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बार्डर से सटे जिलों में बनेंगे 20 हजार कम्युनिटी बंकर
ब्यूरो, अमर उजाला/श्रीनगर
Updated Sat, 04 Jun 2016 12:27 AM IST
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सीमा पर गश्त करते सेना के जवान
- फोटो : File Photo
जम्मू संभाग के बार्डर जिलों में 20125 कम्युनिटी बंकर बनाए जाएंगे। इसके लिए 1006.25 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाकर गृह मंत्रालय को सौंपा गया है। मंत्रालय ने पायलट प्रोजेक्ट के तहत तीन करोड़ रुपये से 60 कंक्रीट कम्युनिटी बंकर बनाने का प्रस्ताव मंजूर कर लिया है। इन बंकरों का निर्माण कार्य प्रगति पर है। यह जानकारी राज्य सरकार ने विधानसभा में दी।
भाजपा विधायक डा. गगन भगत के प्रश्न के लिखित जवाब में गृह मंत्री ने बताया कि आईबी तथा एलओसी के पास रहने वाले लोगों को पांच मरला जमीन सुरक्षित स्थान पर देने का प्रस्ताव राज्य विधान परिषद से नौ अप्रैल 2015 को पारित किया गया था।
लेकिन बाद में गृह मंत्रालय से चर्चा में यह महसूस किया गया कि कम्युनिटी बंकर बनाना सुरक्षित स्थान पर जगह देने से ज्यादा अच्छा विकल्प है। क्योंकि बार्डर जिले से जनसंख्या को शिफ्ट किया जाना राज्य तथा राष्ट्रीय हित में नहीं है। सदन में यह भी बताया गया कि आतंकी घटनाओं तथा क्रास बार्डर फायरिंग में मरने वाले लोगों की सहायता राशि में फर्क है।
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भाजपा विधायक डा. गगन भगत के प्रश्न के लिखित जवाब में गृह मंत्री ने बताया कि आईबी तथा एलओसी के पास रहने वाले लोगों को पांच मरला जमीन सुरक्षित स्थान पर देने का प्रस्ताव राज्य विधान परिषद से नौ अप्रैल 2015 को पारित किया गया था।
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लेकिन बाद में गृह मंत्रालय से चर्चा में यह महसूस किया गया कि कम्युनिटी बंकर बनाना सुरक्षित स्थान पर जगह देने से ज्यादा अच्छा विकल्प है। क्योंकि बार्डर जिले से जनसंख्या को शिफ्ट किया जाना राज्य तथा राष्ट्रीय हित में नहीं है। सदन में यह भी बताया गया कि आतंकी घटनाओं तथा क्रास बार्डर फायरिंग में मरने वाले लोगों की सहायता राशि में फर्क है।
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आईआर बटालियन में बार्डर युवाओं को प्राथमिकता
भारत-पाक सीमा
- फोटो : File Photo
राज्य सरकार ने गृह मंत्रालय को विस्तृत प्रस्ताव सौंपा है ताकि इस प्रकार का भेदभाव खत्म हो सके। उन्होंने बताया कि आरएस पुरा सेक्टर में कोई भी आपातकालीन शेल्टर नहीं बनाया गया है। क्रास बार्डर फायरिंग के दौरान स्थानीय लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाता है। नेकां विधायक कमल वर्मा ने भी बिश्नाह विधानसभा में पांच मरला जमीन देने का प्रश्न किया था।
बार्डर एरिया डेवलपमेंट प्रोग्राम (बीएडीपी) के तहत विभिन्न ट्रेड में रोजगार के लिए युवाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है। बीएडीपी की वार्षिक योजना में इसके लिए अलग से प्रावधान भी किया गया है।
वर्ष 2015-16 में इसके लिए 343.80 लाख रुपये का प्रावधान किया गया था। प्रधानमंत्री विशष पैकेज के तहत 5 आईआर बटालियन में भर्ती में 60 फीसदी कांस्टेबल के पद इनके लिए आरक्षित किया गया है।
बार्डर एरिया डेवलपमेंट प्रोग्राम (बीएडीपी) के तहत विभिन्न ट्रेड में रोजगार के लिए युवाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है। बीएडीपी की वार्षिक योजना में इसके लिए अलग से प्रावधान भी किया गया है।
वर्ष 2015-16 में इसके लिए 343.80 लाख रुपये का प्रावधान किया गया था। प्रधानमंत्री विशष पैकेज के तहत 5 आईआर बटालियन में भर्ती में 60 फीसदी कांस्टेबल के पद इनके लिए आरक्षित किया गया है।