जम्मू-कश्मीर: फर्जी गन लाइसेंस के रैकेट में सामने आया एलजी के पूर्व सलाहकार का नाम, सीबीआई ने घर में मारा छापा
उपराज्यपाल के पूर्व सलाहकार बसीर खान के आवास पर सीबीआई की तरफ से तलाशी की गई। वर्ष 2000 बैच के आईएएस अफसर बसीर खान को हटाने का आदेश 5 अक्तूबर को अचानक जारी हुआ। उपराज्यपाल के सलाहकार के पद पर नियुक्त होने से पहले वे कश्मीर के मंडलायुक्त थे।
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जम्मू-कश्मीर में उपराज्यपाल के पूर्व सलाहकार बसीर खान के आवास पर सीबीआई की तरफ से तलाशी की गई। फर्जी बंदूक लाइसेंस घोटाले के मामले में सीबीआई टीम की तरफ से छापेमारी की गई है। सूत्रों का कहना है कि खान के खिलाफ जमीन संबंधी कई मामले विभिन्न जांच एजेंसियों के पास लंबित हैं।
हाल ही में उप-राज्यपाल मनोज सिन्हा के सलाहकार बसीर अहमद खान को हटा दिया गया था। उन्हें तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त किया गया। गृह मंत्रालय की ओर से इस आशय का आदेश जारी किया गया जिसके बाद से उप-राज्यपाल के पास अब दो ही सलाहकार फारूक अहमद खान और आरआर भटनागर हैं।
वर्ष 2000 बैच के आईएएस अफसर खान को हटाने का आदेश 5 अक्तूबर को अचानक जारी हुआ। तत्कालीन उप राज्यपाल जीसी मुर्मू के कार्यकाल में सलाहकार के रूप में मार्च 2020 में उनकी नियुक्ति की गई थी। इस पद पर नियुक्त होने से पहले वे कश्मीर के मंडलायुक्त थे।
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मुर्मू के जाने के बाद उप-राज्यपाल के रूप में मनोज सिन्हा आए, लेकिन उन्होंने किसी भी सलाहकार को नहीं हटाया। बसीर के पास बिजली, ग्रामीण विकास व पंचायती राज, आपदा-राहत व पुनर्वास, संस्कृति, पर्यटन, योजना और उद्योग व वाणिज्य विभाग का कार्यभार था।