टॉयलेट नहीं होने के कारण यहां लिखी गई तलाक की पटकथा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
खिलाड़ी कुमार के नाम से जाने जाने वाले अक्षय कुमार की हाल ही आई फिल्म 'टॉयलेट एक प्रेम कथा' की कहानी के जैसा वाकया देखने को मिला है।
अक्षय की फिल्म की तरह ही राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के एक घर में टॉयलेट नहीं होना तलाक का कारण बन गया। फिल्म में शौचालय नहीं होने के कारण अक्षय कुमार के सामने तलाक की नौबत आ जाती है, लेकिन यहां तो तलाक ही हो गया।
यहां के फैमिली कोर्ट ने न्यायधीश राजेन्द्र कुमार ने एक महिला की तलाक की याचिका मंजूर कर ली। वर्ष 2015 में कोर्ट में एक महिला ने याचिका लगाई थी कि उसका विवाह वर्ष 2011 में हुआ था। लेकिन उसके ससुराल में न तो टॉयलेट है और न ही सोने के लिए अलग कमरा। खुले में शौच जाने के कारण उसे काफी शर्मिंदगी उठानी पड़ती है।
जैसे फिल्म में हीरोइन पति का घर छोड़ कर अपने पीहर चली जाती है, ठीक उसी तरह संबंधित महिला भी टॉयलेट आदि कारणों के चलते दो वर्ष से अपने पीहर में रह रही है।
जज ने कहा, शराब पर खर्च करने वाले टॉयलेट नहीं बनवा सकते क्या
शुक्रवार को कोर्ट ने महिला की तलाक याचिक को मंजूर करते हुए कहा कि घर में शौचालय नहीं होना महिलाओं के प्रति क्रूरता है। साथ ही न्यायधीश ने तीखी टिप्पणी करते हुए कहा कि शराब और सिगरेट पर खर्च करने वाले क्या मां-बहनों की गरिमा के लिए शौचालय की व्यवस्था नहीं कर सकते।
जानकारी के अनुसार शौचालय नहीं होने के कारण तलाक होने का यह राजस्थान में संभवत: पहला मामला बताया जा रहा है।