{"_id":"5b562e084f1c1b19208b670d","slug":"31532374536-jammu-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्याड़ बाबा स्थान पर जांच को नहीं पहुंची टीम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्याड़ बाबा स्थान पर जांच को नहीं पहुंची टीम
Updated Tue, 24 Jul 2018 01:09 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रियासी। स्याड़ बाबा स्थान पर झरने के साथ गिरने वाले पत्थर की जांच करने के लिए टीम सोमवार को भी नहीं पहुंची। इस बार तहसीलदार के रियासी में नहीं होने के कारण दौरा टल गया।
15 जुलाई को हुए हादसे के बाद एक टीम का गठन किया गया था, जिसमें तहसीलदार के अलावा तीन अन्य विभागों के अधिकारियों को मौके पर जाकर सारी स्थिति के बारे में रिपोर्ट बनानी थी। सोमवार को टीम को मौके पर जाना था, लेकिन कोई भी नहीं पहुंचा।
तहसीलदार रोशन लाल बख्शी ने बताया कि सोमवार को उन्होंने अन्य लोगों के साथ जाना था, लेकिन कटड़ा कोर्ट में विभाग का एक केस होने के कारण वह स्वयं रियासी में मौजूद नहीं थे। इस कारण अन्य से संपर्क नहीं हो सका। अब मंगलवार को मौके पर जाने का प्लान बन सकता है।
विज्ञापन
गौरतलब है कि हादसे के बाद जिला प्रशासन ने स्याड़ बाबा स्थान पर झरने के पास जाने पर रोक लगाई है। इसके लिए लोहे के एंगल व पाइप लगा कर रास्ते को बंद कर दिया गया है। वीरवार को देवस्थान पर भंडारे का आयोजन होना है।
विज्ञापन
15 जुलाई को हुए हादसे के बाद एक टीम का गठन किया गया था, जिसमें तहसीलदार के अलावा तीन अन्य विभागों के अधिकारियों को मौके पर जाकर सारी स्थिति के बारे में रिपोर्ट बनानी थी। सोमवार को टीम को मौके पर जाना था, लेकिन कोई भी नहीं पहुंचा।
विज्ञापन
तहसीलदार रोशन लाल बख्शी ने बताया कि सोमवार को उन्होंने अन्य लोगों के साथ जाना था, लेकिन कटड़ा कोर्ट में विभाग का एक केस होने के कारण वह स्वयं रियासी में मौजूद नहीं थे। इस कारण अन्य से संपर्क नहीं हो सका। अब मंगलवार को मौके पर जाने का प्लान बन सकता है।
विज्ञापन
गौरतलब है कि हादसे के बाद जिला प्रशासन ने स्याड़ बाबा स्थान पर झरने के पास जाने पर रोक लगाई है। इसके लिए लोहे के एंगल व पाइप लगा कर रास्ते को बंद कर दिया गया है। वीरवार को देवस्थान पर भंडारे का आयोजन होना है।