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IPL हों तो सरकार मैच होने तक RCA का एमओयू बढाए
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Thu, 25 Jan 2018 08:50 PM IST
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डेमो इमेज
राजस्थान हाईकोर्ट ने आरसीए विवाद मामले में कहा है कि यदि जयपुर में आईपीएल होता है तो राज्य सरकार अगले माह समाप्त हो रहे एमओयू की अवधि को मैच तक बढ़ाए। आईपीएल के बाद एमओयू के संबंध में सरकार अपने स्तर पर निर्णय लेने के लिए स्वतंत्र रहेगी।
इसके साथ ही अदालत ने निलंबन समाप्त होने पर बीसीसीआई से मिलने वाले फंड में से आरसीए को सवा करोड़ रुपए का बकाया अदा करने को कहा है।
न्यायाधीश मनीष भंडारी की एकलपीठ ने यह आदेश जयपुर जिला क्रिकेट एसोसिएशन व अन्य की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए दिए। अदालत ने बीसीसीआई को यह भी कहा कि यदि वह एसएमएस स्टेडियम को फिट पाती है तो वहां आईपीएल मैच कराने के संबंध में अपना स्वतंत्र निर्णय ले सकती है। वहीं अदालत ने मिलने वाले फंड को खेल व खिलाड़ियों पर खर्च करने के निर्देश देते हुए कहा कि जो भी खर्चा किया जाए उसकी जानकरी अदालत में पेश हो।
अदालत ने मौखिक रूप से टिप्पणी करते हुए कहा कि टीम मैनेजर और प्रशिक्षक को सुविधाएं मिल रही हैं, लेकिन खिलाड़ी मूलभूत सुविधाओं तक को तरस रहे हैं। अदालत ने कहा कि एयर कडीश्नर का मजा वे ले रहे हैं, जिनका खेल से कोई सरोकार ही नहीं है।
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इसके साथ ही अदालत ने निलंबन समाप्त होने पर बीसीसीआई से मिलने वाले फंड में से आरसीए को सवा करोड़ रुपए का बकाया अदा करने को कहा है।
न्यायाधीश मनीष भंडारी की एकलपीठ ने यह आदेश जयपुर जिला क्रिकेट एसोसिएशन व अन्य की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए दिए। अदालत ने बीसीसीआई को यह भी कहा कि यदि वह एसएमएस स्टेडियम को फिट पाती है तो वहां आईपीएल मैच कराने के संबंध में अपना स्वतंत्र निर्णय ले सकती है। वहीं अदालत ने मिलने वाले फंड को खेल व खिलाड़ियों पर खर्च करने के निर्देश देते हुए कहा कि जो भी खर्चा किया जाए उसकी जानकरी अदालत में पेश हो।
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अदालत ने मौखिक रूप से टिप्पणी करते हुए कहा कि टीम मैनेजर और प्रशिक्षक को सुविधाएं मिल रही हैं, लेकिन खिलाड़ी मूलभूत सुविधाओं तक को तरस रहे हैं। अदालत ने कहा कि एयर कडीश्नर का मजा वे ले रहे हैं, जिनका खेल से कोई सरोकार ही नहीं है।
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बीसीसीआई से पैसा मिलने के बाद जमा करा देंगे बिल
rca
- फोटो : File
सुनवाई के दौरान आरसीए की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता आरएन माथुर ने कहा कि आरसीए अध्यक्ष व सचिव ने बीसीसीआई की शर्तो पर अंडरटेकिंग देकर हस्ताक्षर कर उसे बीसीसीआई को भेज दिया है। वहीं राज्य सरकार ने बताया कि आरसीए पर सवा करोड़ रुपए बिजली बिल के बकाया है। इसके साथ ही पिछले पन्द्रह साल के मैच फीस व किराए आदि के भी करोड़ रुपए बाकी हैं।
इस पर आरसीए ने अदालत को आश्वस्त किया कि बीसीसीआई से पैसा मिलने के बाद बिजली बिल जमा करा दिया जाएगा और शेष बकाया के लिए एक कमेटी गठित कर दी जाएगी। वहीं बीसीसीआई की ओर से कहा गया कि आरसीए की ओर से भेजी अंडरटेकिंग मिलने के बाद निलंबन स्वत: समाप्त हो जाएगा।
इसके अलावा बीसीसीआई की ओर से 27 जनवरी को बैठक आयोजित होगी। वहीं 29 जनवरी को स्टेडियम के निरीक्षण के लिए टीम दोबारा आ रही है। जिस पर सुनवाई करते हुए अदालत ने दिशा-निर्देश जारी करते हुए मामले की सुनवाई 5 फरवरी को तय की है।
इस पर आरसीए ने अदालत को आश्वस्त किया कि बीसीसीआई से पैसा मिलने के बाद बिजली बिल जमा करा दिया जाएगा और शेष बकाया के लिए एक कमेटी गठित कर दी जाएगी। वहीं बीसीसीआई की ओर से कहा गया कि आरसीए की ओर से भेजी अंडरटेकिंग मिलने के बाद निलंबन स्वत: समाप्त हो जाएगा।
इसके अलावा बीसीसीआई की ओर से 27 जनवरी को बैठक आयोजित होगी। वहीं 29 जनवरी को स्टेडियम के निरीक्षण के लिए टीम दोबारा आ रही है। जिस पर सुनवाई करते हुए अदालत ने दिशा-निर्देश जारी करते हुए मामले की सुनवाई 5 फरवरी को तय की है।