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Himachal Pradesh : हिमाचल में बहाल नहीं होंगे छात्र संघ चुनाव, इस बार मेरिट से ही चुनी जाएगी एससीए

Fri, 12 Sep 2025 07:05 PM IST
अंकेश डोगरा अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला। Published by: अंकेश डोगरा Updated Fri, 12 Sep 2025 07:05 PM IST
सार

शुक्रवार को कुलपति प्रो. महावीर सिंह की अध्यक्षता में कॉलेज प्राचार्यों के साथ बैठक में इस बार भी प्रत्यक्ष छात्र संघ चुनाव को बहाल कर न कर मेरिट के आधार पर ही एससीए गठन करने के लिए कहा।

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Student union elections will not be resumed in Himachal this time SCA will be selected on merit basis only
छात्र संघ चुनाव। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क

विस्तार

हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय समेत कॉलेजों में इस बार भी प्रत्यक्ष छात्र संघ चुनाव बहाल नहीं होंगे। मेरिट से ही एससीए का गठन होगा। कॉलेजों के प्राचार्यों ने प्रत्यक्ष चुनाव नहीं करवाने पर राय दी है। शुक्रवार को कुलपति प्रो. महावीर सिंह की अध्यक्षता में कॉलेज प्राचार्यों के साथ बैठक में इस पर फैसला लिया गया। कुलपति प्रो. महावीर सिंह के समक्ष कॉलेजों के प्राचार्यों ने छात्र संघ चुनाव को लेकर अपनी राय रखे जाने के दिए गए मौके पर आम सहमति से इस बार भी प्रत्यक्ष छात्र संघ चुनाव को बहाल कर न कर मेरिट के आधार पर ही एससीए गठन करने के लिए कहा। अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. ममता मोक्टा ने कुलपति के दिशा-निर्देशों पर प्रत्यक्ष रूप से छात्र संघ चुनाव संबंधी प्रस्ताव रखा और राय मांगी। मौजूद सभी प्राचार्यों ने एकमत से निर्णय लिया कि सत्र 2025-26 में भी शैक्षणिक योग्यता, मेरिट के आधार पर ही एससीए का गठन किया जाए। इससे जाहिर है कि इस बार भी चुनाव पर साल 2013 से लगा प्रतिबंध नहीं हटेगा।

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पीएचडी गाइड बनने के लिए इसी सत्र से शिक्षकों को आवंटित होंगे शोधार्थी
प्राचार्यों के साथ बैठक में कुलपति प्रो. महावीर सिंह ने कॉलेजों में खेल और सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने पर चर्चा की। कुलपति ने कहा कि कॉलेज शिक्षक भी अब पीएचडी करवा सकेंगे। इसी सत्र से यह व्यवस्था लागू कर कॉलेजों में पीएचडी गाइड बनने के लिए पात्र शिक्षकों को शोधार्थी आवंटित किए जाएंगे। कुलपति ने कहा कि जिन भी महाविद्यालयों की विश्वविद्यालय विकास निधि अब तक विवि में जमा नहीं हुई है, उसे जल्द जमा करवाएं। उन्होंने सभी प्राचार्यों से प्रैक्टिकल के लिए पैनल विवि को देने को कहा। उन्होंने परीक्षा क्लस्टर केंद्रों को बढ़ाने पर भी जोर दिया। कुलपति ने प्राचार्यों की समस्याओं को भी सुना।
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विवि के पांच शोध केंद्रों के विषय कॉलेजों में भी पढ़ाए जाएंगे
कुलपति ने कहा कि विवि में खुले पांच शोध अनुसंधान केंद्रों से जुड़े विषयों को कॉलेज स्तर पर पढ़ाया जाएगा। इसका पाठ्यक्रम बन रहा है। पीएम उषा योजना में महाविद्यालयों की मदद की जाएगी। प्राचार्यों ने विवि में पूछताछ हेल्पलाइन सेवा को मजबूत करने का सुझाव दिया। डीएस प्रो. बीके शिवराम ने शैक्षणिक, गैर शैक्षणिक विषयों पर विचार रखे। डीन कॉलेज विकास परिषद प्रो. हरि मोहन ने कॉलेजों की संबद्धता, विवि विकास निधि के नियमों के अनुरूप शेष बची औपचारिकताओं को पूरा करने को कहा । विवि के परीक्षा नियंत्रक प्रो. श्याम लाल कौशल ने परीक्षा के कॉलेजों से जुड़े मामलों को लेकर सहयोग मांगा। डीन प्लानिंग प्रो. जोगिंद्र सिंह धीमान भी मौजूद रहे।
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