{"_id":"28-25628","slug":"Kathua-25628-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"शहीदी दिवस : कुर्बानी के जज्बे को दिल से किया सलाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शहीदी दिवस : कुर्बानी के जज्बे को दिल से किया सलाम
Kathua
Updated Sun, 18 Nov 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
कठुआ। देश के नाम प्राणों की आहुति देने वाले वीर शहीदों की शहादत को सलाम करते हुए जिला कठुआ में 14वां शहीदी दिवस मनाया गया। शहीद परिवारों को सहानुभूति और उनके अपनों के जाने के गम में शिरकत करने के लिए कई दिग्गज नेता भी शहीदी दिवस समारोह में शामिल हुए। सांसद चौधरी लाल सिंह द्वारा हर वर्ष आयोजित इस समारोह में भाग लेने के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री गुलाम नबी आजाद भी मौजूद रहे। नेशनल हाइवे के किनारे बनाए गए शहीद परिवारों के स्वागत के लिए स्टाल से लेकर पूरे शहर का माहौल शहीदों की शहादत में रंगा नजर आया।
समारोह में भाग लेने के लिए उपमुख्य मंत्री ताराचंद, पर्यटन मंत्री एवं कठुआ जिला विकास बोर्ड के अध्यक्ष नवांग रिंगजिंग जोरा, सहकारिता एवं वित्त राज्य मंत्री मनोहरलाल शर्मा, विधान परिषद सदस्य सुभाष गुप्ता, इंद्रबल के विधायक जीएम सरूरी, बनीहाल के विधायक वकार रसूल, रामबन के विधायक अशोक, चनैनी के विधायक किशन भगत भी मौजूद रहे। शहीदों के परिजन और हजारों की तादाद में लोग शहीदों को श्रद्धांजलि देने के लिए रामलीला मैदान में एकत्रित हुए।
देश की धरोहर हैं शहीद
रामलीला मैदान में आयोजित 14वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य पर नेताओं ने शहीद परिवारों के जज्बे को सलाम किया। मंच से अपने संबोधन में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री गुलाम नबी आजाद ने कहा कि देश के नाम आतंकवाद के दौर में प्राणों की आहुति देने वालों में सेना, अर्द्धसैनिक बलों और पुलिस के पांच हजार से अधिक जवान शहीद हुए। उन्होंने कहा कि यह शहीद किसी समाज, जाति या वर्ग विशेष के न होकर देश की धरोहर हैं और उनके परिवारों को उनकी कमी को हम लोगों को ही मिलकर दूर करना है। सांसद चौ लाल सिंह के प्रयासों की सराहना करते हुए आजाद ने कहा कि हर भारतीय का यह फर्ज बनता है कि वह शहीदों के परिवारों के इस दुख में शामिल हो। उन्होंने कहा कि कुर्बानी देना कोई आसान बात नही है और मातृभूमी की रक्षा के लिए दी जाने वाली कुर्बानी को लेकर इन शहीदों के जज्बे से ही आज हर भारतीय सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि शहीदों के चित्रों को देखकर यह लगता है कि इनमें से कोई भी पैंतीस से अधिक आयु का नही रहा होगा जिन्होंने अपने देश के लिए प्राणों को वार दिया। उन्होंने कहा कि एक जवान बेटे की शहादत के लिए उनके परिवारों का जज्बा भी कम नही है। आजाद ने कहा कि देश के नाम कुर्बानी देने वालों को याद करके उनके परिवारों को भी अपनापन महसूस होता है, जिसे हमें कायम रखना चाहिए। सांसद चौ लाल सिंह ने मंत्री से मांग करते हुए कहा कि कंडी इलाके के युवाओं में देशभक्ति के जज्बे को देखते हुए लखनपुर से लेकर अखनूर तक कंडी बेल्ट के युवाओं के लिए विशेष भर्ती अभियान चलाया जाना चाहिए। उन्होंने शहीदी दिवस समारोह में शिरकत करने वाले सभी मंत्रियों, नेताओं और आम लोगों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि यही समय है जब हम देश के नाम अपने प्राणों की आहुति देने वालों के कर्ज को कुछ कम कर सकते हैं और उनके परिवार के प्रति सहानुभूति से उनका दुख बांट सकते हैं। उन्होंने कहा कि राज्य में सेना से पेंशन ले रहे लगभग पच्चीस हजार परिवार संाबा जिले के ही हैं। इन इलाकों के नौजवानों में देशभक्ति का जज्बा शुरू से ही कूट कूट कर भरा है।
