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फोरलेन के लिए अभी इंतजार, भूमि का अधिग्रहण ही नहीं हुआ पूरा
Updated Thu, 23 Aug 2018 05:44 PM IST
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नालागढ़-पिंजौर फोरलेन में अभी समय, भूमि अधिग्रहण अटका
45 मीटर की शर्त को लेकर 31 गांवों का फिर बनाया गया मुआवजा, 3डी ड्राफ्ट होना है अधिसूचित
32 गांवों के पेड़ों की गणना का कार्य पूरा, रिवाइज रेट बढ़ने से स्ट्रक्चरों का होगा पुनर्मूल्यांकन
अमर उजाला ब्यूरो
नालागढ़ (सोलन)। फार्मा हब बीबीएन को फोरलेन मार्ग के लिए अभी और इंतजार करना होगा। हाईवे में फोरलेन के लिए जमीनों का अधिग्रहण का कार्य चला है। स्पेशल लैंड अधिग्रहण सेल भूमि अधिग्रहण का कार्य कर रहा है। इसके तहत 32 गांवों की जमीनों का अधिग्रहण कार्य मुकम्मल नहीं हो सका है। सेल ने पहले 24 गांवों का 125 करोड़ का मुआवजा बनाया था जिसमें से 122 करोड़ भू मालिकों को बांटा जा चुका है। हालांकि केंद्रीय भूतल एवं परिवहन मंत्रालय के तहत हाईवे की सड़क के मध्य बीच से दोनों ओर बराबर भूमि लेकर 45 मीटर पूरा करने की शर्त के तहत शेष गांवों और 31 गांवों का दोबारा 3डी ड्राफ्ट मंत्रालय को भेजा गया है जो नोटिफाई होना रह गया है। इसके नोटिफाई होने के बाद भू अधिग्रहण के मुआवजे का ड्राफ्ट तैयार किया जाना है।
नालागढ़-पिंजौर फोरलेन में हिमाचल के हिस्से की बद्दी तक 16 किलोमीटर भूमि आ रही है। रेट रिवाइज होने से स्ट्रक्चरों का भी पुनर्मूल्यांकन होगा। हाईवे की जद में आने वाले पेड़ों की गणना का कार्य पूरा है। नालागढ़ से बद्दी तक के 16 किलोमीटर मार्ग के तहत 3658 पेड़ों की गिनती की गई है। इनमें से 2165 सरकारी भूमि और 1055 निजी भूमि के पेड़ शामिल हैं। इसी मार्ग पर स्ट्रक्चरों का निर्माण किया गया है जिसकी पैमाइश का कार्य हो रहा है। 32 में से 25 गांवों के भवनों का मूल्यांकन हो चुका था लेकिन मुआवजे के रेट रिवाइज होने से 157 मामलों में दोबारा से पैमाइश की जानी है।
पिंजौर से नालागढ़ तक बनने वाले 38 किलोमीटर फोरलेन के तहत 104 पुलियों, 16 छोटे पुल और पांच बड़े पुलों का निर्माण होगा। इसमें 15 सर्विस लेन होगी जिससे संपर्क मार्गों व अन्य जगहों पर जाने के लिए वाहन चालकों को आसानी होगी। वहीं नालागढ़-स्वारघाट फोरलेन में पुलियों, छोटे व बड़े पुलों सहित अन्य सुविधाएं भी मुहैया होंगी। इसके तहत फ्लाई ओवर बनाने की सुविधा मुहैया होनी है।
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स्पेशल लैंड एक्युजिशन यूनिट के ओएसडी रिटायर्ड एचएएस अधिकारी सुभाष सकलानी व भू-अर्जन अधिकारी रिटायर्ड तहसीलदार कुंदन सिंह लालटा ने कहा कि फोरलेन निर्माण को लेकर अब हर कार्य ऑनलाइन हो रहा है। 125 करोड़ की धनराशि में से करीब 12 करोड़ भ-मालिकों को देना शेष रह गया है। नए सिरे से शेष बचे गांवों और 45 मीटर की एनएच की सड़क से दोनों ओर ली जाने वाली भूमि के तहत 3डी का ड्राफ्ट भेजा जा चुका है, जो नोटिफाई होना शेष है। एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा ने कहा कि फोरलेन निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहण का कार्य जोरों से जारी है। पेड़ों की गणना पूर्ण कर है जबकि भवनों के कुछ मामलों में पुनर्मूल्यांकन होना है।
