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Kathua News: अब 700 बेड होगी जीएमसी की क्षमता
Thu, 13 Mar 2025 01:54 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Thu, 13 Mar 2025 01:54 AM IST
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कठुआ। जीएमसी कठुआ के सहायक अस्पताल की क्षमता 500 से बढ़कर 700 बेड की होने जा रही है। इसके लिए निर्माण की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
इसमें गत वर्ष से नई इमारत में स्थित इमरजेंसी ब्लॉक के तीसरे और चौथे फ्लोर को तैयार किया जा रहा है। इसमें 9.75 करोड़ की लागत से आईसीयू यूनिट, पांच नए ऑपरेशन थियेटर, दो लिफ्ट के साथ इमारत की सुरक्षा के लिए फायर फाइटिंग सिस्टम जैसी सहूलियतें तैयार की जानी है।
दरअसल, प्रदेश में पांच नए मेडिकल कॉलेजों के साथ ही जीएमसी कठुआ का काम वर्ष 2017 में शुरू हुआ था। जीएमसी में सीटों को बढ़ाए जाने के साथ ही इसके सहायक अस्पताल की क्षमता 500 बेड ही होना अनिवार्य था। ऐसे में इसके लिए यह परियोजना तैयार की गई।
जीएमसी के सहायक अस्पताल परिसर में ही 30 करोड़ की लागत से नई इमारत तैयार की गई थी। इसमें भूतल पर इमरजेंसी ब्लॉक के साथ पैथालॉजिकल व्यवस्थाओं के साथ विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्षों के कार्यालय व प्रथम तल पर मेडिसिन वार्ड के साथ सर्जरी और हाई डिपेंडेन्सी वार्ड की सुविधा गत वर्ष से शुरू हो चुकी है। अब अस्पताल में आने वाले मरीजों की संख्या को देखते हुए इमारत के दूसरे और तीसरे तल को भी विकसित करने की कवायद शुरू हो रही है।
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बता दें कि जीएमसी कठुआ के सहायक अस्पताल में 200 बेड की क्षमता बढ़ाने के लिए इमारत की नींव पूर्व राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने सितंबर 2019 में रखी थी। कोरोना महामारी के चलते यह परियोजना समय पर पूरी नहीं हो पाई थी। मगर गत वर्ष इस इमारत को फंक्शनल किया गया था। इससे इमारत के भूतल में चालीस बेड की इमरजेंसी ब्लॉक के साथ ही पहले फ्लोर पर वार्ड में मरीजों के उपचार को शुरू कर दिया गया था।
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इसमें गत वर्ष से नई इमारत में स्थित इमरजेंसी ब्लॉक के तीसरे और चौथे फ्लोर को तैयार किया जा रहा है। इसमें 9.75 करोड़ की लागत से आईसीयू यूनिट, पांच नए ऑपरेशन थियेटर, दो लिफ्ट के साथ इमारत की सुरक्षा के लिए फायर फाइटिंग सिस्टम जैसी सहूलियतें तैयार की जानी है।
दरअसल, प्रदेश में पांच नए मेडिकल कॉलेजों के साथ ही जीएमसी कठुआ का काम वर्ष 2017 में शुरू हुआ था। जीएमसी में सीटों को बढ़ाए जाने के साथ ही इसके सहायक अस्पताल की क्षमता 500 बेड ही होना अनिवार्य था। ऐसे में इसके लिए यह परियोजना तैयार की गई।
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जीएमसी के सहायक अस्पताल परिसर में ही 30 करोड़ की लागत से नई इमारत तैयार की गई थी। इसमें भूतल पर इमरजेंसी ब्लॉक के साथ पैथालॉजिकल व्यवस्थाओं के साथ विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्षों के कार्यालय व प्रथम तल पर मेडिसिन वार्ड के साथ सर्जरी और हाई डिपेंडेन्सी वार्ड की सुविधा गत वर्ष से शुरू हो चुकी है। अब अस्पताल में आने वाले मरीजों की संख्या को देखते हुए इमारत के दूसरे और तीसरे तल को भी विकसित करने की कवायद शुरू हो रही है।
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बता दें कि जीएमसी कठुआ के सहायक अस्पताल में 200 बेड की क्षमता बढ़ाने के लिए इमारत की नींव पूर्व राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने सितंबर 2019 में रखी थी। कोरोना महामारी के चलते यह परियोजना समय पर पूरी नहीं हो पाई थी। मगर गत वर्ष इस इमारत को फंक्शनल किया गया था। इससे इमारत के भूतल में चालीस बेड की इमरजेंसी ब्लॉक के साथ ही पहले फ्लोर पर वार्ड में मरीजों के उपचार को शुरू कर दिया गया था।