{"_id":"583b1d984f1c1b1d2a088408","slug":"ward-1-not-supply-water-in-6-days","type":"story","status":"publish","title_hn":"शहर के वार्ड एक में छह दिनों से पानी नहीं, आंदोलन की चेतावनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शहर के वार्ड एक में छह दिनों से पानी नहीं, आंदोलन की चेतावनी
ब्यूरो/अमर उजाला, साोलन
Updated Sun, 27 Nov 2016 11:23 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शहर के वार्ड नंबर 1 में पेयजल समस्या विकराल हो चुकी है। वार्ड में पिछले छह दिनों से पानी नहीं आ रहा जिस कारण लोगों को इधर-उधर भटकना पड़ रहा है। यह शहर का सबसे बड़ा वार्ड है जिसमें अधिकतर शहर का ग्रामीण क्षेत्र जिसमें बांत, कायलर, पश्नी, रबौण, आंजी और पावरहाउस जैसे कई क्षेत्र आते हैं। इन क्षेत्रों में पानी की सप्लाई नहीं होने से लोगों में आईपीएच के खिलाफ भारी रोष है।
विज्ञापन
लोगों का कहना है कि जल्द ही समस्या का समाधान न होने पर वह आंदोलन करने को मजबूर होंगे। यही नहीं वार्ड के शहरी क्षेत्र जैसे गौतमबुद्घ विहार, उदय विहार और पाईन स्टेट में रह रहे लगभग 120 परिवार पानी नहीं मिलने से परेशान है। इस वार्ड के कुछ हिस्से में पानी की सप्लाई आईपीएच और कुछ में नगर परिषद द्वारा पानी का वितरण किया जाता है।
विज्ञापन
आईपीएच द्वारा इस वार्ड के लिए बनाए गए टैंक खाली है। लोगों का कहना है कि आईपीएच विभाग के उच्च अधिकारियों को बार-बार वार्ड में पानी की सप्लाई नहीं होने की शिकायत कर चुके हैं। हर बार अधिकारी कार्रवाई की बात करते हैं, लेकिन कुछ नहीं होता है। अब तो हालत यह है कि अधिकारी फोन तक नहीं उठाते हैं।
विज्ञापन
देऊघाट में पानी की सप्लाई आईपीएच और नप द्वारा की जाती है। आईपीएच विभाग के पानी के भंडारण के लिए वार्ड में दो टैंक बनाए गए है। इसमें बड़े टैंक की भंडारण क्षमता 10 लाख गैलन है वहीं छोटे टैंक की क्षमता 1 लाख गैलन है। नगर परिषद द्वारा इन टैंकों में पानी भरा जाता है। उसके बाद आईपीएच विभाग के कर्मचारी वार्ड में पानी का वितरण करते हैं।
वार्ड 1 में पिछले कई वर्षों से रह रहे मोहन सिंह ने कहा कि वह पिछले 6 दिनों से काम छोड़ कर पानी के जुगाड़ में लगे हैं। घर से लगभग एक किलोमीटर दूर प्राकृतिक जल स्रोत से रोजाना पानी लाने में आधा दिन निकल जाता है। दूसरे कार्य के लिए समय ही नहीं बचता।
देऊघाट के रहने वाले नरेंद्र कुमार ने कहा कि वार्ड में आए दिन पानी की समस्या रहती है। आईपीएच विभाग के उच्च अधिकारियों से कई बार शिकायत भी कर चुके हैं, लेकिन हालत नहीं सुधरी है। पानी की किल्लत से लोगों को रोजाना परेशानी उठानी पड़ रही है।
शहर के निजी संस्थान में पढ़ाई कर रहे राहुल देव ने बताया कि घरों में लगे नलके तो मात्र शोपीस बन कर रह गए हैं। पीने तक का पानी खरीदना पड़ रहा है। वहीं पानी दूर से लाना पड़ रहा है जिससे पढ़ाई के लिए भी समय नहीं मिल रहा है।
गृहणी सत्या देवी का कहना है कि पिछले 6 दिनों से पानी नहीं आ रहा है जिससे घर की सफाई तक नहीं हो पा रही है। इधर-उधर से पानी ढोने ही में समय खत्म हो जाता है। बच्चों की परीक्षा चल रही है, लेकिन पढ़ाई की जगह उन्हे भी डब्बे थमाकर पानी लाने भेजना पड़ रहा है।
विमला देवी ने बताया कि उन्होंने अपने रिश्तेदारों से कह दिया है कि अभी उनके पास नहीं आए। पानी की किल्लत के कारण उन्हे ऐसा करना पड़ रहा है। कई बार आईपीएच विभाग में शिकायत कर चुके हैं, लेकिन हालात नहीं सुधरे।
लता देवी ने बताया कि वह पिछले कुछ समय से बीमार चल रही है। डॉक्टर ने आराम के लिए कहा है, लेकिन ऐसी हालत में भी उन्हें घर से कई किलोमीटर दूर से पानी लाना पड़ रहा है जिससे परेशानी हो रही है।
इस बारे में आईपीएच विभाग के एसडीओ एनएस ठाकुर से बात करनी चाही तो उनका फोन स्वीचआफ रहा। वार्ड 1 में आईपीएच विभाग के तैनात किमैन देवी राम ने बताया कि पानी की सप्लाई पिछले कुछ दिनों से बाधित है। टैंक खाली पड़े हैं तो मैं पानी कहां दूं। जैसे ही पानी आएगा सप्लाई की जाएगी। पानी कब आएगा यह कह नहीं सकता। वहीं नगर परिषद के जेई बीएस ठाकुर ने बताया कि वार्ड 1 में आईपीएच और नप द्वारा पानी वितरण का कार्य किया जाता है। जहां नप द्वारा सप्लाई जाती है वहां लोगों को एक दिन छोड़ कर पर्याप्त पानी मिल रहा है।
वार्ड 1 की पार्षद नीलम सोपाल ने बताया कि वार्ड में पानी की परेशानी आम है। आईपीएच विभाग के अधिकारियों से कई बार लिखित में शिकायत भी की गई, लेकिन विभाग के सुस्त रवैये से हालत जस के तस बने हुए हैं। उन्होंने कहा कि टैंकरोड से देऊघाट को आने वाली 6 इंच की मेन लाइन में सीजीएम निवास से लेकर दोहरी दीवार तक कई कनेक्शन दिए गए हैं जो नियमों के विरुद्घ है।