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नाहन मेडिकल कॉलेज में लगेगी जीन एक्सपर्ट मशीन
ब्यूराो, नाहन (सिरमौर)।
Updated Mon, 23 May 2016 10:43 PM IST
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गाड़ियां लगाई गई
- फोटो : amar ujala
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नाहन (सिरमौर)। टीबी के मरीजों को टेस्ट करवाने के लिए अब अस्पतालों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। आपने सैंपल दिए और रिपोर्ट दो घंटे में आपके हाथ में होगी। नाहन मेडिकल कॉलेज में अब नवीन तकनीक की मशीन से टेस्ट लिए जाएंगे। लगभग एक करोड़ रुपये की लागत से कॉलेज में जीन एक्सपर्ट मशीन लगाई जा रही है।
खास यह है कि टीबी के संभावित मरीजों का डायग्नोसिस मात्र दो घंटे में होगा। अभी तक टीबी रोगियों के टेस्ट मैनुअल प्रोसेस से होते थे। नाहन में इसकी सुविधा नहीं है। यहां से सैंपल टेस्ट के लिए शिमला व धर्मपुर भेजे जाते हैं। टेस्ट की रिपोर्ट आने में सात दिन से तीन महीने तक का समय लगता है जिस वजह से समय पर इलाज शुरू नहीं हो पाता। इससे कई बार मरीज की मौत तक हो जाती है।
जीन एक्सपर्ट मशीन में सीबीनाट तकनीक है। इस मशीन में एक साथ 4 रोगियों के टेस्ट किए जा सकते हैं। इसकी रिपोर्ट का समय एक घंटा 52 सेकेंड है। इस निर्धारित समय के बाद रोगी को रिपोर्ट मिल जाएगी। सीबीनाट तकनीक से बफर साल्युशन को बलगम के साथ मिलाया जाता है। शेक करने के बाद 2 एमएल लिक्विड काट्रिरज में डालने के बाद उसे मशीन के भीतर रखा जाता है। रिपोर्ट के लिए यह मशीन मात्र दो घंटे के समय लेगी।
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एक सप्ताह बाद टेस्ट होंगे शुरू
जिला स्वास्थ्य अधिकारी एवं टीबी आफिसर डॉ. निसार अहमद ने बताया कि अस्पताल में मशीन पहुंच गई है। टेस्ट रिपोर्ट के बाद रिफंपसिन दवाई से रोगी के सेेंसेटिव होने या नहीं होने का पता लग जाता है। इंजीनियर मशीन को स्थापित करने में लगे हैं। एक सप्ताह बाद अस्पताल में टेस्ट होने शुरू हो जाएंगे।
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सिरमौर में1149 टीबी मरीज
सिरमौर जिला में साल 2015 की रिपोर्ट के मुताबिक 1149 टीबी के मरीज हैं। पांवटा साहिब में सबसे ज्यादा टीबी के मरीज हैं। इसके बाद नाहन दूसरे नंबर पर आता है। कुछ मरीजों का इलाज टीबी वार्ड नाहन में चल रहा है। ज्यादातर मरीज चिकित्सीय परामर्श के अनुसार घरों में उपचार कर रहे हैं।
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खास यह है कि टीबी के संभावित मरीजों का डायग्नोसिस मात्र दो घंटे में होगा। अभी तक टीबी रोगियों के टेस्ट मैनुअल प्रोसेस से होते थे। नाहन में इसकी सुविधा नहीं है। यहां से सैंपल टेस्ट के लिए शिमला व धर्मपुर भेजे जाते हैं। टेस्ट की रिपोर्ट आने में सात दिन से तीन महीने तक का समय लगता है जिस वजह से समय पर इलाज शुरू नहीं हो पाता। इससे कई बार मरीज की मौत तक हो जाती है।
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जीन एक्सपर्ट मशीन में सीबीनाट तकनीक है। इस मशीन में एक साथ 4 रोगियों के टेस्ट किए जा सकते हैं। इसकी रिपोर्ट का समय एक घंटा 52 सेकेंड है। इस निर्धारित समय के बाद रोगी को रिपोर्ट मिल जाएगी। सीबीनाट तकनीक से बफर साल्युशन को बलगम के साथ मिलाया जाता है। शेक करने के बाद 2 एमएल लिक्विड काट्रिरज में डालने के बाद उसे मशीन के भीतर रखा जाता है। रिपोर्ट के लिए यह मशीन मात्र दो घंटे के समय लेगी।
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एक सप्ताह बाद टेस्ट होंगे शुरू
जिला स्वास्थ्य अधिकारी एवं टीबी आफिसर डॉ. निसार अहमद ने बताया कि अस्पताल में मशीन पहुंच गई है। टेस्ट रिपोर्ट के बाद रिफंपसिन दवाई से रोगी के सेेंसेटिव होने या नहीं होने का पता लग जाता है। इंजीनियर मशीन को स्थापित करने में लगे हैं। एक सप्ताह बाद अस्पताल में टेस्ट होने शुरू हो जाएंगे।
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सिरमौर में1149 टीबी मरीज
सिरमौर जिला में साल 2015 की रिपोर्ट के मुताबिक 1149 टीबी के मरीज हैं। पांवटा साहिब में सबसे ज्यादा टीबी के मरीज हैं। इसके बाद नाहन दूसरे नंबर पर आता है। कुछ मरीजों का इलाज टीबी वार्ड नाहन में चल रहा है। ज्यादातर मरीज चिकित्सीय परामर्श के अनुसार घरों में उपचार कर रहे हैं।