फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Kathua News ›   jammu kashmir news

Kathua News: हीरानगर अस्पताल में तीन स्पेशलिस्ट डॉक्टर व चार मेडिकल अफसरों के पद खाली

विज्ञापन
jammu kashmir news
कठुआ। दो सौ गांवों की डेढ़ लाख की आबादी पर स्थापित उपजिला अस्पताल हीरानगर डॉक्टरों की कमी से जूझ रहा है। बेहतर हैल्थ केयर का दम भरने वाली प्रदेश सरकार डेढ़ साल बीत जाने के बाद भी स्पेशलिस्ट डॉक्टरों की तैनाती करने में पूरे तरीके से असफल हो रही है। इसका खमियाजा स्थानीय लोगों को उठाना पड़ रहा है।
विज्ञापन


जानकारी के अनुसार वर्तमान में उपजिला अस्पताल में स्वीकृत पांच विशेषज्ञ डॉक्टर के पदों में से तीन पद खाली पड़े हुए हैं। इसमें बेहोशी, फिजिशियन और स्त्री रोग विशेषज्ञ शामिल हैं जबकि स्वीकृत 10 चिकित्सा अधिकारियों (मेडिकल ऑफिसर) के पदों में से चार रिक्त हैं। इससे स्थानीय लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। डॉक्टरों की कमी के चलते गर्भवती महिलाओं, गंभीर रूप से बीमार मरीजों और ऑपरेशन की आवश्यकता वाले रोगियों को राजकीय मेडिकल कॉलेज कठुआ और जम्मू रेफर किया जा रहा है। इससे न केवल मरीजों और उनके परिजनों को आर्थिक, बल्कि मानसिक बोझ झेलना पड़ रहा है।
विज्ञापन

वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कई सालों से प्रदेश की सरकारों ने जिस तरह से अस्पताल के ढांचागत विकास को तवज्जो दी है, उसके मुकाबले डॉक्टरों की तैनाती को कभी ध्यान नहीं दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

--------------------------------------

ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्र में नहीं है एक भी डॉक्टर

वर्तमान में उपजिला हीरानगर में ग्रामीण इलाकों में सात पीएचसी के ऊपर एक उपजिला अस्पताल है। किसी भी पीएचसी में एक भी डॉक्टर की तैनाती नहीं है। इन ग्रामीण इलाकों के मरीज कभी आपातकालीन स्थिति में उपजिला अस्पताल पहुंच जाए तो वहां भी न तो स्वीकृत स्पेशलिस्ट डॉक्टर और न ही चिकित्सा अधिकारी हैं। इसके चलते मरीजों को तुरंत रैफर कर दिया जाता है। इन सात पीएचसी के लिए 11 मेडिकल ऑफिसर के पद हैं, लेकिन तैनाती एक पर भी नहीं है। इसमें से चार पीएचसी मढ़ीन, हरिया चक, चकड़ा और बोबिया सीमावर्ती क्षेत्र के स्वास्थ्य केंद्र हैं।
------------------

कोट
कई बार स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों को खाली पदों के बारे में बता चुके हैं। उम्मीद है कि जल्द स्पेशलिस्ट डॉक्टर और चिकित्सा अधिकारियों के पद भरे जाएंगे। सबसे ज्यादा प्रभावित ग्रामीण इलाके हैं, जहां किसी भी पीएचसी में एक भी डॉक्टर की तैनाती नहीं है।

-डॉ. स्वामी शरण, ब्लॉक चिकित्सा अधिकारी हीरानगर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed