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नौ माह बाद तीन ट्रेनें रुकीं कठुआ रेलवे स्टेशन पर
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24 मार्च से बंद हुई रेल सेवा मंगलवार से बहाल हो गई है। नौ माह के लंबे इंतजार के बाद मंगलवार को तीन ट्रेनें कठुआ रेलवे स्टेशन पर रुकीं। इनमें बेगमपुरा एक्सप्रेस, गोरखपुर एक्सप्रेस और मालवा एक्सप्रेस शामिल रहीं। बेगमपुरा एक्सप्रेस से कठुआ रेलवे स्टेशन पर 17 यात्री उतरे, जिनकी स्वास्थ्य विभाग की टीमों की ओर से कोरोना की जांच की गई। इसमें सभी निगेटिव पाए गए। वहीं गोरखपुर एक्सप्रेस से 37 और मालवा से 15 यात्री कठुआ रेलवे स्टेशन पर पहुंचे, जिनकी कोरोना जांच में सभी को निगेटिव पाया गया।
रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल 12 रेलगाड़ियों का परिचालन शुरू हुआ है। इसमें पहले दिन कठुआ रेलवे स्टेशन पर तीन ट्रेन रूकीं। आने वाले दिनों में चार से पांच ट्रेनों के कठुआ रेलवे स्टेशन पर रूकने की संभावना है। प्रशासन की ओर से स्थापित कोरोना जांच केंद्र में जांच के दौरान अधिकारियों ने साफ किया कि यदि कोई यात्री पॉजीटिव पाया जाता है, तो उसे होम आइसोलेट किया जाएगा। उधर, रेल से पहुंचे यात्रियों में अधिकतर श्रमिक वर्ग के लोग थे जो कोरोना महामारी के चलते व्यवसाय ठप होने पर घरों को लौट चुके थे, जो वापसी के लिए लंबा इंतजार करते रहे। उन्होंने बताया कि जुलाई माह से ही वे लोग टिकट रिजर्व करवा रहे थे, लेकिन ट्रेनों का परिचालन न होने से वो फंसकर रह गए थे। आखिरकार रेल सेवा बहाल होने से उन्हें राहत मिली है।
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रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल 12 रेलगाड़ियों का परिचालन शुरू हुआ है। इसमें पहले दिन कठुआ रेलवे स्टेशन पर तीन ट्रेन रूकीं। आने वाले दिनों में चार से पांच ट्रेनों के कठुआ रेलवे स्टेशन पर रूकने की संभावना है। प्रशासन की ओर से स्थापित कोरोना जांच केंद्र में जांच के दौरान अधिकारियों ने साफ किया कि यदि कोई यात्री पॉजीटिव पाया जाता है, तो उसे होम आइसोलेट किया जाएगा। उधर, रेल से पहुंचे यात्रियों में अधिकतर श्रमिक वर्ग के लोग थे जो कोरोना महामारी के चलते व्यवसाय ठप होने पर घरों को लौट चुके थे, जो वापसी के लिए लंबा इंतजार करते रहे। उन्होंने बताया कि जुलाई माह से ही वे लोग टिकट रिजर्व करवा रहे थे, लेकिन ट्रेनों का परिचालन न होने से वो फंसकर रह गए थे। आखिरकार रेल सेवा बहाल होने से उन्हें राहत मिली है।
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