जम्मू-कश्मीर से अफस्पा हटाने का कोई औचित्य नहीं: केजे सिंह
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सेना का मानना है कि अभी जम्मू-कश्मीर से आर्म्ड फोर्सेस स्पेशल पावर एक्ट (अफस्पा) हटाने का कोई औचित्य नहीं है। ऐसा करने से आतंकी गतिविधियों में फिर इजाफा हो सकता है।
पश्चिमी कमान के जीओसी इन सी लेफ्टिनेंट जनरल केजे सिंह ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में काफी मशक्कत के बाद घुसपैठ की कोशिशों और आतंकी गतिविधियों को काबू पाने में मदद मिली है।
अभी जम्मू-कश्मीर शांति बहाली की ओर अग्रसर है। ऐसे में यदि अफस्पा हटाया जाता है तो आतंकी और राष्ट्रविरोधी ताकतें फिर सिर उठाने में कामयाब होंगी। सिंह शनिवार को पश्चिमी कमान अलंकरण समारोह के बाद पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
कुर्बानियों के बाद आतंकवाद पर काफी हद तक नियंत्रण पाया है
कुछ राजनीतिक दलों द्वारा अफस्पा हटाने की वकालत किए जाने के संबंध में सिंह ने कहा कि उन्हें यह बात समझनी चाहिए कि यह अशांत क्षेत्र अधिनियम है जो अशांत क्षेत्रों में लागू होता है। हमने काफी कुर्बानियों के बाद आतंकवाद पर काफी हद तक नियंत्रण पाया है।
पठानकोट एयरबेस हमले में पाकिस्तान सरकार की ओर से दर्ज एफआईआर में जैश-ए-मोहम्मद सरगना मसूद अजहर का नाम शामिल नहीं किए जाने पर सिंह ने कहा कि पाकिस्तान सरकार को जो डोजियर भेजा गया है, उसमें मसूद के खिलाफ पर्याप्त सबूत हैं।
भारत सरकार पाक पर दबाव डालेगी। उन्होंने स्वीकार किया कि पठानकोट हमले के बाद उससे निपटने में कुछ मामलों में चूक हुई। लेकिन, कहा कि जिस तरह से मीडिया ने मामले को उछाला वैसा नहीं किया जाना चाहिए।
खासकर ऐसे आतंकी हमले में कम से कम 72-96 घंटे तक कार्रवाई का इंतजार करना चाहिए। मीडिया ने पठानकोट हमले में खुद आकलन शुरू कर दिया। मौके पर जो जवान डटे थे, वह राष्ट्र की सेवा में ही थे। इस घटना से हमें कुछ कमजोरियों को समझने का अवसर मिला है। इन पर खास नजर रखी जा रही है।
एलओसी पर 300 से 400 आतंकियों के मौजूद
पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) स्थित लांचिंग पैड पर घुसपैठ की फिराक में बैठे आतंकियों की संख्या पर केजे सिंह ने कहा कि आतंकियों के एलओसी पार मौजूद होने के एजेंसियों के पास इनपुट हैं।
वैसे तो संख्या कम-ज्यादा होती रहती है। वर्तमान में 300 से 400 आतंकियों के मौजूद होने के इनपुट हैं। हाफिज सईद की पठानकोट जैसे और हमले करने की धमकी पर पश्चिमी कमान प्रमुख ने कहा कि सेना किसी भी बात को नजरअंदाज नहीं कर रही है और हर परिस्थिति से निपटने को भी तैयार है। उन्होंने कहा कि आतंकी संगठन अपने अस्तित्व के लिए भी हमले करते हैं।