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बद्दी में 500 कामगार हड़ताल पर, दवा उद्योग में उत्पादन ठप
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बद्दी (सोलन)। बद्दी की एक दवा कंपनी में लगातार दूसरे दिन भी उत्पादन ठप रहा। करीब 500 कामगारों ने प्रबंधन पर मनमानी का आरोप लगाते हुए हड़ताल जारी रखी।
कंपनी प्रबंधन के खिलाफ कामगारों ने जमकर नारेबाजी की। कामगारों ने कहा कि कंपनी प्रबंधक पिछले 5 वर्षों से उनके वेतन में कोई वृद्धि नहीं कर रहा है। 12-12 घंटे काम करवाने के बाद ओवरटाइम नहीं मिल रहा है। इसको लेकर हड़ताल शुरू की है। मंगलवार को दूसरे दिन भी हड़ताल जारी रही। कंपनी को हर रोज करोड़ों रुपये का नुकसान हो रहा है। कामगारों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता जब तक वे काम पर नहीं लौटेंगे। कामगारों ने आरोप लगाया कि जब वे अपनी मांगों को लेकर प्रबंधकों के पास जाते हैं तो अपने ऑफिस के बाहर घंटों बिठाकर रखते हैं और कोई बात नहीं करते हैं। बेवजह कामगारों को तंग किया जाता है। प्रबंधन की तरफ से कामगारों को धमकियां मिल रही हैं कि काम करना है तो इसी वेतन पर करो अन्यथा गेट के बाहर चले जाओ। कामगारों का कहना है कि वे इस कंपनी में पिछले 10-12 वर्षों से काम कर रहे हैं। अब इस स्थिति में और कहां जाएं। कामगारों ने मंगलवार को श्रम निरीक्षक मनीष करोल से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा। श्रम निरीक्षक मनीष करोल ने कहा कि कामगारों ने अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा है। प्रबंधकों के साथ बैठक की है। जल्द ही कामगारों की मांगों को हल करवाने की कोशिश की जाएगी।
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कंपनी प्रबंधन के खिलाफ कामगारों ने जमकर नारेबाजी की। कामगारों ने कहा कि कंपनी प्रबंधक पिछले 5 वर्षों से उनके वेतन में कोई वृद्धि नहीं कर रहा है। 12-12 घंटे काम करवाने के बाद ओवरटाइम नहीं मिल रहा है। इसको लेकर हड़ताल शुरू की है। मंगलवार को दूसरे दिन भी हड़ताल जारी रही। कंपनी को हर रोज करोड़ों रुपये का नुकसान हो रहा है। कामगारों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों को पूरा नहीं किया जाता जब तक वे काम पर नहीं लौटेंगे। कामगारों ने आरोप लगाया कि जब वे अपनी मांगों को लेकर प्रबंधकों के पास जाते हैं तो अपने ऑफिस के बाहर घंटों बिठाकर रखते हैं और कोई बात नहीं करते हैं। बेवजह कामगारों को तंग किया जाता है। प्रबंधन की तरफ से कामगारों को धमकियां मिल रही हैं कि काम करना है तो इसी वेतन पर करो अन्यथा गेट के बाहर चले जाओ। कामगारों का कहना है कि वे इस कंपनी में पिछले 10-12 वर्षों से काम कर रहे हैं। अब इस स्थिति में और कहां जाएं। कामगारों ने मंगलवार को श्रम निरीक्षक मनीष करोल से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा। श्रम निरीक्षक मनीष करोल ने कहा कि कामगारों ने अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा है। प्रबंधकों के साथ बैठक की है। जल्द ही कामगारों की मांगों को हल करवाने की कोशिश की जाएगी।
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