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Una News: क्षेत्रीय अस्पताल में कोरोना को लेकर तैयारियों की दरकार, बंद पड़ा ऑक्सीजन प्लांट
Tue, 27 May 2025 05:28 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Tue, 27 May 2025 05:28 AM IST
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ऊना अस्पताल का बंद पडा़ ऑक्सीजन प्लांट।संवाद
ऊना। क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में कोरोना संक्रमण से बचाव को लेकर तैयारियों की दरकार है। जब अस्पताल का दौरा किया गया तो साढ़े 11 बजे अस्पताल भवन के पास लगाया ऑक्सीजन प्लांट बंद पड़ा मिला। प्लांट के बाहर ताला लगा है। वहीं सरकार के दिशा निर्देशों के तहत अस्पताल में अलग से कोरोना जांच के लिए सोमवार तक कोई व्यवस्था नहीं दिखी। उधर, अस्पताल में भारी भीड़ मरीजों और तीमारदारों की पहुंच रही है। जिनकी व्यवस्था बनाने के लिए भी विशेष प्रयास नजर नहीं आ रहे।
जानकारी के अनुसार प्रदेश सरकार की ओर से सभी अस्पतालों को कोरोना संदिग्ध मरीजों को लेकर सतर्क रहने की हिदायत दी गई है। इसके तहत अस्पतालों में ऑक्सीजन की पर्याप्त आपूर्ति, टेस्टिंग के लिए अलग टीम को तैयार रहने और बेड व्यवस्था को तैयार रखने के लिए कहा गया है। हालांकि क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में अभी तक इसको लेकर विशेष तैयारियां नजर नहीं आई जबकि हिमाचल नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) की ओर से जारी गाइडलाइन के मुताबिक ओपीडी और आईपीडी में इन्फ्लूएंजा जैसी बीमारी (आईएलआई) और गंभीर तीव्र श्वसन बीमारी (एसएआरआई) मामलों की रिपोर्टिंग आईएचआईपी- आईडीएसपी पोर्टल के माध्यम से सुनिश्चित करने को कहा गया है। इन्फ्लूएंजा और कोरोना के पुष्ट मामलों के लिए भी एल फॉर्म उपयोग कर रिपोर्ट करना होगा। स्वास्थ्य संस्थानों को यह सुनिश्चित करना होगा कि कोरोना के सैंपल (यदि रिपोर्ट किए गए हैं) को संपूर्ण जीनोम अनुक्रमण के लिए मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला आईएनएसएसीओजी यानी माइक्रो बायोलॉजी विभाग एसएलबीएसडीएमसी नेरचौक भेजने होंगे। हालांकि क्षेत्रीय अस्पताल प्रबंधन की ओर से सोमवार को कोरोना से जुड़ी एडवाइजरी जारी कर दी गई है। एडवाइजरी में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजीव कुमार वर्मा ने बताया कि वर्तमान में जिले में कोरोना वायरस का कोई भी मामला सामने नहीं आया है, फिर भी एहतियात बरतना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने बताया कि ओपीडी और आईपीडी में खांसी, जुकाम, इन्फ्लुएंजा और तीव्र श्वसन संक्रमण से संबंधित मामले भी सामान्य है। उन्होंने सभी जिला वासियों से अपील की कि घबराने की आवश्यकता नहीं और अफवाहों पर ध्यान न दें। डॉ. संजीव वर्मा ने बताया कि अस्पतालों में पर्याप्त संख्या में बिस्तर, ऑक्सीजन आपूर्ति, ऑक्सीजन कंसट्रेटर, पीएसए प्लांट, एंटीबायोटिक्स और आवश्यक दवाइयां उपलब्ध हैं।
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जानकारी के अनुसार प्रदेश सरकार की ओर से सभी अस्पतालों को कोरोना संदिग्ध मरीजों को लेकर सतर्क रहने की हिदायत दी गई है। इसके तहत अस्पतालों में ऑक्सीजन की पर्याप्त आपूर्ति, टेस्टिंग के लिए अलग टीम को तैयार रहने और बेड व्यवस्था को तैयार रखने के लिए कहा गया है। हालांकि क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में अभी तक इसको लेकर विशेष तैयारियां नजर नहीं आई जबकि हिमाचल नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) की ओर से जारी गाइडलाइन के मुताबिक ओपीडी और आईपीडी में इन्फ्लूएंजा जैसी बीमारी (आईएलआई) और गंभीर तीव्र श्वसन बीमारी (एसएआरआई) मामलों की रिपोर्टिंग आईएचआईपी- आईडीएसपी पोर्टल के माध्यम से सुनिश्चित करने को कहा गया है। इन्फ्लूएंजा और कोरोना के पुष्ट मामलों के लिए भी एल फॉर्म उपयोग कर रिपोर्ट करना होगा। स्वास्थ्य संस्थानों को यह सुनिश्चित करना होगा कि कोरोना के सैंपल (यदि रिपोर्ट किए गए हैं) को संपूर्ण जीनोम अनुक्रमण के लिए मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला आईएनएसएसीओजी यानी माइक्रो बायोलॉजी विभाग एसएलबीएसडीएमसी नेरचौक भेजने होंगे। हालांकि क्षेत्रीय अस्पताल प्रबंधन की ओर से सोमवार को कोरोना से जुड़ी एडवाइजरी जारी कर दी गई है। एडवाइजरी में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संजीव कुमार वर्मा ने बताया कि वर्तमान में जिले में कोरोना वायरस का कोई भी मामला सामने नहीं आया है, फिर भी एहतियात बरतना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने बताया कि ओपीडी और आईपीडी में खांसी, जुकाम, इन्फ्लुएंजा और तीव्र श्वसन संक्रमण से संबंधित मामले भी सामान्य है। उन्होंने सभी जिला वासियों से अपील की कि घबराने की आवश्यकता नहीं और अफवाहों पर ध्यान न दें। डॉ. संजीव वर्मा ने बताया कि अस्पतालों में पर्याप्त संख्या में बिस्तर, ऑक्सीजन आपूर्ति, ऑक्सीजन कंसट्रेटर, पीएसए प्लांट, एंटीबायोटिक्स और आवश्यक दवाइयां उपलब्ध हैं।
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