विज्ञापन
वहीं विधान परिषद सदस्य सुभाष गुप्ता, उपमुख्य मंत्री ताराचंद, पर्यटन मंत्री रिंगजिंग जोरा, सहकारिता एवं वित्त राज्य मंत्री डा मनोहर लाल शर्मा ने भी शहीदों की शहादत को सलाम प्रकट करते हुए संबोधित किया।
पुष्पांजलि अर्पित कर शहादत को नमन किया
कालीबड़ी से रवाना होकर शहर के कालेज मार्ग से गुजरते हुए रैली में सम्मिलित हुए नेताओं ने शहीदी चौक पहुंचकर रामलीला मैदान की ओर बढ़ने से पहले शहीदी स्मारक का रूख किया। यहां रूककर शहीदों को नमन करते हुए नेताओं और आम लोगों ने भी शहीदी स्मारक पर पुष्प मालाएं और पुष्पांजलि अर्पित कर उनकी शहादत को नमन किया। यहां से काफिला रामलीला मैदान की ओर रवाना हो गया।
रातों रात बदल गई शहर की तस्वीर
एक दिन पूर्व जहां शहरवासियों को सड़क विस्तारीकरण से परेशान होना पड़ रहा था। वहीं शनिवार को शहर की तस्वीर ही कुछ ओर थी। शहीदी दिवस समारोह और कई दिग्गज नेताओं के कठुआ पहुंचने पर पिछले चार साल से रूक रूक कर चल रहा सड़क विस्तारीकरण कार्य रातों रात लगभग पूरा कर लिया गया। वहीं डिवाइडरों पर भी पेंटिंग का कार्य जोर शोर से चला।
स्थानीय लोगों ने बताया कि शहीदी चौक से लेकर बाजार चौक तक जहां केवल मिट्टी ही बिछाई गई थी। वहीं एक रात में ही उस सड़क पर ब्लैक टापिंग का काम रात भर में ही पूरा कर दिया गया। उन्होंने बताया कि शहीदी चौक पर अकसर धूल के गुब्बार देखने को मिलते थे। लेकिन शनिवार को इस समस्या को काफी हद तक हल कर दिया गया । वहीं डिवाइडरों पर भी पेंटिंग के लिए रात भर कार्य होता रहा। सांसद चौ लाल सिंह ने समारोह में अपने संबोधन के दौरान भी इस बात को जोरशोर से उठाते हुए कहा शिहर की बदलती तस्वीर के लिए जहां इस तरह के आयोजनों को श्रेय जाता है वह पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद की दूरदृष्ट से कठुआ तेजी से विकसित हो रहे शहरों में शुमार हुआ है। उन्होंने कहा कि चार साल पूर्व शुरू किए गए कार्य को पूरा करने के लिए जिसे तेजी की आवश्यकता थी वह शहीदों के सम्मान समारोह पर ही दिखी। शहर का यह विकास भी शहीदों को ही समर्पित है। उन्होंने इस तरह के कार्यक्रमों का आयोजन करते रहने पर जोर देते हुए कहा कि जब इस प्रकार के आयोजन होते रहेंगे तो शहर का विकास भी होता रहेगा।
विज्ञापन
समारोह में भाग लेने के लिए उपमुख्य मंत्री ताराचंद, पर्यटन मंत्री एवं कठुआ जिला विकास बोर्ड के अध्यक्ष नवांग रिंगजिंग जोरा, सहकारिता एवं वित्त राज्य मंत्री मनोहरलाल शर्मा, विधान परिषद सदस्य सुभाष गुप्ता, इंद्रबल के विधायक जीएम सरूरी, बनीहाल के विधायक वकार रसूल, रामबन के विधायक अशोक, चनैनी के विधायक किशन भगत भी मौजूद रहे। शहीदों के परिजन और हजारों की तादाद में लोग शहीदों को श्रद्धांजलि देने के लिए रामलीला मैदान में एकत्रित हुए।
विज्ञापन
देश की धरोहर हैं शहीद
रामलीला मैदान में आयोजित 14वें शहीदी दिवस के उपलक्ष्य पर नेताओं ने शहीद परिवारों के जज्बे को सलाम किया। मंच से अपने संबोधन में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री गुलाम नबी आजाद ने कहा कि देश के नाम आतंकवाद के दौर में प्राणों की आहुति देने वालों में सेना, अर्द्धसैनिक बलों और पुलिस के पांच हजार से अधिक जवान शहीद हुए। उन्होंने कहा कि यह शहीद किसी समाज, जाति या वर्ग विशेष के न होकर देश की धरोहर हैं और उनके परिवारों को उनकी कमी को हम लोगों को ही मिलकर दूर करना है। सांसद चौ लाल सिंह के प्रयासों की सराहना करते हुए आजाद ने कहा कि हर भारतीय का यह फर्ज बनता है कि वह शहीदों के परिवारों के इस दुख में शामिल हो। उन्होंने कहा कि