दुबई में फंसे 800 कश्मीरियों ने दो निजी विमानों के लिए जुटाया धन, सरकार से मांगी घर वापसी की अनुमति
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कोरोना संक्रमण के कारण दुबई में फंसे करीब 800 कश्मीरी लोगों ने घाटी लौटने के लिए दो निजी विमानों का इंतजाम किया है। उन्होंने भारत सरकार से श्रीनगर आने देने की जल्द अनुमति का अनुरोध किया है। श्रीनगर हवाई अड्डे पर अधिकारियों ने भी बताया कि निजी विमानों के संबंध में हवाई अड्डे के अधिकारियों से संपर्क किया गया है।
हालांकि, उन्होंने बताया कि इस बारे में विदेश, रक्षा, नागर विमानन मंत्रालय, डीजीसीए और भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण यहां के नागरिक प्रशासन के साथ चर्चा कर फैसला करेगा। उन्होंने कहा कि देश में किसी भी हवाई अड्डे पर इस तरह के विमान को उतरने के लिए नागर विमानन मंत्रालय और डीजीसीए की अनुमति आवश्यक है।
दुबई में फंसे हुए कश्मीरी लोगों ने कहा है कि उन्होंने घाटी पहुंचाने के लिए केंद्र से अपील की है क्योंकि रोजगार के बिना वहां पर उन्हें बहुत परेशानी हो रही है। उनका कहना है कि कुछ लोग बहुत परेशान हैं और कुछ को चिकित्सा की भी जरूरत है। कुछ लोग वीजा से जुड़ी दिक्कतों का सामना कर रहे हैं तो कई लोगों के पास खाने-रहने के लिए कोई इंतजाम नहीं है।
फंसे हुए कश्मीरी लोगों में सज्जाद अहमद ने कहा कि सरकार के वंदे भारत मिशन के तहत दुबई से अब तक केवल एक उड़ान का संचालन हुआ है। पहली उड़ान का संचालन मई में हुआ और एक और उड़ान का संचालन 11 जून को होगा जिसके जरिये करीब 150 लोग वापस आ रहे हैं ।
उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के कारण कंपनी ने मेरा वीजा रद्द कर दिया। तीन महीने से बिना वेतन के हूं। सारी रकम खत्म हो चुकी है। एक अन्य कश्मीरी व्यक्ति ने कहा कि उनके पास आय का कोई स्रोत नहीं है और वहां पर वे कुछ कश्मीरी परिवार पर आश्रित हैं जो उन्हें खाना मुहैया करा रहे हैं।