जम्मू-कश्मीर: एम्स विजयपुर में होंगे तीन शॉपिंग कांप्लेक्स, अस्पताल में ही मिलेंगी जरूरत की चीजें
एम्स में विभिन्न केंद्र शासित प्रदेशों और पड़ोसी राज्यों से दैनिक आधार पर सैकड़ों मरीजों के पहुंचने की संभावनाओं को देखते हुए उनके रुकने के लिए अतिरिक्त व्यवस्थाएं की जा रही हैं।
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एम्स विजयपुर में मरीजों, तीमारदारों और स्टाफ को जरूरत की चीजों के लिए अस्पताल परिसर से बाहर नहीं जाना पड़ेगा। इसके लिए एम्स में तीन शापिंग कांप्लेक्स बनाए जाएंगे। एम्स को एक टाउनशिप के रूप में स्थापित किया जा रहा है, जिसके भीतर ही सभी जरूरतें पूरी हो सकेंगी। एम्स में जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, पंजाब, हिमाचल प्रदेश से मरीजों के आने की संभावनाओं को देखते हुए ऐसी तैयारी की जा रही है। इसमें मरीजों और तीमारदारों को रुकने के लिए बेहतर शेल्टर का भी निर्माण किया जा रहा है। इसमें पावर ग्रिड कारपोरेशन ऑफ इंडिया ने सीएसआर राशि के माध्यम से अतिरिक्त नाइट शेल्टर का निर्माण करवाने की हामी भरी है, जिस पर 30 से 40 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
एम्स में करीब 40 फीसदी ढांचे का निर्माण कर लिया गया है। अगले दो से तीन माह में एक नाइट शेल्टर को तैयार कर लिया जाएगा, जिसमें 216 मरीजों और तीमारदारों को रुकने की व्यवस्था रहेगी। एम्स में विभिन्न केंद्र शासित प्रदेशों और पड़ोसी राज्यों से दैनिक आधार पर सैकड़ों मरीजों के पहुंचने की संभावनाओं को देखते हुए उनके रुकने के लिए अतिरिक्त व्यवस्थाएं की जा रही हैं। अतिरिक्त नाइट शेल्टर के साथ तीन शॉपिंग कांप्लेक्स का भी प्रावधान रखा गया है, जिसमें रेस्टोरेंट, कैफेटेरिया, ग्रॉसरी, फल की दुकानें आदि स्थापित होंगी। इसमें मरीजों को सभी जरूरी वस्तुएं एक ही जगह पर मिल सकेंगी। एम्स की विशेषताओं में अस्पताल परिसर में वैरियर मुक्त पर्यावरण दिया जाएगा।
एम्स में मरीजों की संख्या को ध्यान में रखते हुए सभी जरूरी निर्माण और प्रबंध किए जा रहे हैं। इसमें मरीजों के साथ तीमारदारों को भी बेहतर नाइट शेल्टर की सुविधाएं मुहैया करवाई जाएंगी। कार्यकारी निदेशक पावर ग्रिड कारपोरेशन आफ इंडिया से एम्स में एक नाइट शेल्टर का निर्माण करवाने का आग्रह किया गया है, जिसमें उन्होंने सीएसआर राशि के माध्यम से नाइट शेल्टर बनवाने पर सहमति जताई है। - डॉ. शक्ति गुप्ता, निदेशक, एम्स विजयपुर