खूबसूरत कश्मीर फिर हुआ गुलजार: बेताब घाटी से लेकर कोकरनाग तक लौटी रौनक; 16 पर्यटन स्थल सैलानियों के लिए खुले
आतंकी हमले के बाद बंद किए गए कश्मीर के 48 पर्यटन स्थलों में से 16 को अब पर्यटकों के लिए दोबारा खोल दिया गया है। सुरक्षा व्यवस्था के बीच पहले ही दिन सैलानियों की अच्छी मौजूदगी देखने को मिली, जिससे स्थानीयों में खुशी की लहर है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पहलगाम में पर्यटकों पर आतंकी हमले के बाद सुरक्षा कारणों से कश्मीर के 48 पर्यटन केंद्र बंद थे। समीक्षा के बाद मंगलवार को 16 पर्यटन केंद्र खोल दिए गए। इनमें आठ पर्यटन स्थल कश्मीर संभाग के हैं। इनमें श्रीनगर के तीन, अनंतनाग के तीन और पहलगाम के दो शामिल हैं। लोगों ने इसका स्वागत करते हुए कहा कि पर्यटन स्थलों के साथ खुशियों के दरवाजे भी खुल गए हैं। इन स्थलों पर पहले दिन ही काफी पर्यटक पहुंचे।
श्रीनगर के बादामवारी पार्क के दरवाजे मंगलवार सुबह खोले गए। ताला खुलने से पहले ही काफी पर्यटक मौजूद थे। उन्होंने पार्क में सुंदर फूलों को निहारा और परिवार के साथ प्रकृति का आनंद लिया। दिल्ली से परिवार के साथ आए मोहम्मद आबिद ने कहा कि यहां आने-घूमने में कोई परेशानी नहीं हुई और कश्मीर के हालात सामान्य हैं।
उन्होंने कहा, यहां के लोग बहुत अच्छे हैं, लोगों को कश्मीर घूमने आना चाहिए। बारामुला की तबस्सुम मंजूर ने कहा कि सरकार ने पर्यटन स्थल फिर खोलकर अच्छा काम किया है। बाहर से पर्यटक आएंगे तो लोगों को खुशी होगी।निगीन में डक पार्क और हजरतबल में तकदीर पार्क भी मंगलवार को पर्यटकों के लिए खोले गए। स्थानीय लोगों के लिए ये पहले से खुले थे। तकदीर पार्क में सुबह की सैर के लिए आए गोकदल के रऊफ अहमद ने कहा कि पर्यटकों के वापस आने से स्थिति और बेहतर होगी। उन्होंने कहा, कश्मीर बहुत खूबसूरत है, लोगों को यहां आना चाहिए।
अनंतनाग के वेरीनाग, कोकरनाग और अच्छाबल पर्यटन के लिए फिर से खुले
अनंतनाग के वेरीनाग, कोकरनाग और अच्छाबल भी मंगलवार से पर्यटकों के लिए खोले गए। वेरीनाग में स्कूली बच्चों ने पर्यटकों का स्वागत किया। स्थानीय विधायक गुलाम अहमद मीर ने वेरीनाग पार्क का दौरा कर पर्यटकों से बातचीत की और सुरक्षा व पर्यटन को बढ़ावा देने की सरकारी योजनाओं की जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि खूबसूरत व खुशहाल कश्मीर की छवि फिर से स्थापित करने के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा। कोकरनाग व अच्छाबल में भी पर्यटक पहुंचे। फरीदाबाद से आए राजन सिंह ने कहा कि वे कश्मीर के बारे में काफी कुछ सुनकर आए थे, लेकिन यहां सबकुछ सामान्य लगा और सुरक्षा व्यवस्था काफी है।
कड़ी सुरक्षा के बीच बेताब घाटी पर्यटकों के लिए फिर से खुली
पहलगाम में कड़ी सुरक्षा के बीच मंगलवार को बेताब घाटी पर्यटकों के लिए खोली गई। घाटी का दरवाजा खोलने से पहले ही काफी पर्यटक मौजूद थे। दिल्ली से आए अमनप्रीत ने कहा कि बेताब घाटी देखने की बेताबी ने उन्हें यहां खींच लाया। उन्होंने कहा, यहां सुरक्षा व्यवस्था काफी है, डरने की कोई बात नहीं।
बायसरन हमला पर्यटकों को डराने की कोशिश थी, लेकिन यहां आए पर्यटकों ने साबित कर दिया कि वे आतंकियों और उनके आकाओं से नहीं डरते।" पहलगाम बाजार के पास के पार्क भी खोल दिए गए, जिससे स्थानीय लोग खुश हैं। उनका कहना है कि पर्यटन उनका कारोबार है और पर्यटकों के आने से जिंदगी में फिर रौनक आएगी।
बेताब घाटी में ड्रोन से सर्च ऑपरेशन चलाया गया और आसपास के पार्कों में भी सुरक्षा कड़ी रही। अभी यहां थोड़े ही पर्यटक आ रहे हैं, लेकिन घाटी के खुलने के बाद पर्यटकों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है।