'बिना रुके होगी अमरनाथ यात्रा, गिलानी पर कार्रवाई'
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दक्षिण कश्मीर के त्राल में कट्टर अलगाववादी हुर्रियत नेता सैयद अली शाह गिलानी और उनके समर्थकों की पाक परस्त हरकतों को रियासत की सरकार ने गंभीरता से लिया है।
मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद और उप मुख्यमंत्री डॉ. निर्मल सिंह ने साफ कर दिया है कि इस मामले में सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। दोनों ने यह भी दो टूक कह दिया है कि अमरनाथ यात्रा की अवधि को कम करने का कोई सवाल ही नहीं उठता।
गिलानी की त्राल रैली में पाकिस्तानी झंडे लहराए जाने और राष्ट्र विरोधी गतिविधियों के बारे में राज्य सरकार ने रिपोर्ट तलब की है। पुलिस पाकिस्तानी झंडे लहराने वालों को चिह्नित करने में जुटी है। वीडियो फुटेज के आधार पर ऐसे लोगों को पहचानने की कोशिश हो रही है। इस मसले पर केंद्र ने भी राज्य से रिपोर्ट मांगी है।
गिलानी के खिलाफ भी कार्रवाई होगी
गुजरात दौरे पर गए मुख्यमंत्री ने अहमदाबाद में पत्रकारों से कहा कि अमरनाथ यात्रा की अवधि में कोई फेरबदल नहीं किया जाएगा। यात्रा पूरे 59 दिन तक ही चलेगी। मुफ्ती ने कहा कि पाकिस्तानी झंडे लहराने वालों के खिलाफ कार्रवाई होगी।
गिलानी के खिलाफ भी कार्रवाई होगी। कुछ लोग इस प्रकार की गतिविधियों में लिप्त हैं। मसर्रत पर कार्रवाई की याद दिलाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे सभी लोगों के विरुद्ध कार्रवाई होगी।
गिलानी द्वारा कश्मीरी पंडितों के लिए टाउनशिप बनाने का विरोध करने पर कहा उनका कहना था कि कश्मीर में मिल-जुलकर साथ रहने की संस्कृति है।
घाटी में कश्मीरी पंडितों की वापसी के लिए उनकी सरकार हर संभव प्रयास करेगी। कश्मीरी पंडित हमारी संस्कृति के अंग हैं जिसमें मिल जुलकर रहने की बात है।
घाटी में 1990 में आतंकवाद की वजह से बने माहौल में उन्हें घाटी छोड़नी पड़ी थी। उन्हें वापस लाने के लिए पूर्व में भी प्रयास किए गए थे, लेकिन सफल नहीं हो सके। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने भी इस प्रकार के प्रयास किए थे।