30 हजार प्रवासी श्रमिकों को ट्रेन से घर भेजा
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घाटी से किसी तरह उधमपुर पहुंचे 30 हजार श्रमिकों को अब तक ट्रेनों से घर रवाना किया जा चुका है। रामबन, बनिहाल से राज्य परिवहन निगम की विशेष गाड़ियों से इन्हें उधमपुर पहुंचाया जा रहा है।
घाटी से दूसरे राज्यों के श्रमिकों के पहुंचने का शुरू हुआ सिलसिला सोमवार को भी जारी रहा। मौसम साफ होने के कारण सुबह से ही लोग स्टेशन पर पहुंचना शुरू हो गए। देर रात तक प्रवासी श्रमिकों का आंकड़ा तीस हजार के पार चला गया।
सोमवार को भी दो विशेष ट्रेनें रवाना की गई। इन श्रमिकों को शनिवार को भी विशेष ट्रेन से उत्तर प्रदेश और बिहार रवाना किया गया। जबकि उधमपुर से डीएमयू में इन यात्रियों को जम्मू भी भेजा गया।
उधमपुर से चलने वाली ट्रेनों से भी अलग-अलग स्थानों पर उन्हें रवाना किया गया। स्टेशन पर सुबह से ही कश्मीर से आए श्रमिकों का तांता लगना शुरू हो गया।
सोमवार को करीब सात हजार के करीब लोग स्टेशन पहुंचे
अपना बचा-खुचा सामान लेकर पहुंचे इन श्रमिकों में सबसे अधिक बिहार और उत्तर प्रदेश के हैं। रात साढ़े दस बजे विशेष डीएमयू से बचे-खुचे लोगों को जम्मू भेजा गया। इसके बाद भी लोगों का पहुंचना जारी रहा।
सोमवार को करीब सात हजार के करीब लोग स्टेशन पहुंचे। स्टेशन पर कतारें लगाकर इन लोगों को पानी व खाने का सामान मुहैया कराया गया। यात्रियों के लिए पीएचई विभाग ने टैंकर, स्वास्थ्य विभाग की ओर से मुफ्त दवाइयां भी बांटी गई।
कुछ ऐसे यात्री भी हैं जो नजदीकी स्टेशन पर उतर रहे हैं और उन्हें दूसरी ट्रेन पकड़कर अपने घर तक पहुंचना है। अगले सफर के लिए उन्हें किराया खर्च नहीं करना पड़े, इसके लिए मुफ्त टिकट बनाई जा रही है। पूरे देशभर में विशेष टिकट मान्य है।
6500 पैके खाना बांटा
हरे कृष्ण फूड फार लाइफ ने सोमवार को 65 सौ खाने के पैकेट और पांच हजार पानी की बोतलें बांटी। समाजसेवी संस्था पिछले कई दिनों से बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए खाने के पैकेट बांट रही है। दिन भर विशेष गाड़ी में खाना पहुंचाया जा रहा है। पीने के पानी के अलावा जूस व दवाइयां भी दी जा रही हैं।