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Una News: अंब, चिंतपूर्णी और गगरेट अस्पताल में आभा आईडी से बनेगी पर्ची
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स्वास्थ्य विभाग ने खंड अधिकारियों को जारी किए निर्देश
क्षेत्रीय अस्पताल के बाद तीन नागरिक अस्पतालों में शुरू होगी सुविधा
आशुतोष डोगरा
ऊना। क्षेत्रीय अस्पताल के बाद अब जिले के तीन और अस्पतालों में आभा आईडी के माध्यम से मरीजों की पर्ची बनेगी। इसे लेकर स्वास्थ्य विभाग ने सभी स्वास्थ्य खंड अधिकारियों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं। नए वर्ष से यह सुविधा शुरू होगी। क्षेत्रीय अस्पताल के बाद जिले के अंब, चिंतपूर्णी और गगरेट नागरिक अस्पताल में आभा आईडी के माध्यम से पर्ची बनेगी। इसके बाद अन्य अस्पतालों में भी इस सुविधा का विस्तार किया जाएगा। इससे अस्पतालों में पर्ची काउंटर के बाहर जुटने वाली भीड़ को कम किया जा सकेगा। मरीजों और तीमारदारों की परेशानी भी कम होगी। अस्पतालों में आभा मोबाइल एप से पर्ची बनाने के प्रक्रिया के लिए मोबाइल एंड्रायड या एप्पल मोबाइल से आभा एप डाउनलोड करनी होगी। इस मोबाइल एप पर अपने मोबाइल नंबर या आभा नंबर से लॉगिन करना होगा। जिससे आभा मोबाइल एप एक्टिव हो जाएगी। इसके बाद अस्पताल पर लगे स्कैन कोड में स्कैन कर इसे जनरेट करना होगा। टोकन मोबाइल एप एक्टिव होने के बाद पर्ची काउंटर पर प्रबंधन की ओर से स्कैनर लगाए जाएंगे। एप के माध्यम से स्कैन कोड में स्कैन करने पर एक टोकन नंबर जनरेट होगा। यह टोकन नंबर विशेष पर्ची काउंटर में बैठे कर्मचारी को देना होगा और किस विभाग में जांच करवानी है यह बताना होगा। इस पर कर्मचारी पर्ची बनाकर देगा। इस प्रक्रिया में मात्र एक मिनट से अधिक भी नहीं लगेगा और पर्ची बन जाएगी। इसे प्रक्रिया को लेकर अस्पतालों में नेटवर्किंग करने व स्कैनर लगाने की व्यवस्था जल्द शुरू कर दी जाएगी। इसके अलावा लोगों को आभा आईडी बनाने और इसका अस्पताल में प्रयोग कैसे करना है, इसे लेकर अस्पतालों में जागरूकता अभियान भी चलाए जाएंगे ताकि आगामी दिनों में लोग इस सुविधा का लाभ ले सकें।
कोट्स
क्षेत्रीय अस्पताल के बाद जिले के तीन नागरिक अस्पतालों में आभा आईडी से पर्ची बनाने की सुविधा को शुरू किया जाएगा। इसे लेकर विभाग ने प्रक्रिया शुरू कर दी है। लोगों से आग्रह है कि वह अपनी आभा आईडी जरूर बनाएं।
दीपक चब्बा, नोडल अधिकारी आभा आईडी अभियान
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क्षेत्रीय अस्पताल के बाद तीन नागरिक अस्पतालों में शुरू होगी सुविधा
आशुतोष डोगरा
ऊना। क्षेत्रीय अस्पताल के बाद अब जिले के तीन और अस्पतालों में आभा आईडी के माध्यम से मरीजों की पर्ची बनेगी। इसे लेकर स्वास्थ्य विभाग ने सभी स्वास्थ्य खंड अधिकारियों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं। नए वर्ष से यह सुविधा शुरू होगी। क्षेत्रीय अस्पताल के बाद जिले के अंब, चिंतपूर्णी और गगरेट नागरिक अस्पताल में आभा आईडी के माध्यम से पर्ची बनेगी। इसके बाद अन्य अस्पतालों में भी इस सुविधा का विस्तार किया जाएगा। इससे अस्पतालों में पर्ची काउंटर के बाहर जुटने वाली भीड़ को कम किया जा सकेगा। मरीजों और तीमारदारों की परेशानी भी कम होगी। अस्पतालों में आभा मोबाइल एप से पर्ची बनाने के प्रक्रिया के लिए मोबाइल एंड्रायड या एप्पल मोबाइल से आभा एप डाउनलोड करनी होगी। इस मोबाइल एप पर अपने मोबाइल नंबर या आभा नंबर से लॉगिन करना होगा। जिससे आभा मोबाइल एप एक्टिव हो जाएगी। इसके बाद अस्पताल पर लगे स्कैन कोड में स्कैन कर इसे जनरेट करना होगा। टोकन मोबाइल एप एक्टिव होने के बाद पर्ची काउंटर पर प्रबंधन की ओर से स्कैनर लगाए जाएंगे। एप के माध्यम से स्कैन कोड में स्कैन करने पर एक टोकन नंबर जनरेट होगा। यह टोकन नंबर विशेष पर्ची काउंटर में बैठे कर्मचारी को देना होगा और किस विभाग में जांच करवानी है यह बताना होगा। इस पर कर्मचारी पर्ची बनाकर देगा। इस प्रक्रिया में मात्र एक मिनट से अधिक भी नहीं लगेगा और पर्ची बन जाएगी। इसे प्रक्रिया को लेकर अस्पतालों में नेटवर्किंग करने व स्कैनर लगाने की व्यवस्था जल्द शुरू कर दी जाएगी। इसके अलावा लोगों को आभा आईडी बनाने और इसका अस्पताल में प्रयोग कैसे करना है, इसे लेकर अस्पतालों में जागरूकता अभियान भी चलाए जाएंगे ताकि आगामी दिनों में लोग इस सुविधा का लाभ ले सकें।
कोट्स
क्षेत्रीय अस्पताल के बाद जिले के तीन नागरिक अस्पतालों में आभा आईडी से पर्ची बनाने की सुविधा को शुरू किया जाएगा। इसे लेकर विभाग ने प्रक्रिया शुरू कर दी है। लोगों से आग्रह है कि वह अपनी आभा आईडी जरूर बनाएं।
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दीपक चब्बा, नोडल अधिकारी आभा आईडी अभियान