सुरक्षा बलों पर बड़े हमले की फिराक में लश्कर कमांडर अबू दुजाना
- एके-47 लुटने वाले आतंकी को एक लाख का इनाम
- अबू कासिम की मौत के बाद लश्कर का कमांडर बना था दुजाना
- अबू दुजाना ने पाक में बैठे अपने आकाओं से फंड और हथियार की मांग की
- आतंकी जम्मू-कश्मीर या फिर अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे राज्य को बना सकते हैं निशाना
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खुफिया रिपोर्ट की माने तो कश्मीर घाटी में अपनी मौजूदगी दर्शाने के लिए लश्कर कमांडर अबू दुजाना सेना और अर्धसैनिक बलों के कैंप पर बड़े हमले की फिराक में है। खुफिया एजेंसियों ने घाटी में कुछ कॉल इंटरसेप्ट किए हैं, जिससे पता चला है कि लश्कर आतंकी सुरक्षा बलों पर हमला कर हथियारों का जखीरा लूटना चाहते हैं।
खुफिया एजेंसियों की रिपोर्ट के मुताबिक लश्कर के कमांडर अबू दुजाना ने पाक में बैठे अपने आकाओं से फंड और हथियार की मांग की है ताकि सुरक्षा बलों पर बड़ा हमला किया जा सके। आतंकी जम्मू-कश्मीर या फिर किसी और अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे राज्य को निशाना बना सकते हैं। इस बाबत खुफिया एजेंसियों ने सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क रहने को कहा है।
आतंकी संगठनों के पास हथियारों की कमी
वहीं आतंकियों के कॉल इंटरसेप्ट से खुलासा हुआ है कि आतंकी समूहों के पास बहुत कम हथियार बचे हैं। इसी वजह से आतंकी सुरक्षा बलों से हथियार लुटने की फिराक में हैं।
हाल ही में सुरक्षा बलों पर हमला करने का प्लॉन बनाने के लिए अबू दुजाना पुलवामा में अपने साथियों के साथ मीटिंग कर रहा था। इसी दौरान इस मीटिंग की खबर सेना को मिली। सेना ने तुरंत इस पर कार्रवाई करते पूरे इलाके को घेर लिया।
घंटों चली मुठभेड़ के दौरान मोस्ट वॉन्डेट आतंकी अबू ओकाशा तो मारा गया था लेकिन लश्कर कमांडर अबू दुजाना अपने साथियों के साथ बच निकलने में कामयाब हो गया था। जिसके बाद से सुरक्षा बल के जवान घाटी में कई स्थानों पर आतंकी अबू दुजाना की तलाश कर रहे हैं।
आतंक के आकाओं ने एक एके-47 हथियार लुटने वाले आतंकी को एक लाख रुपये इनाम देने की बात कही है। सेना को अबू दुजाना के साथियों अबू खालिद, अली और एहसान की भी तलाश है। इन आतंकियों के कश्मीर के किसी इलाके में छिपे होने की आशंका है।
कौन है अबू दुजाना?
करीब पांच महीने पहले घाटी में लश्कर के कमांडर अबू कासिम को सुरक्षा बलों ने ढेर कर दिया। कासिम की मौत की बाद लश्कर ने कासिम के खासा अबू दुजाना को लश्कर की बागडोर सौंपी। पिछले साल उधमपुर में बीएसएफ के काफिले पर हुए आतंकी हमले की साजिश में भी अबू दुजाना शामिल था। उसके सिर पर 8 लाख रुपये का इनाम है।