गया। पूरे इलाके में तनाव को देखते हुए स्कूल कालेज बंद कर दिए गए। बनिहाल से श्रीनगर के बीच रेल सेवाएं भी स्थगित कर दी गईं। मोबाइल इंटरनेट की स्पीड घटा दी गई।
जिले के खुडवानी इलाके के वानी मोहल्ला में आतंकियों की मौजूदगी की सूचना पर मंगलवार की देर रात लगभग 12 बजे सुरक्षा बलों ने सर्च आपरेशन चलाया। घेरा सख्त होता देख शब्बीर अहमद वानी के घर में छिपे आतंकियों ने फायरिंग शुरू कर दी।
इस पर सुरक्षा बलों ने भी जवाबी कार्रवाई की और मुठभेड़ शुरू हो गई। इस दौरान आतंकियों की गोली लगने से आंध्र प्रदेश निवासी सेना का जवान एसएस गुनाकर राव गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तत्काल श्रीनगर के 92 बेस अस्पताल में पहुंचाया गया, जहां उसने दम तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि घिरे आतंकियों में लश्कर के खुडवानी के बिन यामिन व एजाज मकरू शामिल थे। यामिन सात महीने तथा एजाज एक साल पहले लश्कर में सक्रिय हुआ था।
मुठभेड़ शुरू होते ही भारी संख्या में लोगों ने मौके पर पहुंचकर सुरक्षा बलों पर पथराव शुरू कर दिया। हिंसक भीड़ को हटाने के लिए सुरक्षा बलों को आंसू गैस के गोले दागने पड़े। इस पर भी स्थिति नियंत्रित नहीं हुई तो पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया। फायरिंग तक करनी पड़ी।
इलाके में भड़की हिंसा 4 की मौत
मुठभेड़ के दौरान आतंकियों के बचाने के लिए स्थानीय युवा सड़क पर उतर आए और सुरक्षाबलों पर पथराव शुरू कर दिया। इलाके में बढ़ते हिंसक प्रदर्शन को काबू करने के लिए सुरक्षाबलों ने भी आंसू गैस के साथ पेलेट गन का भी इस्तेमाल किया।
बताया जा रहा है कि इस हिंसक प्रदर्शन में 4 स्थानीय लोगों की मौत हो गई है। पुलिस के अनुसार क्रास फायरिंग में सरजील शेख (खुडवानी), बिलाल अहमद तांत्रे (फ्रीजल), फैजल इलाही (मलहूरा शोपियां) व एजाज अहमद पला (मूल निवासी बटपोरा नागबल, वर्तमान पता तुलखान, बिजबिहाड़ा) की मौत हो गई।
मुठभेड़ स्थल पर देर शाम तक प्रदर्शन चलते रहे। सूत्रों ने बताया कि सुरक्षा बलों की ओर मलबे को हटाकर तलाशी ली गई, लेकिन किसी भी आतंकी का शव बरामद नहीं हो सका। इसके बाद शाम लगभग पांच बजे आपरेशन समाप्त कर दिया गया।
श्रीनगर सहित कई इलाकों में प्रदर्शन, एसएचओ बारामुला घायल
मुठभेड़ में चार पत्थरबाजों के मारे जाने की खबर मिलते ही श्रीनगर सहित कई अन्य इलाकों में प्रदर्शन शुरू हो गए। श्रीनगर में स्कूली छात्र-छात्राओं ने सुरक्षा बलों पर भारी पथराव किया। पथराव कर रही स्कूली छात्रों की भीड़ को हटाने के लिए सुरक्षा बलों ने आंसू गैस के गोले दागे।
पीपर शेेल भी चलाया। इससे पूरे लाल चौक तथा रेजीडेंसी रोड इलाके में चारों ओर धुआं ही धुआं दिख रहा था। उत्तरी कश्मीर के बारामुला में भी डिग्री कालेज के छात्रों ने भारी पथराव किया। इस दौरान एसएचओ खालिद अहमद सिर में चोट लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें श्रीनगर रेफर किया गया। कश्मीर विश्वविद्यालय के छात्रों के साथ ही हंदवाड़ा तथा बांदीपोरा में भी प्रदर्शन हुए।
मुठभेड़ शुरू होते ही कुलगाम और अनंतनाग जिलों में मोबाइल इंटरनेट सेवाएं सस्पेंड कर दी गई हैं। इसके अलावा एहतियाती तौर पर श्रीनगर-बनिहाल मार्ग पर ट्रेन सेवा को भी स्थागित कर दिया है। हालांकि, श्रीनगर-बारामूला मार्ग पर ट्रेनों का सामान्य रूप से संचालन किया जा रहा है। कुलगाम जिले में प्रशासन की ओर से सभी स्कूल-कॉलेजों को भी बंद रखने का निर्देश दिया गया है।
#JammuAndKashmir: Mobile internet services suspended in Kulgam and Anantnag districts of South Kashmir following the encounter at Kulgam. Train services on Srinagar-Banihal route suspended as a precautionary measure. However, trains to ply normally on Srinagar-Baramulla route
— ANI (@ANI) April 11, 2018
यासीन मलिक हिरासत में
मुठभेड़ के दौरान चार पत्थरबाजों के मारे जाने के विरोध में जुलूस निकालने की कोशिश में जेकेएलएफ प्रमुख यासीन मलिक को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। वह अबी गुजर स्थित कार्यालय से समर्थकों के साथ लाल चौक की ओर जुलूस की शक्ल में बढ़ रहे थे तभी पुलिस ने उन्हें रोक लिया।