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राम - रावण के संवाद से गूंजने लगा दीवान मंदिर
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दीवान मंदिर में नाटकर मंचन करते कलाकार।
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जम्मू। नवरात्र शुरू होने के साथ ही शहर में रामलीला का मंचन शुरू हो जाएगा। शहर में मुख्य रूप से दीवान मंदिर और बिल्लू मंदिर पंजतीर्थी में रामलीला का मंचन किया जाता है। इन दिनों दीवान मंदिर में रामलीला की रिहर्सल चल रही है। मंदिर में राम-रावण के संवाद गूंजते सुनाई दे रहे हैं।
दीवान मंदिर में रामलीला का आयोजन आजादी के पहले से होता आ रहा है। जहां पर ओम प्रकाश और केएल सहगल जैसे कलाकारों ने रामलीला में किरदार निभाया है। रामलीला में स्थानीय कलाकारों के पास अभिनय का प्रदर्शन करने का भी मौका मिलता है। इन दिनों मंदिर में रामलीला की रिहर्सल चल रही है। कलाकार अपने-अपने रोल में एक दूसरे से संवाद करते दिखते हैं। वहीं रामलीला के सेट की भी तैयारियां चल रही हैं। सुंदर और आकर्षक लाइटिंग से मंच सजाया जा रहा है। मंदिर मेें दिनभर कलाकारों का जमावड़ा रहता है। पहले नवरात्र से मंदिर में प्रतिदिन रामलीला का मंचन किया जाएगा। इस बार राम का किरदार रवि शर्मा, लक्ष्मण सुभाष जमवाल, सीता अर्चना शर्मा व रावण संजीव कैरणी निभाएंगे।
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‘भयंकर भूल’ धार्मिक नाटक का मंचन
जम्मू। दीवान मंदिर में रविवार को कृष्ण-अर्जुन पर आधारित नाटक ‘भयंकर भूल’ का मंचन हुआ। नाटक में गालव ऋ षि गंगा नदी में सूर्य को अर्घ्य देते हुए ध्यान में बैठे हैं। तभी आकाश से जा रहे चित्रसेन के पान का थूक ऋ षि पर गिर जाता है। इस पर ऋ षि क्रोधित होते हैं, परंतु उन्होंने उसे श्राप नहीं दिया, क्याेंकि उनका तप भंग हो सकता था। इसके बाद वह श्रीकृष्ण के पास गए और अपना व्यथा सुनाई। श्रीकृष्ण ने चित्रसेन को मारने की प्रतिज्ञा ली। दूसरी ओर अपनी गलती से अनजान चित्रसेन अपने कक्ष में आराम कर रहा था। इस बात का पता जब नारद को चला तो उन्होंने उसे संकेत दे दिया कि उसकी मृत्यु समीप है। नारद से मिले संकेत पर चित्रसेन घबरा गया और मदद की गुहार लगाने लगा। तब नारद उसे सुभद्रा से मिलने को कहते हैं। इस पर सुभद्रा अर्जुन को सारी कहानी बताती हैं और उनसे चित्रसेन की रक्षा करने को कहती हैं। बाद में नारद इसमें शिव और ब्राह्मा को शामिल कर को कहते हैं। दोनों के युद्ध से समस्त ब्रह्मांड खतरे में पड़ जाएगा। बाद में ऋषि गालव चित्रसेन को थूके जाने पर क्षमा कर देते हैं। नाटक में अजय बाबा, पवन शर्मा, राजेंद्र कुमार, श्रुति शर्मा, शशि भूषण, अनिल भट्ट व अन्य ने अभिनय किया। ब्यूरो
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दीवान मंदिर में रामलीला का आयोजन आजादी के पहले से होता आ रहा है। जहां पर ओम प्रकाश और केएल सहगल जैसे कलाकारों ने रामलीला में किरदार निभाया है। रामलीला में स्थानीय कलाकारों के पास अभिनय का प्रदर्शन करने का भी मौका मिलता है। इन दिनों मंदिर में रामलीला की रिहर्सल चल रही है। कलाकार अपने-अपने रोल में एक दूसरे से संवाद करते दिखते हैं। वहीं रामलीला के सेट की भी तैयारियां चल रही हैं। सुंदर और आकर्षक लाइटिंग से मंच सजाया जा रहा है। मंदिर मेें दिनभर कलाकारों का जमावड़ा रहता है। पहले नवरात्र से मंदिर में प्रतिदिन रामलीला का मंचन किया जाएगा। इस बार राम का किरदार रवि शर्मा, लक्ष्मण सुभाष जमवाल, सीता अर्चना शर्मा व रावण संजीव कैरणी निभाएंगे।
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‘भयंकर भूल’ धार्मिक नाटक का मंचन
जम्मू। दीवान मंदिर में रविवार को कृष्ण-अर्जुन पर आधारित नाटक ‘भयंकर भूल’ का मंचन हुआ। नाटक में गालव ऋ षि गंगा नदी में सूर्य को अर्घ्य देते हुए ध्यान में बैठे हैं। तभी आकाश से जा रहे चित्रसेन के पान का थूक ऋ षि पर गिर जाता है। इस पर ऋ षि क्रोधित होते हैं, परंतु उन्होंने उसे श्राप नहीं दिया, क्याेंकि उनका तप भंग हो सकता था। इसके बाद वह श्रीकृष्ण के पास गए और अपना व्यथा सुनाई। श्रीकृष्ण ने चित्रसेन को मारने की प्रतिज्ञा ली। दूसरी ओर अपनी गलती से अनजान चित्रसेन अपने कक्ष में आराम कर रहा था। इस बात का पता जब नारद को चला तो उन्होंने उसे संकेत दे दिया कि उसकी मृत्यु समीप है। नारद से मिले संकेत पर चित्रसेन घबरा गया और मदद की गुहार लगाने लगा। तब नारद उसे सुभद्रा से मिलने को कहते हैं। इस पर सुभद्रा अर्जुन को सारी कहानी बताती हैं और उनसे चित्रसेन की रक्षा करने को कहती हैं। बाद में नारद इसमें शिव और ब्राह्मा को शामिल कर को कहते हैं। दोनों के युद्ध से समस्त ब्रह्मांड खतरे में पड़ जाएगा। बाद में ऋषि गालव चित्रसेन को थूके जाने पर क्षमा कर देते हैं। नाटक में अजय बाबा, पवन शर्मा, राजेंद्र कुमार, श्रुति शर्मा, शशि भूषण, अनिल भट्ट व अन्य ने अभिनय किया। ब्यूरो
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