Jammu Kashmir: आज यात्रा पर निकलेगी छड़ी मुबारक, पूर्णिमा पर पहुंचेगी बाबा बर्फानी के दरबार
श्रावण पूर्णिमा (9 अगस्त) को छड़ी मुबारक बाबा अमरनाथ की पवित्र गुफा में स्थापित की जाएगी। यात्रा महादेव गिर दशनामी अखाड़ा से चार अगस्त को शुरू होगी। भारी बारिश से यात्रा मार्ग क्षतिग्रस्त होने पर आम यात्रियों की यात्रा फिलहाल स्थगित कर दी गई है।
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बाबा अमरनाथ की षटिकाएं (छड़ी मुबारक) महादेव गिर दशनामी अखाड़ा ट्रस्ट भवन स्थित श्री अमरेश्वर मंदिर में रखी हैं। सोमवार को ये यहां से बाबा बर्फानी के दरबार जाने के लिए रवाना की जाएंगी।
महंत दीपेंद्र गिरी ने बताया कि श्रावण शुक्ल पक्ष पंचमी यानि नाग पंचमी के दिन दशनामी अखाड़ा स्थित श्री अमरेश्वर मंदिर में शिव शक्ति रूपी पवित्र षटिकाओं का पूजन किया गया था। षटिकाएं यहां विराजमान हैं और भक्त इनके दर्शन के लिए आ रहे हैं।
कश्मीर में वर्ष 1989 तक हम षटिकाओं (छड़ी मुबारक) को लेकर यहां से पैदल बाबा अमरनाथ की यात्रा के लिए प्रस्थान करते थे। करीब 148 किमी की पैदल यात्रा कर पवित्र गुफा तक जाते थे। अमरनाथ यात्रा का पहला पड़ाव पांपोर में रात्रि निवास करते थे। उसके बाद बिजबिहाड़ा, अनंतनाग, अश्मुकाम, पहलगाम होते हुए जाते थे।
इस बार अब हम 4 अगस्त को यहां से प्रस्थान करेंगे। 4 और 5 अगस्त को पहलगाम में रुकेंगे। द्वादशी की रात्रि चंदनवाड़ी, त्रयोदशी की रात्रि शेषनाग, चतुर्दशी की रात्रि पंचतनी और अंतत: श्रावण पूर्णिमा की रात जो इस वर्ष 9 अगस्त को है, हम पवित्र छड़ियों को उस पवित्र गुफा में लेकर जाएंगे, जहां पर माता पार्वती के आग्रह करने पर महा शिव ने वह कथा कही जिससे जीवन और मृत्यु का जो चक्र है, उससे मुक्ति मिल जाती है।
हम 9 अगस्त की रात्रि पंचतनी में आकर रुकेंगे। 10 को पैदल चलेंगे, चंदनबाड़ी होकर रात्रि पड़ाव पहलगाम में करेंगे। द्वितीया के दिन लिद्दर नदी के किनारे पूजन और विसर्जन होगा। भोज के बाद इस साल की छड़ी मुबारक की यात्रा संपन्न हो जाएगी।
आतंकवाद के प्रति जागरूक हों लोग
महंत दीपेंद्र गिरी ने बताया कि एक समय ऐसा था जब आतंकवाद चरम पर था। पुलिस और सेना तो सुरक्षा करती ही है, शिवजी के जो भक्त हैं वह अपनी अटूट आस्था के कारण भोले के भरोसे यहां आते हैं। आज के हालात में इतनी बड़ी संख्या में श्रद्धालु आये, उन्होंने अपने भगवान में आस्था जताई और यहां के पर्यटन को भी फिर से जिंदा किया।
अब माहौल बहुत अच्छा है, वह दुखद घटना थी जिसे नहीं होना चाहिए था। मैं यहां के लोगों से भी कहना चाहता हूं कि वह भी जागरूक रहें। अगर कोई असमान्य घटना दिखे तो प्रशासन या सुरक्षा एजेंसियों को बताएं।
यात्रा स्थगित, चल रहा मरम्मत का कामअमरनाथ यात्रा को रविवार से स्थगित कर दिया गया। एक अधिकारी ने बताया कि हाल ही में हुई भारी बारिश के कारण बालटाल और नुनवान दोनों मार्गों पर ट्रैक खराब हैं। इन्हें मरम्मत और रखरखाव के कारण बंद किया गया है। रविवार से ट्रैक पर कर्मियों और मशीनों की निरंतर तैनाती के कारण, यात्रा फिर से शुरू नहीं कर पाएंगे। इसलिए दोनों मार्गों से यात्रा अब स्थगित रहेगी। यात्रा 9 अगस्त को समाप्त होनी थी।
मैं लगातार 27 साल से बाबा के दर्शन के लिए आ रहा हूं। इस बार काफी सुरक्षा है। प्रशासन की व्यवस्थाएं भी शानदार हैं। बाबा बर्फानी के दर्शन से पहले छड़ी के दर्शन के लिए उपस्थित हूं। मेरा तो जीवन ही धन्य हो गया। प्रदीप माधोराव शिवसागर, पुणे
छड़ी मुबारक के दर्शन के लिए आया था। बाबा बर्फानी में आस्था है, घर में भी एक मंदिर बना रखा है, जहां आसपास के लोग भी पूजा करने आते हैं। बारिश की वजह से यात्रा में बाधा आई है, बाबा जल्द इस संकट को भी हरेंगे। रोनित अरोड़ा, श्रीनगर
#WATCH | Srinagar, J&K: Mahant Deependra Giri, Custodian of 'Chhari Mubarak' (the holy mace of Lord Shiv) says, "...The journey begins from the Shri Amareshwar Temple located in Dashnami Akhara. Today is Dashmi, and during the night of Dashmi and Ekadashi, the journey will… https://t.co/RAOVyktE0F pic.twitter.com/GoXFQAcfCe
— ANI (@ANI) August 4, 2025