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Una News: बम-बम भोले के जयकारों से गूंजे शिवालय
Sat, 09 Mar 2024 12:26 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Sat, 09 Mar 2024 12:26 AM IST
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प्राचीन ध्यूंसर सदाशिव मंदिर तलमेहड़ा समेत अन्य शिव मंदिरों में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब
जिले भर में हुआ कार्यक्रमों का आयोजन
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना/गगरेट/जोल(ऊना)। महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर जिलेभर के शिवालय शुक्रवार सुबह से ही बम-बम भोले के जयघोषों से गूंजायमान हो गए। इस दौरान सुबह से ही जिले के प्रमुख शिव मंदिरों में द्रोण शिव मंदिर, ध्यूंसर महादेव और कोटला महादेव मंदिर में भक्तों का हजूम उमड़ा। शिव मंदिरों में महाशिवरात्रि पर्व पर शुक्रवार को श्रद्धा का सैलाब पूजा-अर्चना और दर्शनों के लिए उमड़ा। तड़के से लेकर मध्यरात्रि तक शिव महिमा का श्रद्धालुओं ने गुणगान किया।
शिवालयों में महाशिवरात्रि पर्व की धूम रही। प्राचीन मंदिरों को रंग-बिरंगी रोशनी से विशेष रूप से सजाया गया। इस दौरान कई मंदिरों में कार्यक्रम हुए। खासकर ऊना के कोटला कलां के प्राचीन महादेव मंदिर में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। भक्तों ने कतारों में लगकर पावन पिंडी के दर्शन किए। वहीं, शिवालयों में भोले बाबा के भजन गूंजते रहे, जिससे माहौल पूरी तरह शिवमय हो गया।
कोटला कलां के महादेव मंदिर सहित चताड़ा के बनोड़े महादेव, तलमेहड़ा के ध्यूंसर महादेव, शिववाड़ी के शिवद्रोण मंदिर, बडूही के नीलकंठ मंदिर सहित अन्य शिव मंदिरों में भक्तों ने दर्शन किए। बता दें कि द्रोण महादेव शिवमंदिर के ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए प्रदेश सहित पड़ोसी राज्यों से बड़ी तादाद में श्रद्धालु महाशिवरात्रि पर्व पर भगवान भोलेनाथ का आशीर्वाद लेने आते हैं। प्राचीन ध्यूंसर सदाशिव मंदिर तलमेहड़ा के अलावा क्षेत्र के सभी शिव मंदिरों में भक्तों ने पूजा-अर्चना की। सदाशिव मंदिर तलमेहडा के अध्यक्ष प्रवीण शर्मा ने भगवान शिव की विशेष पूजा-अर्चना कर भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। इस मौके पर सदाशिव मंदिर कमेटी के अध्यक्ष प्रवीण शर्मा ने कहा कि शिव भक्तों के लिए महाशिवरात्रि का दिन विशेष महत्व रखता है। गौर हो कि प्राचीन ध्यूंसर सदाशिव मंदिर में अज्ञातवास के दौरान पांडवों ने शिवलिंग की स्थापना की थी।
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बंगाणा क्षेत्र की खरयालता पंचायत के गांव भलखूं के पवन कुमार द्वारा शिवरात्रि पर्व पर भंडारे का आयोजन किया गया। पवन कुमार लंबे समय से कनाडा में रह रहे हैं। इस मौके पर फलों, जूस व खीर सहित अन्य मिष्ठान का भंड़ारा लगाया गया है। इस मौके पर अंकुश शर्मा, चंडीगढ़ से तरसेम शर्मा, कपूरथला से सतीश शर्मा, लुधियाना से गगन सहित अन्य समाजसेवी भक्तजनों ने भंडारे में अपना योगदान दिया।
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जिले भर में हुआ कार्यक्रमों का आयोजन
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना/गगरेट/जोल(ऊना)। महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर जिलेभर के शिवालय शुक्रवार सुबह से ही बम-बम भोले के जयघोषों से गूंजायमान हो गए। इस दौरान सुबह से ही जिले के प्रमुख शिव मंदिरों में द्रोण शिव मंदिर, ध्यूंसर महादेव और कोटला महादेव मंदिर में भक्तों का हजूम उमड़ा। शिव मंदिरों में महाशिवरात्रि पर्व पर शुक्रवार को श्रद्धा का सैलाब पूजा-अर्चना और दर्शनों के लिए उमड़ा। तड़के से लेकर मध्यरात्रि तक शिव महिमा का श्रद्धालुओं ने गुणगान किया।
शिवालयों में महाशिवरात्रि पर्व की धूम रही। प्राचीन मंदिरों को रंग-बिरंगी रोशनी से विशेष रूप से सजाया गया। इस दौरान कई मंदिरों में कार्यक्रम हुए। खासकर ऊना के कोटला कलां के प्राचीन महादेव मंदिर में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। भक्तों ने कतारों में लगकर पावन पिंडी के दर्शन किए। वहीं, शिवालयों में भोले बाबा के भजन गूंजते रहे, जिससे माहौल पूरी तरह शिवमय हो गया।
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कोटला कलां के महादेव मंदिर सहित चताड़ा के बनोड़े महादेव, तलमेहड़ा के ध्यूंसर महादेव, शिववाड़ी के शिवद्रोण मंदिर, बडूही के नीलकंठ मंदिर सहित अन्य शिव मंदिरों में भक्तों ने दर्शन किए। बता दें कि द्रोण महादेव शिवमंदिर के ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए प्रदेश सहित पड़ोसी राज्यों से बड़ी तादाद में श्रद्धालु महाशिवरात्रि पर्व पर भगवान भोलेनाथ का आशीर्वाद लेने आते हैं। प्राचीन ध्यूंसर सदाशिव मंदिर तलमेहड़ा के अलावा क्षेत्र के सभी शिव मंदिरों में भक्तों ने पूजा-अर्चना की। सदाशिव मंदिर तलमेहडा के अध्यक्ष प्रवीण शर्मा ने भगवान शिव की विशेष पूजा-अर्चना कर भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। इस मौके पर सदाशिव मंदिर कमेटी के अध्यक्ष प्रवीण शर्मा ने कहा कि शिव भक्तों के लिए महाशिवरात्रि का दिन विशेष महत्व रखता है। गौर हो कि प्राचीन ध्यूंसर सदाशिव मंदिर में अज्ञातवास के दौरान पांडवों ने शिवलिंग की स्थापना की थी।
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बंगाणा क्षेत्र की खरयालता पंचायत के गांव भलखूं के पवन कुमार द्वारा शिवरात्रि पर्व पर भंडारे का आयोजन किया गया। पवन कुमार लंबे समय से कनाडा में रह रहे हैं। इस मौके पर फलों, जूस व खीर सहित अन्य मिष्ठान का भंड़ारा लगाया गया है। इस मौके पर अंकुश शर्मा, चंडीगढ़ से तरसेम शर्मा, कपूरथला से सतीश शर्मा, लुधियाना से गगन सहित अन्य समाजसेवी भक्तजनों ने भंडारे में अपना योगदान दिया।