कुर्बानी देना कोई आसान बात नही है और मातृभूमी की रक्षा के लिए दी जाने वाली कुर्बानी को लेकर इन शहीदों के जज्बे से ही आज हर भारतीय सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि शहीदों के चित्रों को देखकर यह लगता है कि इनमें से कोई भी पैंतीस से अधिक आयु का नही रहा होगा जिन्होंने अपने देश के लिए प्राणों को वार दिया। उन्होंने कहा कि एक जवान बेटे की शहादत के लिए उनके परिवारों का जज्बा भी कम नही है। आजाद ने कहा कि देश के नाम कुर्बानी देने वालों को याद करके उनके परिवारों को भी अपनापन महसूस होता है, जिसे हमें कायम रखना चाहिए। सांसद चौ लाल सिंह ने मंत्री से मांग करते हुए कहा कि कंडी इलाके के युवाओं में देशभक्ति के जज्बे को देखते हुए लखनपुर से लेकर अखनूर तक कंडी बेल्ट के युवाओं के लिए विशेष भर्ती अभियान चलाया जाना चाहिए। उन्होंने शहीदी दिवस समारोह में शिरकत करने वाले सभी मंत्रियों, नेताओं और आम लोगों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि यही समय है जब हम देश के नाम अपने प्राणों की आहुति देने वालों के कर्ज को कुछ कम कर सकते हैं और उनके परिवार के प्रति सहानुभूति से उनका दुख बांट सकते हैं। उन्होंने कहा कि राज्य में सेना से पेंशन ले रहे लगभग पच्चीस हजार परिवार संाबा जिले के ही हैं। इन इलाकों के नौजवानों में देशभक्ति का जज्बा शुरू से ही कूट कूट कर भरा है।
विज्ञापन
वहीं विधान परिषद सदस्य सुभाष गुप्ता, उपमुख्य मंत्री ताराचंद, पर्यटन मंत्री रिंगजिंग जोरा, सहकारिता एवं वित्त राज्य मंत्री डा मनोहर लाल शर्मा ने भी शहीदों की शहादत को सलाम प्रकट करते हुए संबोधित किया।
पुष्पांजलि अर्पित कर शहादत को नमन किया
कालीबड़ी से रवाना होकर शहर के कालेज मार्ग से गुजरते हुए रैली में सम्मिलित हुए नेताओं ने शहीदी चौक पहुंचकर रामलीला मैदान की ओर बढ़ने से पहले शहीदी स्मारक का रूख किया। यहां रूककर शहीदों को नमन करते हुए नेताओं और आम लोगों ने भी शहीदी स्मारक पर पुष्प मालाएं और पुष्पांजलि अर्पित कर उनकी शहादत को नमन किया। यहां से काफिला रामलीला मैदान की ओर रवाना हो गया।
रातों रात बदल गई शहर की तस्वीर
एक दिन पूर्व जहां शहरवासियों को सड़क विस्तारीकरण से परेशान होना पड़ रहा था। वहीं शनिवार को शहर की तस्वीर ही कुछ ओर थी। शहीदी दिवस समारोह और कई दिग्गज नेताओं के कठुआ पहुंचने पर पिछले चार साल से रूक रूक कर चल रहा सड़क विस्तारीकरण कार्य रातों रात लगभग पूरा कर लिया गया। वहीं डिवाइडरों पर भी पेंटिंग का कार्य जोर शोर से चला।
स्थानीय लोगों ने बताया कि शहीदी चौक से लेकर बाजार चौक तक जहां केवल मिट्टी ही बिछाई गई थी। वहीं एक रात में ही उस सड़क पर ब्लैक टापिंग का काम रात भर में ही पूरा कर दिया गया। उन्होंने बताया कि शहीदी चौक पर अकसर धूल के गुब्बार देखने को मिलते थे। लेकिन शनिवार को इस समस्या को काफी हद तक हल कर दिया गया । वहीं डिवाइडरों पर भी पेंटिंग के लिए रात भर कार्य होता रहा। सांसद चौ लाल सिंह ने समारोह में अपने संबोधन के दौरान भी इस बात को जोरशोर से उठाते हुए कहा शिहर की बदलती तस्वीर के लिए जहां इस तरह के आयोजनों को श्रेय जाता है वह पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद की दूरदृष्ट से कठुआ तेजी से विकसित हो रहे शहरों में शुमार हुआ है। उन्होंने कहा कि चार साल पूर्व शुरू किए गए कार्य को पूरा करने के लिए जिसे तेजी की आवश्यकता थी वह शहीदों के सम्मान समारोह पर ही दिखी। शहर का यह विकास भी शहीदों को ही समर्पित है। उन्होंने इस तरह के कार्यक्रमों का आयोजन करते रहने पर जोर देते हुए कहा कि जब इस प्रकार के आयोजन होते रहेंगे तो शहर का विकास भी होता रहेगा।