{"_id":"6647e11ee89711889c0f6a54","slug":"water-news-kathua-news-c-201-1-knt1006-109632-2024-05-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kathua News: सिंचाई के लिए पानी न मिलने पर किसानों ने जड़ा रावी तवी विभाग कार्यालय में ताला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kathua News: सिंचाई के लिए पानी न मिलने पर किसानों ने जड़ा रावी तवी विभाग कार्यालय में ताला
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हीरानगर। नहरों की सफाई न होने के कारण किसानों के खेतों तक पानी न पहुंचने पर शुक्रवार को उप मंडल के कुछ गांवों के किसानों ने रावीतवी विभाग के कार्यालय के बाहर ताला जड़कर अपना रोष व्यक्त कर प्रदर्शन किया। किसानों ने कहा कि पिछले चार वर्षों से नहरों की सफाई न होने के कारण उन्हें खेतों की सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है, जिसकी वजह से उन्हें नुकसान झेलना पड़ रहा है।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे जगदेव सिंह ने कहा कि नहरों की सफाई न होने के कारण टोकल, फलापुर, गुडा बालू आदि गांवों के किसानों को खेतों की सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है। उज्ज नहर में पानी छोड़ा गया लेकिन उससे जुड़ती छोटी नहरों में गंदगी के कारण पानी लोगों के खेतों तक नहीं पहुंचा।
उन्होंने कहा कि हर वर्ष नहरों की सफाई के नाम पर लाखों रुपये खर्च किए जाते हैं लेकिन इसके बावजूद सफाई नहीं होती है। नहर के किनारे झाड़ियाें को काटकर खानापूर्ति की जाती है लेकिन नहर के बीच सफाई नहीं की जाती। इसकी वजह से जब इनमें पानी छोड़ा जाता है तो गंदगी एक जगह इकट्ठा होने के बाद पानी आगे जाने की बजाय सड़कों पर बहना शुरू हो जाता है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि वे पहले भी कई बार इसकी शिकायत विभाग के अधिकारियों से कर चुके हैं लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद मजबूरन आज किसानों को कार्यालय के गेट पर ताला लगाना पड़ा।
किसानों के प्रदर्शन के बाद विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और उन्होंने आश्वासन दिया कि वे खुद मौके जाकर नहरों की सफाई का काम शुरू करवाएंगे। उनके आश्वासन के बाद किसानों ने गेट का ताला खोला और चेतावनी दी कि अगर विभाग के अधिकारियों ने अपना वादा पूरा नहीं किया तो इससे भी बड़ा प्रदर्शन करेंगे।
विज्ञापन
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे जगदेव सिंह ने कहा कि नहरों की सफाई न होने के कारण टोकल, फलापुर, गुडा बालू आदि गांवों के किसानों को खेतों की सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है। उज्ज नहर में पानी छोड़ा गया लेकिन उससे जुड़ती छोटी नहरों में गंदगी के कारण पानी लोगों के खेतों तक नहीं पहुंचा।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि हर वर्ष नहरों की सफाई के नाम पर लाखों रुपये खर्च किए जाते हैं लेकिन इसके बावजूद सफाई नहीं होती है। नहर के किनारे झाड़ियाें को काटकर खानापूर्ति की जाती है लेकिन नहर के बीच सफाई नहीं की जाती। इसकी वजह से जब इनमें पानी छोड़ा जाता है तो गंदगी एक जगह इकट्ठा होने के बाद पानी आगे जाने की बजाय सड़कों पर बहना शुरू हो जाता है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि वे पहले भी कई बार इसकी शिकायत विभाग के अधिकारियों से कर चुके हैं लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद मजबूरन आज किसानों को कार्यालय के गेट पर ताला लगाना पड़ा।
किसानों के प्रदर्शन के बाद विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और उन्होंने आश्वासन दिया कि वे खुद मौके जाकर नहरों की सफाई का काम शुरू करवाएंगे। उनके आश्वासन के बाद किसानों ने गेट का ताला खोला और चेतावनी दी कि अगर विभाग के अधिकारियों ने अपना वादा पूरा नहीं किया तो इससे भी बड़ा प्रदर्शन करेंगे।