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बंद नालों को खोलने को लेकर जल्द काम करेगा नगर परिषद
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उधमपुर के एमएच चौक इलाके में गंदगी से भरा और क्षतिग्रस्त हालत में मौजूद नाला
- फोटो : UDHAMPUR
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उधमपुर। शहर में वर्षों से गंदगी से भरे पड़े नालों को खोलने व मरम्मत को लेकर नगर परिषद ने प्रयास शुरू किए हैं। सभी पार्षदों से उनके वार्ड के नालों का ब्योरा मांगा जा रहा है। इसके बाद नप इसका प्रस्ताव तैयार करेगा और फंड मिलने पर इनकी मरम्मत करेगा।
शहर में जलभराव की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है। इसका सबसे बड़ा कारण ज्यादातर नालों का गंदगी से भरा होगा और क्षतिग्रस्त होना है। इनके रखरखाव और सफाई व्यवस्था की पर ध्यान न दिए जाने के कारण ज्यादातर नाले वर्षों से गंदगी से भरे पड़े हैं। जब शहर में तेज बारिश होती है तो इन इलाकों से बारिश के पानी की निकासी नहीं हो पाती है, और पानी गंदगी के साथ सड़कों व गलियों में बहने लगता है।
इससे हर बार शहरवासियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। कई बार तो नुकसान भी झेलना पड़ता है। शहर में सैरगाह रोड, एमएच चौक, कल्लर, सलाथिया चौक, बाड़यां, शिवनगर व शहर के कई हिस्सों में ज्यादातर यह परेशानी सामने आती है। एमएच चौक और कल्लर में तो बिना बारिश के भी आए दिन नालों से पानी सड़कों पर बहता रहता है। इससे शहरवासियों के साथ राहगीर भी परेशान होते हैं।
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इसको लेकर लगातार नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए जाते रहे हैं। लेकिन, अब नगर परिषद ने इसको लेकर प्रयास शुरू किए हैं। नप अध्यक्ष ने सभी पार्षदों से उनके वार्ड में मौजूद नालों का पूरा ब्योरा मांगा है। ब्योरा मिलने के बाद इसका एक प्रस्ताव तैयार कर भेजा जाएगा। जो नाले गंदगी से बंद है, उनको खोला जाएगा, और जो क्षतिग्रस्त हैं, उनकी मरम्मत की जाएगी।
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बंद नालों को खोलने को लेकर नगर परिषद गंभीरता से काम कर रही है। इस परेशानी का अब स्थायी समाधान निकालने का प्रयास होगा। इससे पहले भी प्रयास किए थे। लेकिन, फंड की कमी के कारण पूरे नहीं हो सके। इस बार जल्द प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। और, मंजूरी मिलते ही काम भी शुरू कर दिया जाएगा।
- डॉ. जोगेश्वर गुप्ता, नगर परिषद अध्यक्ष
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शहर में जलभराव की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है। इसका सबसे बड़ा कारण ज्यादातर नालों का गंदगी से भरा होगा और क्षतिग्रस्त होना है। इनके रखरखाव और सफाई व्यवस्था की पर ध्यान न दिए जाने के कारण ज्यादातर नाले वर्षों से गंदगी से भरे पड़े हैं। जब शहर में तेज बारिश होती है तो इन इलाकों से बारिश के पानी की निकासी नहीं हो पाती है, और पानी गंदगी के साथ सड़कों व गलियों में बहने लगता है।
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इससे हर बार शहरवासियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। कई बार तो नुकसान भी झेलना पड़ता है। शहर में सैरगाह रोड, एमएच चौक, कल्लर, सलाथिया चौक, बाड़यां, शिवनगर व शहर के कई हिस्सों में ज्यादातर यह परेशानी सामने आती है। एमएच चौक और कल्लर में तो बिना बारिश के भी आए दिन नालों से पानी सड़कों पर बहता रहता है। इससे शहरवासियों के साथ राहगीर भी परेशान होते हैं।
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इसको लेकर लगातार नगर परिषद की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए जाते रहे हैं। लेकिन, अब नगर परिषद ने इसको लेकर प्रयास शुरू किए हैं। नप अध्यक्ष ने सभी पार्षदों से उनके वार्ड में मौजूद नालों का पूरा ब्योरा मांगा है। ब्योरा मिलने के बाद इसका एक प्रस्ताव तैयार कर भेजा जाएगा। जो नाले गंदगी से बंद है, उनको खोला जाएगा, और जो क्षतिग्रस्त हैं, उनकी मरम्मत की जाएगी।
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बंद नालों को खोलने को लेकर नगर परिषद गंभीरता से काम कर रही है। इस परेशानी का अब स्थायी समाधान निकालने का प्रयास होगा। इससे पहले भी प्रयास किए थे। लेकिन, फंड की कमी के कारण पूरे नहीं हो सके। इस बार जल्द प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। और, मंजूरी मिलते ही काम भी शुरू कर दिया जाएगा।
- डॉ. जोगेश्वर गुप्ता, नगर परिषद अध्यक्ष