{"_id":"61b4ed822b091a29484f8c0b","slug":"arrest-rajouri-news-jmu24964570","type":"story","status":"publish","title_hn":"अवैध रूप से चल रही दो एंबुलेंसो को एआरटीओ ने किया जब्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अवैध रूप से चल रही दो एंबुलेंसो को एआरटीओ ने किया जब्त
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राजोरी। निजी गाड़ियों के ऊपर एंबुलेंस लिख कर लोगों को लूटने के धंधे का भंडाफोड़ करते हुए एआरटीओ ने शनिवार को औचक निरीक्षण कर फर्जी तरीके से चल रही दो एंबुलेंस को जब्त किया है। सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी शम्मी शर्मा ने बताया कि कुछ दिन पहले लोगों ने जीएमसी राजोरी के प्रिंसिपल को शिकायत की थी कि कुछ प्राइवेट गाड़ियां एंबुलेंस के रूप में काम करती हैं। वह बहुत अधिक किराया वसूल कर मरीजों को यहां-वहां ले जाने का अवैध धंधा कर रही हैं।
प्रिंसिपल बृजमोहन गुप्ता ने मामले में आरटीओ को पत्र लिखा और ऐसी गाड़ियों के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा। शनिवार को एआरटीओ शम्मी शर्मा ने जीएमसी राजोरी के पास एक नाका लगाया और पाया कि 2 इको गाड़ियां जिन पर एंबुलेंस लिखा है। दोनों अवैध रूप से मरीजों को यहां-वहां ले जाने में व्यस्त मिलीं। कार्रवाई करते हुए एआरटीओ ने दोनों गाड़ियों को जब्त करके पुलिस स्टेशन भिजवा दिया और उनके मालिकों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए पुलिस को पत्र लिखा।
एआरटीओ ने बताया कि यदि कोई निजी गाड़ी को एंबुलेंस में बदलना चाहता है तो उसे निदेशक कार्यालय जम्मू से एनओसी लेनी पड़ती है, और किसी भी निजी गाड़ी को एंबुलेंस में बदलने की अनुमति सिर्फ प्राइवेट नर्सिंग होम या किसी प्राइवेट अस्पताल को होती है, लेकिन राजोरी में कुछ लोग अपनी निजी गाड़ियों पर एंबुलेंस लिखकर निजी वाहनों को एंबुलेंस के तौर पर प्रयोग करके लोगोें को लूटने का काम कर रहे हैं। एआरटीओ ने बताया कि इस तरह की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। उन्हें कहा कि अपनी निजी गाड़ियों को एंबुलेंस के रूप में प्रयोग न करें।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रिंसिपल बृजमोहन गुप्ता ने मामले में आरटीओ को पत्र लिखा और ऐसी गाड़ियों के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा। शनिवार को एआरटीओ शम्मी शर्मा ने जीएमसी राजोरी के पास एक नाका लगाया और पाया कि 2 इको गाड़ियां जिन पर एंबुलेंस लिखा है। दोनों अवैध रूप से मरीजों को यहां-वहां ले जाने में व्यस्त मिलीं। कार्रवाई करते हुए एआरटीओ ने दोनों गाड़ियों को जब्त करके पुलिस स्टेशन भिजवा दिया और उनके मालिकों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए पुलिस को पत्र लिखा।
विज्ञापन
एआरटीओ ने बताया कि यदि कोई निजी गाड़ी को एंबुलेंस में बदलना चाहता है तो उसे निदेशक कार्यालय जम्मू से एनओसी लेनी पड़ती है, और किसी भी निजी गाड़ी को एंबुलेंस में बदलने की अनुमति सिर्फ प्राइवेट नर्सिंग होम या किसी प्राइवेट अस्पताल को होती है, लेकिन राजोरी में कुछ लोग अपनी निजी गाड़ियों पर एंबुलेंस लिखकर निजी वाहनों को एंबुलेंस के तौर पर प्रयोग करके लोगोें को लूटने का काम कर रहे हैं। एआरटीओ ने बताया कि इस तरह की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। उन्हें कहा कि अपनी निजी गाड़ियों को एंबुलेंस के रूप में प्रयोग न करें।
विज्ञापन