श्रीनगर में हिंसक प्रदर्शन, पथराव के बाद आंसू गैस के गोले दागे
- पुराने शहर के नौहट्टा इलाके में जामिया मस्जिद में जुमा की नमाज खत्म होने के बाद कई युवक सड़कों पर उतर आए
- सुरक्षा बलों पर पथराव और आंसू गैस छोड़े जाने से नौहट्टा समेत आसपास के इलाकों में तनावपूर्ण हालात पैदा हो गए।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
श्रीनगर के पुराने शहर में शुक्रवार को पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच भिड़ंत हुई। प्रदर्शनकारियों ने इस दौरान सुरक्षा बलों पर जमकर पथराव किया। स्थिति को नियंत्रण में करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले दागने पड़े। कई स्थानों पर विरोध प्रदर्शन हुए।
पुराने शहर के नौहट्टा इलाके में जामिया मस्जिद में जुमा की नमाज खत्म होने के बाद कई युवक सड़कों पर उतर आए और प्रदर्शन करने लगे। इन्होंने आजादी और पाकिस्तान के हक में नारेबाजी की।
इसके अलावा उन्होंने केंद्र सरकार विरोधी नारेबाजी भी की। एक बार फिर युवाओं ने दिल्ली में गिरफ्तार किए प्रोफेसर एसएआर गिलानी के अलावा घाटी में नजरबंद अन्य अलगाववादी नेताओं की रिहाई की मांग की। इस दौरान सुरक्षा बलों पर पथराव और आंसू गैस छोड़े जाने से नौहट्टा समेत आसपास के इलाकों में तनावपूर्ण हालात पैदा हो गए।
नौहट्टा के अलावा गोजवारा, खान्यार, सराफ कदल के साथ-साथ आसपास के इलाकों में भी प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच भिड़ंत देखने को मिली। उल्लेखनीय बात यह है कि इस दौरान कोई भी झंडा नहीं लहराया गया। काफी देर तक चले इस घमासान में किसी के भी घायल होने की कोई खबर नहीं है।
गिलानी ने प्रदर्शन का किया था आह्वान
कट्टरपंथी अलगाववादी नेता और हुर्रियत (जी) के अध्यक्ष सैयद अली शाह गिलानी ने शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद शांतिपूर्वक प्रदर्शनों का आह्वान किया था। इसके तहत हुर्रियत कार्यकर्ताओं ने श्रीनगर में कई जगहों पर प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन जेएनयू मामले में प्रोफेसर एसएआर गिलानी की गिरफ्तारी के साथ-साथ कश्मीरी अलगाववादी नेता शब्बीर अहमद शाह और नईम खान की लगातार नजरबंदी के विरोध में आयोजित किए गए थे।