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जम्मू-कश्मीर: न कार्यालय न वेबसाइट, पदाधिकारियों के घरों से चल रही हैं खेल एसोसिएशनें

Sun, 26 Sep 2021 12:58 PM IST
करिश्मा चिब न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू Published by: करिश्मा चिब Updated Sun, 26 Sep 2021 12:58 PM IST
सार

डिजिटलीकरण के दौर में पुराने ढर्रे पर काम कर रही हैं खेल एसोसिएशनें, खिलाड़ियों पर पड़ रहा असर। खेल एसोसिएशनें स्पोर्ट्स काउंसिल पर फंड नहीं देने का आरोप लगा रही हैं।

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Jammu and Kashmir: Neither office nor website, sports associations are running from the homes of office bearers
जम्मू-कश्मीर स्पोर्ट्स काउंसिल - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

जम्मू-कश्मीर स्पोर्ट्स काउंसिल के साथ 52 खेल एसोसिएशन पंजीकृत हैं। इन खेल एसोसिएशन की हालात खस्ता है। एसोसिएशन के पास न पर्याप्त फंड है, न कार्यालय और न ही अपनी वेबसाइट है। अधिकांश एसोसिएशनें पदाधिकारियों के घरों से चल रही हैं। डिजिटल इंडिया के समय में भी खेल एसोसिएशन का कामकाज पुराने ढर्रे पर चला हुआ है, जिसका असर खेल के साथ खिलाड़ियों पर भी पड़ रहा है। जम्मू संभाग में जम्मू, उधमपुर, सांबा, कठुआ को छोड़ दें तो अधिकांश जिलों में खेल एसोसिएशन की जिला यूनिट ही नहीं हैं।
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इससे शीतकालीन राजधानी से दूरदराज जिलों के बच्चों को खेलने का मौका ही नहीं मिल रहा है और खेल एसोसिएशनों की गतिविधियां दो से पांच जिलों तक ही समित रह गई हैं। जम्मू-कश्मीर में अधिकांश खेल एसोसिएशनें पदाधिकारियों के घरों से चल रही हैं। एसोसिएशन के पदाधिकारी अपने घर से पूरे संभाग और प्रदेश की गतिविधियां चला रहे हैं। कई खेल एसोसिएशन में तो 20 से 25 वर्षों से पदाधिकारी जमे हुए हैं। एसोसिएशन के चुनाव स्पोर्ट्स काउंसिल के दिशा-निर्देशों के तहत नहीं हो रहे हैं।
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खेल एसोसिएशनों के चुनाव बड़ेे-बड़े होटलों के बंद कमरों में हो रहे हैं। एसोसिएशनों की कार्यप्रणाली से न सिर्फ खेल बल्कि खिलाड़ियों के भविष्य पर असर पड़ रहा है। खेल एसोसिएशनें स्पोर्ट्स काउंसिल पर फंड नहीं देने का आरोप लगा रही हैं। आरटीआई कार्यकर्ता बलविंद्र सिंह ने कहा कि खेल एसोसिएशनों में बड़े स्तर पर अनियमितता हो रही है। खेल एसोसिएशनों को वार्षिक अनुदान उनके प्रदर्शन के आधार पर दिए जाने की बात हुई थी, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है।

खेल एसोसिएशनों को काउंसिल से फंड नहीं मिल रहा है, एसोसिएशन की गतिविधियां ओलंपिक एसोसिएशन के सहयोग से चलाई जा रही हैं। काउंसिल की शासी निकाय का गठन नहीं हो रहा है, जिससे एसोसिएशन की गतिविधियों को तेजी नहीं मिल रही है। - प्रो. डॉ. आशुतोष शर्मा, अध्यक्ष, जेएंडके ओलंपिक एसोसिएशन
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