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45 मीटर की शर्त को लेकर 31 गांवों का फिर बनाया गया मुआवजा, 3डी ड्राफ्ट होना है अधिसूचित
32 गांवों के पेड़ों की गणना का कार्य पूरा, रिवाइज रेट बढ़ने से स्ट्रक्चरों का होगा पुनर्मूल्यांकन
अमर उजाला ब्यूरो
नालागढ़ (सोलन)। फार्मा हब बीबीएन को फोरलेन मार्ग के लिए अभी और इंतजार करना होगा। हाईवे में फोरलेन के लिए जमीनों का अधिग्रहण का कार्य चला है। स्पेशल लैंड अधिग्रहण सेल भूमि अधिग्रहण का कार्य कर रहा है। इसके तहत 32 गांवों की जमीनों का अधिग्रहण कार्य मुकम्मल नहीं हो सका है। सेल ने पहले 24 गांवों का 125 करोड़ का मुआवजा बनाया था जिसमें से 122 करोड़ भू मालिकों को बांटा जा चुका है। हालांकि केंद्रीय भूतल एवं परिवहन मंत्रालय के तहत हाईवे की सड़क के मध्य बीच से दोनों ओर बराबर भूमि लेकर 45 मीटर पूरा करने की शर्त के तहत शेष गांवों और 31 गांवों का दोबारा 3डी ड्राफ्ट मंत्रालय को भेजा गया है जो नोटिफाई होना रह गया है। इसके नोटिफाई होने के बाद भू अधिग्रहण के मुआवजे का ड्राफ्ट तैयार किया जाना है।
नालागढ़-पिंजौर फोरलेन में हिमाचल के हिस्से की बद्दी तक 16 किलोमीटर भूमि आ रही है। रेट रिवाइज होने से स्ट्रक्चरों का भी पुनर्मूल्यांकन होगा। हाईवे की जद में आने वाले पेड़ों की गणना का कार्य पूरा है। नालागढ़ से बद्दी तक के 16 किलोमीटर मार्ग के तहत 3658 पेड़ों की गिनती की गई है। इनमें से 2165 सरकारी भूमि और 1055 निजी भूमि के पेड़ शामिल हैं। इसी मार्ग पर स्ट्रक्चरों का निर्माण किया गया है जिसकी पैमाइश का कार्य हो रहा है। 32 में से 25 गांवों के भवनों का मूल्यांकन हो चुका था लेकिन मुआवजे के रेट रिवाइज होने से 157 मामलों में दोबारा से पैमाइश की जानी है।
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पिंजौर से नालागढ़ तक बनने वाले 38 किलोमीटर फोरलेन के तहत 104 पुलियों, 16 छोटे पुल और पांच बड़े पुलों का निर्माण होगा। इसमें 15 सर्विस लेन होगी जिससे संपर्क मार्गों व अन्य जगहों पर जाने के लिए वाहन चालकों को आसानी होगी। वहीं नालागढ़-स्वारघाट फोरलेन में पुलियों, छोटे व बड़े पुलों सहित अन्य सुविधाएं भी मुहैया होंगी। इसके तहत फ्लाई ओवर बनाने की सुविधा मुहैया होनी है।
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स्पेशल लैंड एक्युजिशन यूनिट के ओएसडी रिटायर्ड एचएएस अधिकारी सुभाष सकलानी व भू-अर्जन अधिकारी रिटायर्ड तहसीलदार कुंदन सिंह लालटा ने कहा कि फोरलेन निर्माण को लेकर अब हर कार्य ऑनलाइन हो रहा है। 125 करोड़ की धनराशि में से करीब 12 करोड़ भ-मालिकों को देना शेष रह गया है। नए सिरे से शेष बचे गांवों और 45 मीटर की एनएच की सड़क से दोनों ओर ली जाने वाली भूमि के तहत 3डी का ड्राफ्ट भेजा जा चुका है, जो नोटिफाई होना शेष है। एसडीएम नालागढ़ प्रशांत देष्टा ने कहा कि फोरलेन निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहण का कार्य जोरों से जारी है। पेड़ों की गणना पूर्ण कर है जबकि भवनों के कुछ मामलों में पुनर्मूल्यांकन होना है।